निरीक्षण में डीएम ने पाई अनियमतताएं, सीओ बीडीओ और कर्मियों के वेतन पर लगाई रोक
डीएम अभिषेक सिंह ने गुरुवार को बेलागंज प्रखंड सह अंचल कार्यालय का औचक निरीक्षण किया । प्रखंड कार्यालय पहुंचते ही डीएम ने बीडीओ बेलागंज से बायोमेट्रिक उपस्थिति पंजी की मांग की। जिसमें अधिकांश कर्मियों की उपस्थिति दर्ज नहीं मिली। डीएम ने बीडीओ को निदेशित किया कि जो लोग बिना सूचना के अनुपस्थिति हैं उनसे स्पष्टीकरण की मांग करते हुए एक दिन का वेतन कटौती की जाए। उन्होंने प्रखंड कार्यालय की रोकड़ पंजी की जांच में पाया कि नाजीर द्वारा 31 दिसंबर, 2019 के बाद से पंजी में कुछ अंकित नहीं किया गया था।
कन्या विवाह/पेंशन मद में राशि खर्च नहीं किए जाने व किसी भी सवाल का स्पष्ट उत्तर नहीं देने पर नाजीर को फटकार लगाई और इसका वेतन अवरूद्ध करने का निर्देश दिया। साथ ही सभी पंजी को अपडेट करवाने के निदेश दिए गए। जिला पंचायती राज पदाधिकारी सुनील कुमार को जिला से कुछ उच्च वर्गीय लिपिक को बेलागंज प्रखंड में बुलाकर सभी पंजियों की गहन जांच करवा कर रिपोर्ट उपलब्ध कराने को निदेशित किए।
उल्लेखनीय है कि पूर्व में भी बीडीओ-सीओ को निर्देश दिया था कि वे अपना आवास प्रखंड मुख्यालय में ही रखेंगे लेकिन अभी तक दोनों पदाधिकारी ने प्रखंड मुख्यालय में आवास नहीं लिया गया है। इसके लिए बीडीओ व सीओ का भी वेतन स्थगित करने का निर्देश दिया गया।
प्रखंड के सीडीपीओ का भी वेतन रोका गया
ज़िलाधिकारी आदर्श आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण किया। जहां सेविका अनुपस्थित पायी गयी, एक रसोइया द्वारा केंद्र चलाया जा रहा था। जिलाधिकारी ने बाल विकास परियोजना पदाधिकारी को सेविका का एक दिन का वेतन अवरुद्ध करने का आदेश दिया। आंगनबाड़ी केंद्र में बच्चों के टीकाकरण पंजी की जांच की गयी। बच्चों को खिलाये जा रहे भोजन (खिचड़ी) की गुणवत्ता की जांच की गयी। डीएम ने बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, बेलागंज को सभी पंजी अद्यतन रखने के निदेश दिए।
अंचल कार्यालय के निरीक्षण के क्रम में भूमि म्यूटेशन पंजी की जांच में मिली अनियमितता
अंचल कार्यालय के निरीक्षण के क्रम में भूमि म्यूटेशन पंजी की जांच करने के क्रम में, जिलाधिकारी को पंजी में अनियमितता मिलने पर उपस्थिति कर्मी को फटकार लगाई गयी। इसकी जांच करवाने हेतु जिला पंचायती राज पदाधिकारी को पंजी के सभी पृष्ठ की छायाप्रति करवाने का निदेश दिया। कार्यालय निरीक्षण के क्रम में साफ- सफाई की जांच की गई, निरीक्षण में शौचालय खराब पाया गया, शौचालय को जल्द से जल्द ठीक करवा कर चलंत करने का निदेश दिया। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि कार्यालय परिसर में पंचायत सचिव का कार्यालय है, जिसकी चाबी पंचायत सचिव के पास ही रहती है। जिलाधिकारी ने बीडीओ को निदेश दिया कि सभी भवनों की चाबी प्रखंड कार्यालय में ही रहनी चाहिए। रौना पंचायत का निरीक्षण किया। निरीक्षण में पाया कि जितने भी चापाकल हैं उसके पास सोख्ता का निर्माण नही किया गया है। जिलाधिकारी ने सीओ को सोख्ता निर्माण करवाने को कहा। निरीक्षण के दौरान रौना पंचायत में साफ सफाई की कमी पायी गयी।
कैंप लगाकर लोगों की समस्याओं का निदान करने का निर्देश
राेकड़ पंजी की जांच करते डीएम।
प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत लगभग 150 लोगों के पास घर नहीं हैं। जिलाधिकारी ने अंचलाधिकारी, बेलागंज को संबंधित परिवार के लिए भूमि चिन्हित कर सोमवार को जिलाधिकारी के पास प्रस्ताव भेजवाना सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। निरीक्षण के दौरान ग्रामीणों ने शिकायत की गयी कि राशन कार्ड से राशन नहीं मिल रहा है। जिलाधिकारी ने बीडीओ को टीम बनाकर 14 मार्च को कैम्प लगाकर उनकी समस्याओं के निदान के लिए आवेदन लेकर उसपर कार्रवाई करने को कहा। निरीक्षण के दौरान बताया गया कि गया कि रौना पंचायत में एक कुँआ है, जो सूखा पड़ा है, जिससे मनरेगा द्वारा जल-जीवन-हरियाली योजना के तहत जीर्णोद्धार किया जाएगा।
कार्य में लापरवाही पर डीएम ने नाजीर को लगाई फटकार, दिए कई निर्देश
योजनाओं की जांच करते डीएम व मौजूद अन्य अधिकारी।