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फूलों और गुलाल की वर्षा के बीच आरंभिक के बच्चों ने मनाई होली

Dainik Bhaskar

Mar 17, 2019, 03:20 AM IST

Gaya News - शहर के सर्किट हाउस के निकट स्थित मदर प्राइड की यूनिट आरंभिक प्ले हाउस में शनिवार को रंगों का त्योहार होली उल्लास...

Gaya News - early children holi celebrated between the flowers and the gulal rain
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शहर के सर्किट हाउस के निकट स्थित मदर प्राइड की यूनिट आरंभिक प्ले हाउस में शनिवार को रंगों का त्योहार होली उल्लास और मस्ती के साथ मनाया गया। स्कूल कैंपस में छोटे-छोटे बच्चों ने एक-दूसरे को अबीर-गुलाल लगाया और फूलों की होली के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इस दौरान विभिन्न गतिविधियों के कारण बच्चे काफी खुश नजर आए।

मौके पर उपस्थित स्कूल के निदेशक विनीत कुमार, सचिव रजनीश कुमार व प्राचार्या प्रियंका अस्थाना ने बच्चों से केमिकलयुक्त रंगों से दूर रहने की अपील की और उन्हें होली की महत्ता बताई। निदेशक श्री कुमार ने कहा कि प्यार भरा रंगों से सजा यह त्योहार हमें धर्म, संप्रदाय और जाति के सारे बंधन तोड़ कर भाईचारे का संदेश देता है। पुराने गिल-शिकवे भूल कर एक-दूसरे गले लगा कर रंग-गुलाल लगाते हैं। उन्होंने बताया कि इस त्योहार के पीछे एक प्रचलित मान्यता भी है। बताया जाता है कि भगवान विष्णु के भक्त प्रह्लाद के पिता हिरण्यकश्यप खुद को भगवान मानते थे। वह भगवान विष्णु के घोर विरोधी थे, जबकि प्रह्लाद भक्त भगवान विष्णु के अनन्य भक्त थे।

हिरण्यकश्यप ने प्रह्लाद को विष्णु की भक्ति करने से रोका, पर वह नहीं माने, तो उन्होंने प्रह्लाद को मारने का प्लान बनाया। इसके लिए हिरण्यकश्यप ने अपनी बहन होलिका से मदद मांगी। ऐसा माना जाता था होलिका को आग में नहीं जलने का वरदान हासिल था। होलिका ने अपने भाई का मदद का प्रस्ताव स्वीकार कर लिया। इसके बाद होलिका ने प्रह्लाद को लेकर चिता में जा बैठी। लेकिन, विष्णु की कृपा से प्रह्लाद सुरक्षित बच गए और होलिका जल कर भस्म हो गई। इससे यह साबित होता है कि बुराई पर अच्छाई की जीत होती है। आज भी होली के एक दिन पहले होलिका को जलाते हैं।

मौके पर विद्यालय के शिक्षक निकहत खान, अंकिता अग्रवाल, शिप्रा सिम्मी, जेबा, सलोनी कुमारी, प्रियंका सिंह, अर्चना कुमारी, गोलू कुमार सहित अन्य उपस्थित थे।

होली की मस्ती में शामिल बच्चे।

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