राजगद्दी की तैयारी को ले सजी अवधपुरी,वैदिक मंत्रोच्चार के साथ हुआ श्रीराम का राज्याभिषेक

Buxar News - क्राइम रिपोर्टर|बक्सर किला मैदान में अायाेजित होने वाले 21 दिवसीय विजयादशमी महोत्सव कई मायनों में ऐतिहासिक है।...

Bhaskar News Network

Oct 13, 2019, 07:01 AM IST
Buxar News - the coronation of shri ram with the vedic hymns adorned with the preparation of the throne
क्राइम रिपोर्टर|बक्सर

किला मैदान में अायाेजित होने वाले 21 दिवसीय विजयादशमी महोत्सव कई मायनों में ऐतिहासिक है। वर्षों पुरानी परंपराओं को समेटे यह रामलीला शहर के लोगों के आकर्षण का केंद्र है। रामलीला मंच पर आयोजित रामलीला में शुक्रवार की देररात भगवान श्रीराम का राज्याभिषेक किया गया। कथा का सफल मंचन श्रीगोविंद गोपाल संस्थान के स्वामी कन्हैयालाल दत्तात्रेय व विष्णु दत्तात्रेय के निर्देशन में कलाकारों ने किया। जिसमें दिखाया गया कि अयोध्या लौटने पर श्रीराम अपने भाईयों के साथ मिलने के बाद नगरवासियों से मिलने के बाद महल में प्रवेश करते हैं। महल में पांव रखते ही वह कैकेयी माता के कक्ष की ओर जाते हैं। जहां माता उन्हें देखते हीं भावुकता हो जाती हैं और रोने लगती हैं। इस दृश्य का मंचन देख दर्शक भी आह्लादित हो गये। वहां से लौटते ही अपने महल में जाकर माता सुमित्रा व कौशल्या से मिलते हैं। उसके बाद गुरु वशिष्ठ से मिलकर वनवास के दौरान बने अपने मित्रों से परिचय कराते हैं। इधर मुन वशिष्ठ सुमंत जी को बुलाते हैं और श्रीराम का राज्याभिषेक की तैयारी करने का आदेश देते हैं। राज्याभिषेक की तैयारी को लेकर पूरे अवधपुरी को सजाया गया। तैयारी पूरी होने के बाद दरबार सजाया जाता है और सभी दरबारी पुरोहित व जनता मौजूद रहते हैं।

सदर एसडीओ ने लगाया श्रीराम को राजतिलक

श्रीराम के राज्याभिषेक की घोषणा की। यह सुनते ही पूरी अयोध्या के लोग खुशी से झूम गए। इस मौके पर पूरे अयोध्या नगरी को दुल्हन की तरह सजाया गया। र| जड़ित सिंघासन पर भगवान श्रीराम व सीता को बैठाया गया। दोनों तरफ भरत और शत्रुहन श्रीराम के पैरों के पास हनुमान को बैठाया गया। ईश्वर को साक्षी मानकर वैदिक मंत्रोच्चार के साथ गुरु वशिष्ठ के रूप में सदर एसडीओ कृष्ण कुमार उपाध्याय ने श्रीराम को राजतिलक लगाया। राज्याभिषेक होते ही पूरा दरबार श्रीराम के जय जयकार से गूंज उठता है। उसके बाद तीनों माताएं श्रीराम की आरती उतारती हैं। देवताओं ने पुष्प वर्षा की। इस दौरान रामलीला समिति के कार्यकारी अध्यक्ष रामावतार पांडेय, संयुक्त सचिव हरिशंकर गुप्ता, कृष्णा वर्मा, कमलेश्वर तिवारी, टुनटुन वर्मा, सुरेश संगम, दिनेश जायसवाल, रमेश वर्मा, विनय केसरी, साकेत श्रीवास्तव व अन्य लोग मौजूद थे।

बक्सर | रासलीला में ब्रज की लठमार होली देख पुलकित हुए बक्सरवासी

रासलीला के अंतिम पड़ाव पर शुक्रवार को श्रीगोविंद गोपाल संस्थान के कलाकारों ने लठमार होली प्रस्तुत की। जिसमें स्वामी कन्हैयालाल दत्तात्रेय ने इसकी महत्ता से लोगों को अवगत कराया। उन्होंने कहा कि ब्रज के बरसाना गांव में होली एक अलग तरह से खेली जाती है, जिसे लठमार होली कहते हैं। ब्रज में वैसे भी होली खास मस्ती भरी होती है क्योंकि इसे कृष्ण और राधा के प्रेम से जोड़ कर देखा जाता है। इसमें मुख्यत: नंदगांव के पुरूष व बरसाने की महिलाएं हिस्सा लेती हैं। जिसका मुख्य कारण यह है कि कृष्ण नंदगांव के थे और राधा बरसाने की थीं। नंदगांव की टोलियां जब पिचकारियां लिए बरसाना पहुंचती हैं तो उनपर बरसाने की महिलाएं खूब लाठियां बरसाती हैं। पुरुषों को इन लाठियों से बचना होता है और साथ ही महिलाओं को रंगों से भिगोना होता है। नंदगांव और बरसाने के लोगों का विश्वास है कि होली का लाठियों से किसी को चोट नहीं लगती है। उसके बाद कालाकरों ने लठमार होली शुरू की। इस दौरान कथा व्यास की मधुर गीतों ने लोगों के मंत्र मुग्ध कर दिया। कालाकरों में विष्णु दत्रात्रेय, जितेंद्र तिवारी, कृष्णा, नारायण शर्मा, मोहित वर्मा, अमन, उमेश, मनोज, अनय, हरेराम पांडेय व अन्य मौजूद थे।

रामलीला देख भावविभोर हुए बक्सरवासी

लठमार होली खेलती ब्रजवासी।

श्रीराम के राजगद्दी के बाद सभा में गुरु विशिष्ठ के साथ चारों भाई।

बक्सर| भरत मिलाप के अवसर पर गुरुवार की रात शहर के विभिन्न पूजा समितियों व मोहल्लों के द्वारा लाग व झांकी निकाली गई। जिसके विजेताओं को शनिवार को रामलीला मंच पर पुरस्कृत किया गया। लाग में प्रथम पुरस्कार उत्तरी चौमुहानी ठठेरी बाजार के लाग को मिला। जिसमें दिखाया गया था कि किस प्रकार एक भक्त मां के कलश को विसर्जित करने के लिए ले जाता है। वहीं, झांकी में प्रथम पुरस्कार माता सीता की अग्नि परीक्षा विषय के लिए मल्लाह टोली स्थित वीर एकलव्य दुर्गा पूजा समिति को दिया गया। झांकी का द्वितीय पुरस्कार खलासी मोहल्ला दुर्गा पूजा समिति द्वारा निकाली गई शिव बारात को दिया गया। वहीं, तृतीय पुरस्कार तुरहा टोली बड़ी बाजार के द्वारा श्री कृष्ण व सुदामा दृश्य को दिया गया। वहीं अन्य सभी पूजा समितियों को सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए सांत्वना पुरस्कार प्रदान किया गया।

वीर एकलव्य दुर्गा पूजा समिति को प्रथम पुरस्कार

Buxar News - the coronation of shri ram with the vedic hymns adorned with the preparation of the throne
Buxar News - the coronation of shri ram with the vedic hymns adorned with the preparation of the throne
X
Buxar News - the coronation of shri ram with the vedic hymns adorned with the preparation of the throne
Buxar News - the coronation of shri ram with the vedic hymns adorned with the preparation of the throne
Buxar News - the coronation of shri ram with the vedic hymns adorned with the preparation of the throne
COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना