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हवन की आहुति से शुद्ध हाेता है पर्यावरण, यज्ञ को दिनचर्या में शामिल करना चाहिए : पंडित कमलापति

एक वर्ष पहले
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देशव्यापी महामारी का रूप ले चुके कोरोना वायरस से देश और विश्व की जनता को बचाने के लिए शुक्रवार को मुरली मनोहर माधव मंदिर में आध्यात्मिक गुरु पंडित कमलापति त्रिपाठी प्रमोद के नेतृत्व में विभिन्न स्थानों से आए धर्म गुरुओं ने धार्मिक अनुष्ठान सह अभिषेक कार्यक्रम किया।

इसमें धार्मिक मंत्रोच्चार से सम्पूर्ण विश्व के हित के लिए इस महामारी को दूर करने के लिए भगवान की आराधना की गई। साथ ही यह संदेश दिया गया की सभी अपने अपने घरों में धार्मिक अनुष्ठान एवं हवन करें तो आस-पड़ोस की वायु में रोग प्रतिरोधी क्षमता उत्पन्न होगी और व्याधि संक्रमण का खतरा नहीं होगा। इस अवसर पर उपस्थित भक्तगणों को संबोधित करते हुए आध्यात्मिक गुरु प्रमोद ने कहा कि यज्ञ की आहुति से पर्यावरण परिष्कृत होता है, लोगों में रोग प्रतिरोधी क्षमता बढ़ती है क्योंकि हवन की आहुति प्राकृतिक एंटी बायोटिक है। सभी इसे अपनी दिनचर्या बनाए और प्रतिदिन पूजा-अर्चना एवं हवन-आरती करें। धार्मिक मंत्रों के उच्चारण से भी अंतःकरण परिष्कृत होते हैं और शरीर में अतिरिक्त शक्ति का संचरण होता है।

भक्तों को संबोधित करते हुए स्वामी राघव दास जी महाराज उर्फ त्यागी बाबा ने कहा कि विश्व हितार्थ एवं समाज के कल्याण के लिए यज्ञ आवश्यक है। यह यज्ञ उसी की एक कड़ी है। कार्यक्रम में मुख्य रूप से एसडीओ धीरेंद्र कुमार मिश्रा, एसडीपीओ ज्योति प्रकाश, वरिष्ठ कांग्रेस नेता शशिभूषण राय उर्फ गप्पू राय, अरुण प्रकाश पाण्डेय, उपेंद्र तिवारी, मदन मोहन शास्त्री, सत्यप्रकाश आर्य सहित सैकड़ों भक्तगण उपस्थित थे।

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