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पुराने नियम से होगा बालू का कारोबार, कीमत भी तय नहीं करेगी सरकार

बालू के अवैध कारोबारियों के खिलाफ बुधवार को रूपसपुर, और हवाई अड्‌डा थाना क्षेत्र में पुलिस ने छापेमारी की।

Danik Bhaskar | Dec 21, 2017, 06:42 AM IST

पटना. राज्य में बालू की बिक्री और बालू घाटों की बंदोबस्ती फिर से पुराने नियम के ही आधार पर होगी। एक आवेदक को अधिकतम एक ही घाट दिया जाएगा और किसी भी हालत में सौ हेक्टेयर से अधिक इलाके में बालू खनन की इजाजत नहीं होगी। मुख्य सचिव अंजनी कुमार सिंह ने बुधवार की शाम सरकार के इस फैसले की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि 15 से 20 दिनों में बालू की किल्लत खत्म हो जाएगी।


मुख्य सचिव ने कहा- सरकार किसी भी हालत में बालू की कीमत तय नहीं करेगी। बालू की समस्या पर बैठक हुई। जिन घाटों की बंदोबस्ती रद्द की गई थी, उसे जल्द नए सिरे से नीलाम किया जाएगा। बंदोबस्ती में ई-चालान व्यवस्था लागू रहेगी। सरकार बालू कारोबार का नियंत्रण निगम के हाथों में ही रखने के पक्ष में हैं।

भास्कर इम्पैक्ट : पटना में कई जगहों पर ताबड़तोड़ छापे, रूपसपुर से दो बालू कारोबारी गिरफ्तार, चार हिरासत में

बालू के अवैध कारोबारियों के खिलाफ बुधवार को रूपसपुर, बेउर, रामकृष्णानगर और हवाई अड्‌डा थाना क्षेत्र में पुलिस ने छापेमारी की। इस क्रम में सुबह में गोला रोड और उसके आसपास से दो ट्रैक्टर बालू के साथ मठियापुर के लक्ष्मण कुमार और दीदारगंज के हरेंद्र राय को गिरफ्तार किया। दोनों ने पुलिस को बताया कि वे लोग ड्राइवर हैं और कमीशन पर काम करते हैं। देर शाम पुलिस ने चार और लोगों को हिरासत में लिया है, जिनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस की कार्रवाई के दौरान बेली रोड और बाइपास के पास सुबह में अफरातफरी का माहौल रहा।

एक आवेदक को 100 हेक्टेयर से अधिक में खनन की इजाजत नहीं


मुख्य सचिव बोले- बालू किल्लत की मुख्य वजह दूसरे प्रदेशों में बालू बेचा जाना है। इसलिए बालू वाले वाहनों में जीपीएस लगाया जा रहा है। माफियाओं द्वारा मात्रा से अधिक बालू की खुदाई हो रही थी। इससे नदी का तल नीचे जाने से सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल पा रहा था। पर्यावरण पर भी असर पड़ रहा था। अब किसी को भी सौ हेक्टेयर से अधिक में निकासी की इजाजत नहीं होगी।

इधर, राजद का बिहार बंद आज

बालू-गिट्‌टी संकट के कारण लाखों मजदूर-गरीबों के बेरोजगार होने का आरोप लगाते हुए राजद ने गुरुवार को बिहार बंद का आह्वान किया है। पूरे प्रदेश में आवश्यक सेवाओं को बंद से मुक्त करते हुए रेल और सड़क पर चक्का जाम किया जायेगा। प्रकाशोत्सव के समापन आयोजन से जुड़े क्षेत्रों पटना सिटी, बाइपास आदि को बंद से मुक्त रखा है।