4 साल से अलग दंपती जजाें केे समझाने पर साथ रहने को राजी

Muzaffarpur News - क्राइम रिपाेर्टर|मुजफ्फरपुर शादी 4 साल बाद पति-प|ी के संबंध कटु हुए ताे दाेनाें की राह अलग-अलग रहने लगे। एक साल से...

Bhaskar News Network

Jul 14, 2019, 08:10 AM IST
Muzaffarpur News - separate couples agree to stay together for 4 years
क्राइम रिपाेर्टर|मुजफ्फरपुर

शादी 4 साल बाद पति-प|ी के संबंध कटु हुए ताे दाेनाें की राह अलग-अलग रहने लगे। एक साल से दाेनाें तलाक लेने के लिए काेर्ट में केस लड़ते रहे। राष्ट्रीय लाेक अदालत में शनिवार काे जजाें ने समझाैता कराया ताे दाेनाें साथ जिंदगी बसर करने के लिए मान गए। इस तरह गायघाट के पूरा गांव निवासी रंजीत राम प|ी गुंजा देवी के साथ काेर्ट से विदा किए गए। भरण-पाेषण खर्च के लिए अहियापुर थाने के खानपुर बैजानथपुर निवासी राजेश राम से प|ी नीम चाैक की मीना देवी तीन साल से केस लड़ रही थी। राष्ट्रीय लाेक अदालत ने समझाैता करा तीन लाख रुपए पति से दिलवाए। अब मीना पुत्री के साथ अलग जिंदगी गुजारेगी। इसी तरह परिवार न्यायालय के 9 परिवाराें के विवाद में समझाैता हुअा। जिला विधिक सेवा प्राधिकार की ओर से शनिवार को कोर्ट परिसर में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में जजाें के 16 बेंच ने सुनवाई की।

राष्ट्रीय लाेक अदालत में मामले सुलझाते संबंधित अधिकारी।

मामलों के प्रकार निष्पादित मामले समझौता राशि

बैंक लोन केस 480 3.6 कराेड़

सुलहनीय आपराधिक 393 6.5 हजार

बिजली 50 38.6 लाख

दुर्घटना क्लेम 40 2.25 लाख

सिविल व अन्य मामले 28 1.08 कराेड़

पारिवारिक विवाद 9 4.25 लाख

चाइल्ड फ्रेंडली काेर्ट का काम पूरा कराने का निर्देश

चाइल्ड फ्रेंडली काेर्ट के अधूरे कार्याे काे पूरा कराने के लिए जिला बाल सरंक्षण ईकाई के सहायक निदेशक ने भवन प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता काे पत्र लिखा है। उन्हें बताया है कि पाॅक्साे अधिनियम के विशेष न्यायाधीश राकेश पति तिवारी द्वारा लंबित कार्याे काे पूरा कराने का निर्देश दिया है। उन्होंने अनुश्रवण समिति काे इसके लिए पत्र लिखा था।

सुबह से लेकर दाेपहर तक लाेगाें की भीड़

कुल 1002 मामले निष्पादित करते हुए 6.74 कराेड़ समझाैता कराया गया। बैंक लोन रिकवरी के 480 मामलाें में 3.6 कराेड़ रुपए का समझाैता कराया गया। एक्सीडेंट क्लेम 40 मामलाें में 2.25 कराेड़ रुपए का समझाैता कराया गया। सरकारी, गैर सरकारी विभागों व संस्थानों में लंबित 1898 मामले राष्ट्रीय लोक अदालत में लाया गया। इसमें 508 मामलों का निष्पादन किया गया, जबकि अदालतों में लंबित कुल 672 मामले राष्ट्रीय लोक अदालत में लाए गए। राष्ट्रीय लाेक अदालत में सुबह से लेकर दोपहर तक लोगों की भीड़ लगी रही। बैंक से जुड़े मामले नवनिर्मित एडीआर भवन में निष्पादित किए गए। प्राधिकार के अध्यक्ष सह जिला व सत्र न्यायाधीश शैलेंद्र कुमार सिंह व सचिव रचना श्रीवास्तव समेत कई लोग थे।

X
Muzaffarpur News - separate couples agree to stay together for 4 years
COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना