कोरोना वायरस से बचाव के लिए स्वच्छता जरूरी
एसएनएस विद्यापीठ परिसर में कोरोना वायरस से बचाव के लिए शनिवार को कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें श्रीनारायण शर्मा टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज, एसएनएस काॅलेज ऑफ फार्मेसी व एसएनएस इंस्टीट्यूट ऑफ नर्सिंग साइंस के प्राध्यापक, प्रशिक्षु व विद्यार्थी शामिल हुए। इसमें प्रशिक्षुओं व विद्यार्थियों को कोरोना वायरस से बचाव के उपाय बताए गए। निदेशक सुमन कुमार द्विवेदी ने बताया कि इंसान के शरीर में पहुंचने के बाद कोरोना वायरस उसके फेफड़ों में संक्रमण करता है। इस कारण सबसे पहले बुखार, उसके बाद सूखी खांसी होती है। बाद में सांस लेने में समस्या हो सकती है। वायरस के संक्रमण का लक्षण दिखना शुरू होने में औसतन पांच दिन लगता है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के अनुसार वायरस के शरीर में पहुंचने और लक्षण दिखने के बीच 14 दिनों का समय लगता है। कोरोना वायरस उन लोगों के शरीर से अधिक फैलता है, जिनमें इसके संक्रमण के लक्षण दिखाई देते हैं। श्रीनारायण शर्मा टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज के प्राचार्य डाॅ. विजय कुमार गुप्ता व एसएनएस काॅलेज ऑफ फार्मेसी के प्राचार्य डाॅ. मो. कमरुल हसन ने बताया कि कोरोना वायरस से बचाव के लिए व्यक्तिगत स्वच्छता का पूरा ध्यान देना चाहिए। हाथ को साबुन से अनेक बार धोएं, हैंड सेनिटाइजर का प्रयोग करें।