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एक साल से रिजल्ट सुधरवाने आ रही थी लड़की, बेहोश हुई तो बना रिजल्ट

होश आया ताे लड़की अड़ गई कि जब तक उसका रिजल्ट सुधारा नहीं जाएगा वह डिपार्टमेंट से बाहर नहीं निकलेगी।

Danik Bhaskar | Dec 13, 2017, 06:04 AM IST

भागलपुर. टीएमबीयू एग्जामिनेशन डिपार्टमेंट की पेंडिंग ब्रांच में रिजल्ट सुधरवाने आई एमएएम कॉलेज नवगछिया की पॉलिटिकल साइंस की स्टूडेंट अंशु कुमारी बेहोश होकर गिर पड़ी। इसके बाद उसे उठाकर एग्जाम कंट्रोलर के कमरे में बिठाया गया। होश आया ताे लड़की अड़ गई कि जब तक उसका रिजल्ट सुधारा नहीं जाएगा वह डिपार्टमेंट से बाहर नहीं निकलेगी। इसके एग्जाम कंट्रोलर डॉ. पवन कुमार सिन्हा ने लड़की का सारा डॉक्यूमेंट ढुंढवाया और रिजल्ट सुधारा।

पति और बच्चे के साथ आई थी लड़की

स्टूडेंट अपने पति पंकज कुमार झा और बच्चे के साथ आई थी। पंकज ने बताया कि 2011-14 की अंशु कुमारी पार्ट वन की एग्जाम में प्रोमोट हो गई थी। बाद में उसने पार्ट वन पास कर लिया। इसके बाद पार्ट और पार्ट थ्री की एग्जाम पास की। सालभर पहले जब उसे ग्रैजुएशन का रिजल्ट दिया गया तो उसमें पार्ट वन का अंक जोड़ा ही नहीं गया। वह एक साल से रिजल्ट सुधरवाने के लिए विवि का चक्कर लगा रही थी। मंगलवार को भी उसे टाला जा रहा था जिससे वह गुस्से में आ गई और उसे चक्कर आने लगा। हालांकि छात्रा के पार्ट वन की कापियां तत्काल नहीं मिल सकीं और परीक्षा विभाग ने उसे पार्ट वन के दोनों पेपर में औसत अंक दिया।

दूसरी तरफ जेपी कॉलेज नारायणपुर के सत्र 2014-17 की स्टूडेंट बबली कुमारी भी खराब रिजल्ट सुधरवाने आई थी। उसने बताया कि उसके पार्ट वन के रिजल्ट में रोल नंबर गलत कर दिया गया है। वह अगस्त से ही इसे ठीक करवाने के लिए दौड़ रही है। लेकिन एक से दूसरी जगह दौड़ाया जा रहा है।