दाे भाइयों की गिरफ्तारी के बाद हार्ट अटैक से हुई मां की माैत शव पहुंचते होने लगी रोड़ेबाजी, दाेनों काे पुलिस ने किया मुक्त

Muzaffarpur News - क्राइम रिपाेर्टर |मुजफ्फरपुर,कांटी दामोदरपुर बवाल में प्रशासन ने सख्ती दिखाते हुए बीती रात दाेनाें पक्षाें के...

Aug 15, 2019, 01:50 PM IST
क्राइम रिपाेर्टर |मुजफ्फरपुर,कांटी

दामोदरपुर बवाल में प्रशासन ने सख्ती दिखाते हुए बीती रात दाेनाें पक्षाें के घर पर धावा बाेल कर 23 लाेगाें काे पकड़ लिया। एक-एक घर से तीन-तीन सगे भाइयाें काे पुलिस ने उठाया। दाे सगे भाइयाें की गिरफ्तारी के कुछ ही घंटे बाद 70 वर्षीया मां काे हार्ट अटैक अाया। इलाज के दाैरान बुधवार की दाेपहर में महिला की माैत हो गई। जिसके बाद दामाेदरपुर का माहाैल भड़क गया। अस्पताल से शव पहुंचते ही इलाके के लाेग उग्र हाे गए। पुलिस पर राेड़ेबाजी शुरू करने लगे। तब तक डीएसपी पश्चिमी अतिरिक्त फाेर्स के साथ माैके पर पहुंच गए। कुछ समय में स्थिति पर प्रशासन ने काबू पा लिया। हिरासत में लिए गए 23 में 21 लाेगाें काे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। इलाके में अब भी रैफ की तैनाती है। धारा 144 लागू है।

प्रशासन दामाेदरपुर बवाल के बाद एक्शन मूड में है। बीती रात डेढ़ दर्जन वाहनाें के काफिले के साथ पुलिस टीम ने दामाेदरपुर से लेकर शुभंकरपुर तक धावा बाेला। एक पक्ष से 6 व दूसरे पक्ष से 17 लाेगाें काे पकड़ा है। दामाेदरपुर चाैक स्थित लालबाबू व फूलबाबू दाे सगे भाइयाें काे भी पुलिस ने पकड़ा। फूलबाबू व लालबाबू के भाई माे. शमशाद का अाराेप है कि पुलिस दरवाजा ताेड़ कर घर में घुसी। निर्दाेष हाेने के बावजूद मेरे सगे भाइयाें काे कब्जे में लिया। 70 वर्षीया अम्मा शाबरा खातून चिल्लाती रही। लेकिन, पुलिस ने धक्का-मुक्की कर दी। कुछ ही देर बाद मां काे हार्ट अटैक अाया। रात में ही इलाज के लिए अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां बुधवार की दाेपहर में अम्मा ने दम ताेड़ दिया। शमशाद के पड़ाेसी चार भाइयों काे भी पुलिस ने बीती रात उठाया। जिसमें कलीम, काजिम, तालिम व मसूद शामिल है। चाराें सगे भाई की अम्मा जिन्नत खातून का अाराेप है कि दरवाजा ताेड़ कर उसके चाराें लड़के काे पुलिस उठा ले गई।

इलाके में 16 तक बढ़ाई गई निषेधाज्ञा, कई संगठनों ने गांव का दौरा कर स्थिति की ली जानकारी, पुलिस व प्रशासन को ठहराया दोषी

दामाेदरपुर में गिरफ्तार हुए युवक की मां की माैत के बाद बढ़े तनाव के बाद जुटे लाेग व समझाती पुलिस।

हार्ट अटैक से माैत के बाद प्रशासन नरम, समझौता होने तक घर में रखी गई डेड बाॅडी

70 वर्षीया शाबरा खातून की हार्ट अटैक से माैत के बाद प्रशासन का तेवर नरम हाे गया। उग्र हाे रहे माहाैल काे किसी तरह से काबू किया गया। दामाेदरपुर में जदयू नेता इरफान दिलकश के अावास पर दाेनाें पक्षाें के लाेगाें के साथ तताम प्रशासनिक अधिकारियों ने बैठक की। दामाेदरपुर के लाेगाें ने कहा कि घटना फरदाे पुल के पास हुई। दामाेदरपुर काे इससे काेई मतलब नहीं। बावजूद कार्रवाई दामाेदरपुर में की जा रही है। जदयू नेता इरफान दिलकश ने कहा कि अगर काेर्ई दाेषी है ताे हम लाेग खुद पकड़ कर पुलिस के हवाले करेंगे। प्रशासन हम लाेगाें काे साक्ष्य के साथ नाम दें। पूर्व मुखिया विनाेद गुप्ता ने भी कहा कि अब स्थिति नाॅर्मल हाेनी चाहिए। दाेनाें पक्षाें में बैठक चलने तक डेडबाॅडी घर में ही रखी गई। इसके बाद दाे लाेगाें के जिम्मेनामा पर हिरासत में लिए गए दाेनाें सगे भाई लालबाबू व फूलबाबू काे पुलिस ने मुक्त कर दिया। हालांकि, पुलिस अधिकारी का कहना है कि जिन दाेनाें भाइयों काे मुक्त किया गया, उन पर नामजद प्राथमिकी नहीं थी। प्रशासन किसी तरह से नरमी बरतने के मूड में नहीं है।

इन्हें गिरफ्तार कर भेजा गया जेल

मुजफ्फरपुर | रामलाल महतो, मनीष कुमार, जितेंद्र भगत, राजेश कुमार, रामनंदन भगत, अनिल कुमार, मोहम्मद रिजवान, मोहम्मद इमरान, मोहम्मद समीर, मोहम्मद तालिम, मोहम्मद सदरे आलम, मोहम्मद नजरे आलम, मोहम्मद सेराज, मोहम्मद जैनुल, मोहम्मद नौशाद आलम, मोहम्मद वसीम अंसारी, मोहम्मद गुलाम नबी, मोहम्मद सिराज ,मोहम्मद सरवर, मोहम्मद नियाज ,मोहम्मद शमशाद।


गिरफ्तार हुए युवक की मां की माैत के बाद राेते-बिलखते परिजन।

दामाेदरपुर की घटना में पुलिस की कार्रवाई निंदनीय : माले

भाकपा माले व इंसाफ मंच की एक टीम ने बुधवार काे दामाेदरपुर गांव का दाैरा किया और घटना के कारणाें की जानकारी ली। दाेनाें दलाें के नेताअाें ने संयुक्त बयान में कहा कि इस घटना में पुलिस की कार्रवाई काफी निंदनीय है। नेताअाें ने प्रशासन से गिरफ्तार लाेगाें काे रिहा करने अाैर दाेषी पुलिसकर्मियाें पर कार्रवाई करने की मांग की। माले जिला सचिव कृष्णमाेहन ने कांटी के एक नेता पर साम्प्रदायिक साैहाद्र काे बिगाड़ने का अाराेप लगाते हुए गिरफ्तारी की मांग की। माले के नगर सचिव सूरज कुमार सिंह ने पुलिस की बर्बरता पूर्ण कार्रवाई की निंदा करते हुए गिरफ्तार लाेगांें काे रिहा करने की मांग की। टीम में इंसाफ मंच के राज्य उपाध्यक्ष अाफताब अालम, ईं. रेयाज खान, असलम रहमानी, अाईसा के सचिव दीपक कुमार, विकेश कुमार, अजय कुमार, जफर अाजम अादि शामिल थे।

पकड़े गए अाराेपितों काे न्यायालय लेकर जाती पुलिस।

हिंसक झड़प के लिए प्रशासनिक विफलता पूरी तरह जिम्मेदार

मुजफ्फरपुर| जिला किसान कांग्रेस कमेटी के संयोजक सुशील कुमार शाही ने डीजे बजाने को लेकर दामोदरपुर में हुई हिंसक झड़प के लिए प्रशासनिक विफलता को जिम्मेदार ठहराया है। सोमवारी और बकरीद जैसे पर्व पर प्रशासन को मुस्तैदी दिखानी चाहिए थी लेकिन लापरवाही के कारण ऐसी घटनाएं घटती है। उन्होंने कहा कि बिना किसी दबाव में आए हुए जिला प्रशासन को एकतरफा कार्रवाई से बचना चाहिए। दोषियों को शीघ्र गिरफ्तार करने के साथ निर्दोष को रिहा करना चाहिए। सीनेटर डॉ. नूर आलम खान, राजू राम, बालकनाथ सहनी, महंत संजीव कुमार ओझा, अजीत कुमार, विनय, रमेश तिवारी, ओंकारनाथ चौधरी, कौशल किशोर चौधरी, नागेंद्र पांडेय, रामनरेश सिंह, धीरेंद्र चौधरी, सत्यनारायण यादव ने भी यही मांग दुहराई है।

काफी मशक्कत से पुलिस व प्रशासन के अधिकारियों ने स्थिति को किया नियंत्रित

X

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना