किसानों के अरमानों पर बारिश ने फेरा पानी
प्रखंड में शुक्रवार की रात से लगातार तेज हवा के झोंकों के साथ बारिश के कारण अन्नदाता को बेहाल है। बेमौसम बरसात और तेज हवाओं ने दाना से लदी गेहूं की फसलों को खेतों में पाट दिया है। गेहूं , अरहर ,चना ,मसूर और सरसों के साथ अन्य फसल जमीन पर पसरा हुआ है। सब्जियों की फसलें भी प्रभावित हुई है। कुदरत की मार ने किसानों के अरमानों पर पानी फेर दिया है। शनिवार की सुबह में बारिश कुछ पल के लिए रुकी तो किसान अपने खेतों की ओर दौड़ पड़े। लेकिन खेत में पसरा गेहूं को देखकर अपना सिर पकड़कर बैठ गए। खराब मौसम को लेकर किसान चिंतित है। कुदरत के आगे खुद को ठगा महसूस कर रहे। गेहूं की फसल को 90 फीसदी तक नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है। सभी किसानों ने एकजुट होकर सरकार से मुआवजे की गुहार लगाया है।