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जिला उपभोक्ता संरक्षण न्यायालय से लोगों को नहीं मिल पा रहा न्याय
15 मार्च को विश्व उपभोक्ता दिवस मनाया जाता है। इस दिन उपभोक्ताओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरुक करने के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। इसका उद्देश्य उपभोक्ताओं को जालसाजी या धोखाधड़ी से बचाना है। लखीसराय जिले में जिला उपभोक्ता संरक्षण फोरम में अध्यक्ष एवं सदस्य का पद रिक्त रहने के कारण जिले के उपभोक्ताओं को परेशानी हो रही है। इस कार्यालय में मात्र दो कर्मी ही कार्य कर रहे हैं। इसमें एक संविदा पर रिटायर्ड बेंच क्लर्क तो दूसरा कंप्यूटर ऑपरेटर हैं। इस फोरम में दिसम्बर माह से ही कोरम के अभाव पर कार्य का संपादन नहीं हो पा रहा है।
इस फोरम में काम करने वाले कर्मियों के साथ ही फोरम के सदस्यों को भी दिसम्बर माह से वेतन का भुगतान लंबित पड़ा हुआ है। जानकारी के अनुसार जिला उपभोक्ता संरक्षण फोरम में अध्यक्ष के अलावा एक पुरूष और एक महिला सदस्य होते हैं। पुरूष सदस्य का कार्यकाल 2019 में समाप्त हो गया। इसके बाद 14 दिसम्बर 2019 को फोरम के अध्यक्ष का भी कार्यकाल पूर्ण हो गया। अंतिम बचे महिला सदस्य का भी कार्यकाल 21 फरवरी को पूरा हो गया। इस कार्यालय में कार्य करने वाली एकमात्र बेंच क्लर्क भी 31 जनवरी 2020 को सेवानिवृत हो गई। सेवानिवृति के बाद सरकार के स्तर से दो साल का सेवा विस्तार दिया है,लेकिन फोरम में अध्यक्ष और सदस्यों के नहीं रहने के कारण मामलों का निष्पादन प्रभावित होने के साथ ही नए मामले दर्ज नहीं हो पा रहे हैं। उपभोक्ताओं को अपने अधिकार की लड़ाई के लिए उचित प्लेटफार्म नहीं मिल पा रहा है।
14 मार्च 2020 तक मात्र चार मामले हुए हैं दर्ज
लखीसराय जिला उपभोक्ता संरक्षण फोरम में अबतक दर्ज कुल मामलों में 42 केस पेंडिंग पड़ा हुआ है। वर्ष 2020 में 14 मार्च तक मात्र चार मामले फोरम में दर्ज हुए हैं। बेंच के अभाव में कर्मियों के द्वारा मामलों की सुनवाई के लिए एक से दो माह के अंतराल का डेट दिया जा रहा है। इस फोरम ने अंतिम फैसला 12 दिसम्बर 2019 को दिया था। इस फैसला में एक मोबाइल उपभोक्ता शिकायत से संबंधित केस को सुनवाई के बाद खारिज कर दिया था। बेंच के अभाव में इस वर्ष एक भी फैसला नहीं आया है।
कर्मियों की नहीं हुई है बहाली
जिला उपभोक्ता संरक्षण फोरम की स्थापना वर्ष 1996 में हुआ था। इस फोरम के लिए राज्य सरकार के स्तर से 10 पद स्वीकृत हैं। इस पद पर स्थापना काल से ही कर्मियों की बहाली नहीं हुई है। सरकार के स्तर से स्वीकृत पद में प्रधान सहायक का एक, स्टेनों का दो, बेंच क्लर्क का एक, निम्नवर्गीय लिपिक का दो, कार्यालय परिचारी का तीन एवं झाड़ूकश सह एक चौकीदार का एक पद सृजित हैं। इन पदाें के विरूद्ध एक मात्र बेंच क्लर्क ही कार्यरत थे। वे भी जनवरी 2020 में सेवानिवृत होने के बाद सेवा विस्तार के रूप में काम कर रहे हैं। इस कार्यालय में पूर्व में दो कार्यालय परिचारी सेवानिवृत होने के बाद फिलहाल अनुमंडल कार्यालय के कार्यालय के एक परिचारी चंद्रभूषण पासवान प्रतिनियुक्ति पर काम कर रहें हैं।
उपभोक्ता संरक्षण फोरम भवन।
विश्व उपभोक्ता दिवस आज : चार माह से न जज न क्लर्क न ही कोई कर्मी
डाटा तैयार करते आपरेटर।
उपभोक्ता संरक्षण फोरम भवन।