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कृषि यंत्रों पर 60 लाख का दिया गया अनुदान

एक वर्ष पहले
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शुक्रवार को संयुक्त कृषि भवन परिसर में दो दिवसीय कृषि यांत्रिकरण मेला सह उपादान वितरण शिविर आयोजित की गई। जिसका उद्धाटन डीएम सौरभ जोरवाल, जिला कृषि पदाधिकारी डॉ. राजेश प्रताप सिंह, सदर बीडीओ प्रभाकर सिंह, सहायक निदेशक भूमि संरक्षण वीर कुंवर सिंह ने संयुक्त रूप से किया। कार्यक्रम का संचालन सहायक निदेशक उद्यान ज्ञानचंद शर्मा ने किया। कृषि यांत्रिकरण मेला में 60 लाख का अनुदान किसानों को दिया गया।

मेला में किसानों ने पैडी थ्रेसर, व्ह्ीट थ्रेसर, चाप कटर, हार्वेस्टर की खरीदारी की। जिसके बाद अनुदान दिया गया। जिला कृषि पदाधिकारी डॉ. राजेश प्रताप सिंह ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2019-20 के तहत यह तीसरा कृषि यांत्रिककरण मेला है। उन्होंने अधिक से अधिक किसानों से मेला का लाभ उठाने की बात कही। उन्होंने बताया कि इस वित्तीय वर्ष में 3 करोड़ 83 लाख रुपए कृषि विभाग काे यंत्रों पर अनुदान के लिए प्राप्त हुआ था। जिसे यंत्रों पर अनुदान दिया जा रहा। इस मौके पर अनुमंडल कृषि पदाधिकारी अनिल
चौधरी, सुमित कुमार सहित अन्य मौजूद रहे।

प्रगतिशील हैं। उन्होंने कहा कि बिहार कृषि प्रधान राज्य है। यहां के ज्यादा लोगों का अर्थव्यवस्था कृषि पर निर्भर करता है। इसलिए सरकार किसानों के फायदा के लिए कृषि यंत्रों पर अनुदान दे रही है। ताकि किसान कृषि यंत्रों की खरीदारी कम समय व कम लागत से ज्यादा मुनाफा कमा सकें। जितना किसान सुखी व संपन्न होंगे, उतना ही अपना जिला व बिहार सुखी संपन्न होगा। इसके साथ-साथ डीएम ने किसानों से दूसरे किसानों को जागरूक करने की भी बात कही। कहा कि दूसरे किसानों को कृषि यंत्रों से होने वाले लाभ के बारे में बताएं। ताकि ज्यादा से ज्यादा किसान कृषि यंत्रों का लाभ ले सकें।

प्रगतिशील व मेहनती हैं जिले के
किसान : जिलाधिकारी

कृषि यांत्रिकरण मेला सह उपादान वितरण शिविर को संबोधित करते हुए डीएम सौरभ जोरवाल ने कहा कि जिले के किसान मेहनती के साथ-साथ प्रगतिशील हैं। उन्होंने कहा कि बिहार कृषि प्रधान राज्य है। यहां के ज्यादा लोगों का अर्थव्यवस्था कृषि पर निर्भर करता है। इसलिए सरकार किसानों के फायदा के लिए कृषि यंत्रों पर अनुदान दे रही है। ताकि किसान कृषि यंत्रों की खरीदारी कम समय व कम लागत से ज्यादा मुनाफा कमा सकें। जितना किसान सुखी व संपन्न होंगे, उतना ही अपना जिला व बिहार सुखी संपन्न होगा। इसके साथ-साथ डीएम ने किसानों से दूसरे किसानों को जागरूक करने की भी बात कही। कहा कि दूसरे किसानों को कृषि यंत्रों से होने वाले लाभ के बारे में बताएं। ताकि ज्यादा से ज्यादा किसान कृषि यंत्रों का लाभ ले सकें।

कृषि यांत्रिकरण मेला सह उपादान शिविर में लगा स्टॉल।
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