पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App
  • Hindi News
  • Bihar election
  • Nitish Kumar: Bihar Election Results 2020: Tejashwi Yadav Chirag Paswan | What This Means For BJP BJP RJD JDU LJP And Other Party

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

भास्कर एनालिसिस:क्यों जीतकर भी भाजपा-जदयू की जीत बड़ी नहीं है? महागठबंधन को क्या मिला? बिहार के नतीजों पर 10 सवाल-जवाब

पटना3 महीने पहले

बिहार के नतीजे क्या कहते हैं? एनडीए और महागठबंधन ने इन चुनावों से क्या पाया और क्या खोया? इस जीत-हार के बाद राज्य की सियासत किस तरफ जाएगी? चुनावी नतीजों को 10 सवालों से यहां समझिए...

1. बिहार के नतीजे आखिरकार बता क्या रहे हैं?
नतीजे बता रहे हैं कि लोगों की नाराजगी नीतीश से थी, भाजपा से नहीं। विपक्ष ही इसे भुना नहीं पाया। इसका नतीजा ये हुआ कि प्रधानमंत्री मोदी और सीएम नीतीश कुमार की छवि ने एंटी-इन्कंबेंसी फैक्टर का असर कम कर दिया।

2. तो क्या नतीजे भाजपा-जदयू की बड़ी कामयाबी है?
नहीं। क्योंकि महागठबंधन ने कड़ी टक्कर दी। राजनीति में महज 5 साल के तेजस्वी ने नतीजों को अंत तक उलझाए रखा। इस टक्कर का कारण ये भी रहा कि तेजस्वी ने रोजगार का मुद्दा उठाया। भाजपा 15 साल पुराने जंगलराज को मुद्दा बनाती रही, जिससे आज का 20 का युवा वोटर कनेक्ट नहीं हो सका और तेजस्वी से जुड़ गया।

3. तेजस्वी से युवा वर्ग जुड़ा, तो महागठबंधन की सरकार क्यों नहीं बनी?
सबसे कमजोर कड़ी बनी कांग्रेस। वो 70 सीटों पर लड़ी, लेकिन जीती सिर्फ 19। असदुद्दीन की पार्टी ने भी सीमांचल की 11 सीटों पर महागठबंधन को नुकसान पहुंचाया।

4. तो इस चुनाव से तेजस्वी को क्या हासिल हुआ?
तेजस्वी को सबसे बड़ी चीज जो मिली है, वो है छवि। तेजस्वी की छवि अब न सिर्फ युवा नेता की रही, बल्कि एक परिपक्व नेता की भी बन गई है। अकेले तेजस्वी के चेहरे के दम पर 109 सीटें मिलना बड़ी कामयाबी है।

5. अच्छा तो अब आगे क्या होगा?
त्रिशंकु विधानसभा की स्थिति तो बनी नहीं है। NDA को साफ बहुमत मिला है। हालांकि, नई सरकार का गठन दिवाली के बाद होने की ही संभावना है। ऐसा इसलिए भी क्योंकि सरकार के पास 29 नवंबर तक का समय है।

6. जदयू को ज्यादा सीटें तो मिली नहीं, क्या नीतीश सीएम बनेंगे?
जदयू से ज्यादा सीटें मिलने के बाद भाजपा में भले ही अपने सीएम की मांग उठने लगी हो, लेकिन मुख्यमंत्री तो नीतीश कुमार ही बनेंगे। नीतीश तभी सीएम नहीं बनेंगे, जब वो खुद अपनी मर्जी से पद छोड़ दें।

7. नीतीश सीएम बन भी गए, तो क्या पहले जितनी ताकत होगी?
नहीं। इसके दो कारण हैं। पहला, नीतीश की पार्टी को पहली बार भाजपा से भी कम सीटें मिली हैं। दूसरा, नीतीश के 5 मंत्री हार गए हैं। अब नीतीश भले ही सीएम बन भी जाएं, तो भी सरकार में भाजपा का कंट्रोल ज्यादा होगा।

8. क्या नीतीश के पास इसके अलावा और कोई भी रास्ता है?
तीन रास्ते हैं। पहला, भाजपा से कम सीटें जीतने पर भाजपा के सामने सीएम पद का प्रस्ताव रख सकते हैं। दूसरा, पहले से तय बातों को ध्यान में रखते हुए अपने पद पर कायम रहें। लेकिन, कुछ समय बाद भाजपा के लिए सीट छोड़ सकते हैं। तीसरा, केंद्र में संवैधानिक पद मिलने तक एनडीए के संयोजक की भूमिका में भी जा सकते हैं।

9. नीतीश के बाद कौन- जदयू में और अब भाजपा में सबसे आगे कौन?
जदयू में नीतीश के बाद फिलहाल कोई नहीं है। भाजपा में नित्यानंद राय सीएम के लिए इकलौता नाम चल रहा नाम हैं। केंद्रीय गृह राज्यमंत्री हैं। यह नाम तभी खुलेगा जब नीतीश कम सीटों के कारण सीएम बनने से इनकार कर दें।

10. महागठबंधन की आगे की नीति क्या होगी?
पहला, विपक्ष की भूमिका के लिए तैयार रहे। दूसरा, चुनाव परिणाम और EVM को लेकर हंगामा करते हुए AIMIM के साथ NDA के छोटे घटक दलों को भी साथ लाने की कोशिश करे।

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- आज आप में काम करने की इच्छा शक्ति कम होगी, परंतु फिर भी जरूरी कामकाज आप समय पर पूरे कर लेंगे। किसी मांगलिक कार्य संबंधी व्यवस्था में आप व्यस्त रह सकते हैं। आपकी छवि में निखार आएगा। आप अपने अच...

और पढ़ें

Open Dainik Bhaskar in...
  • Dainik Bhaskar App
  • BrowserBrowser