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यहां मुस्लिम महिलाओं ने कहा, तीन तलाक दुखद नहीं, हमारे दुख का इलाज है

महिलाओं ने कहा कि अगर राज्यसभा से ये कानून पारित होता है तो हम मर मिटेंगे लेकिन शरीयत में दखलअंदाजी बर्दाश्त नहीं।

Bhaskar News | Last Modified - Jan 28, 2018, 06:59 AM IST

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    मुंगेर.तीन तलाक पर नए कानून का विरोध करते हुए शनिवार को मुस्लिम महिलाओं ने शहर में जुलूस निकाला और राष्ट्रपति को संबधित मांग पत्र डीएम उदय कुमार सिंह काे सौंपा। महिलाओं ने कहा कि ट्रिपल तलाक पर नया कानून महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा के लिए हितकारी नहीं है। अधिकांश मुस्लिम समुदाय के लोग दैनिक मजदूरी करते हैं। अगर मुस्लिम महिलाओं के पति जेल चले जाएंगे तो उसके परिवार का भरण-पोषण कौन करेगा।

    महिलाओं ने कहा कि उच्चतम न्यायालय के दो सदस्यीय न्यायधीशों एचके सेमा और आरबी रविंद्रन ने भी कहा है कि सिविल ऑफेंस काे क्रिमिनल आॅफेंस में तब्दील नहीं किया जा सकता है। उसके बाद भी सरकार ऐसा कर रही है। मुस्लिम महिलाओं के लिए तलाक दुखद नहीं है बल्कि यह उसके दुख का इलाज है।


    इसके पूर्व महिलाओं ने शहर में जुलूस निकाला और केंद्र सरकार के नए बिल का विरोध किया। जुलूस के बाद कहकशां परवीन, तरन्नुम, जुवेरिया शमशेर, हबीबा वाेखारी, नगमा प्रवीन, सीमा जफर, इशरत खातुन, मुमताज नाज व शहनाज खातुन समेत महिलाओं का प्रतिनिधिमंडल जिलाधिकारी उदय कुमार सिंह से मिला और उन्हें ज्ञापन सौंपा। महिलाओं ने डीएम से आग्रह किया कि उनके ज्ञापन को प्रधानमंत्री, कानून मंत्री, संसदीय कार्य मंत्री, राज्यसभा के सभापति, बिहार के राज्यपाल और बिहार के मुख्यमंत्री को भेजें।

    राज्य सभा से कानून पास हुआ तब सुप्रीम कोर्ट जाएंगे


    महिलाओं ने कहा कि अगर राज्यसभा से यह कानून पारित होता है तो हम महिलाएं मर मिटेंगे लेकिन शरीयत में दखलअंदाजी बर्दाश्त नही करेंगे। कानून पारित होने पर हम इसके विरोध में आर्टिकल 32 के तहत सुप्रीम कोर्ट में मामला दर्ज करेंगे। यह हमारी स्वतंत्रता का हनन है। सरकार घर में रहने वाली महिलाओं को सड़क पर उतरने के लिए मजबूर कर रही है। यह कैसा कानून है कि, सिविल ऑफेंस को क्रिमिनल ऑफफेंस में तब्दील किया जा रहा है।

    डीएम ने पूछा, खुद विरोध कर रही हैं या किसी के कहने पर


    वहीं जिलाधिकारी उदय कुमार सिंह ने ज्ञापन देने पहुंची महिलाओं से पूछा कि आप लोग अपने मन से इस ट्रिपल तलाक कानून का विरोध कर रही हैं या फिर आपको कोई मजबूर कर रहा है। जिस पर महिलाओं ने एक स्वर में कहा कि यह हमारी स्वतंत्रता का हनन है। इसलिए हम महिलाएं सड़क पर उतरकर सरकार की इसका विरोध कर रहे हैं।

    ग्रामीण क्षेत्रों से भी पहुंची थीं काफी महिलाएं


    मुस्लिम महिलाओं ने ट्रिपल तलाक के विरोध में एमडब्लूई बालिका उच्च विद्यालय से तहफ्फूज ए शरियत कमिटी मुंगेर के संयोजक एवं सह संयोजक आरिफ रहमानी के नेतृत्व में विशाल माैन जुलूस निकाला। जिसमें लगभग 20 हजार महिला पुरूष शामिल थे। इस मौके पर सभा का भी आयोजन किया गया। जुलूस मुफस्सिल थाना के पास के विद्यालय से निकलकर पूरब सराय, गांधी चौक, दीनदयाल चौक, राजीव गांधी चौक, एक नंबर ट्रैफिक, किला परिसर होते हुए समाहरणालय पहुंचा। रैली में मुंगेर शहर, गांव और पंचायत से हजारों की संख्या में महिलाओं ने भाग लिया। जुलूस के दौरान पुलिस ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजामात किए थे।

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Web Title: Muslim Women In Support Of Three Divorces
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

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