Hindi News »Bihar »Patna» Railway Recruitment Scam In Bihar

बिहार में रेलवे भर्ती घोटाला: 70 लोगों की फाइनल लिस्ट में 23 को नौकरी, 51 की भर्ती फर्जी

एक कर्मी ने पूरे डिपार्टमेंट को अंधेरे में रखकर 42 फर्जी लोगों की बहाली कर दी। लगातार विभागीय जांच और आदेश को दबाता रहा।

ज्योति कुमार निराला | Last Modified - Dec 28, 2017, 03:09 AM IST

  • बिहार में रेलवे भर्ती घोटाला: 70 लोगों की फाइनल लिस्ट में 23 को नौकरी, 51 की भर्ती फर्जी
    +5और स्लाइड देखें

    हाजीपुर (बिहार).बिहार में इंटर टॉपर घोटाला, खेल सम्मान घोटाले के बाद एक बार फिर से रेलवे नौकरी घोटाला सामने आया है। घोटाला भी ऐसा कि जिसमें मात्र एक कर्मी ने पूरे डिपार्टमेंट को अंधेरे में रखकर 42 फर्जी लोगों की बहाली कर दी। लगातार विभागीय जांच और आदेश को दबाता रहा। डिपार्टमेंट की जांच में भी जब उसकी गलती सामने आई तब उसने उस जांच के डॉक्युमेंट्स भी फाइल से गायब कर दिया। आश्चर्य तो ये कि डिपार्टमेंट ने भी माना कि गलती हुई है तब भी कोई कार्रवाई नहीं की गई। आखिरकार पीड़ित ने कोर्ट में अधिकारियों समेत रेलवे विधि विभाग के सहायक पर केस दर्ज कराया।

    यह है मामला

    वर्ष 1993 में सोनपुर रेल मंडल गोरखपुर जोन का हिस्सा था। उसी दौरान सफाईवाला नाम के पद पर भर्ती की आवश्यकता हुई। जीएम और डीआरएम के अनुमोदन पर 70 लोगों की लिस्ट तैयार कर जोन में भेजी गई। इसी साल ही शुरूआत की बजाए पैनल के अंतिम से 5 लोगों को परिचालन विभाग में बहाल किया गया। वर्ष 1996 में पैनल से अलग 20 फर्जी लोगों को सोनपुर मेडिकल डिपार्टमेंट में बहाल किया गया। फिर वर्ष 1999 में 49 लोगों की बहाली की गई जिसमें 18 पैनल से और 31 लोग फिर फर्जी तरीके से बहाल हुए। वैशाली के चकगोसा रजौली गांव के रहने वाले मदन प्रसाद यादव का पैनल में नाम होने के बावजूद बहाली नहीं हुई। तब मदन ने 6 दिसंबर वर्ष 2001 को डीआरएम जीडी भाटिया को आवेदन दिया। बात नहीं बनने पर कैट पटना में मामला दर्ज कराया।

    यह भी हुआ खेल

    9 सितंबर 2005 को कैट ने आवेदक के पक्ष में फैसला देते हुए अपने डॉक्युमेंट्स ऑफिस में जमा कराने को कहा। 25 अक्टूबर 2005, 17 नवंबर 2005 और 26 फरवरी 2006 को सीनियर डीपीओ और दोनों डीआरएम के यहां डॉक्युमेंट्स जमा कराया गया। तीनों आवेदनों पर आवेदक के पक्ष में ही आदेश हुए। लेकिन विधि विभाग ने कैट में सूचना दी कि मदन ने कागजात नहीं जमा कराए। लगातार लड़ाई चलती रही। फिर तत्कालीन डीआरएम प्रमोद कुमार ने 26 फरवरी 2007 को सभी अभ्यर्थियों नोटिस देकर बुलाने को कहा। पर इस नोट शीट को भी गायब कर दिया गया।

    अभ्यर्थी का मूल प्रमाण पत्र 11 साल से बंधक

    इस मामले का एक पहलू यह भी है कि आवेदक मदन प्रसाद यादव का मूल प्रमाण पत्र रेलवे के पास 11 साल से बंधक पड़ा है। वर्ष 2006 में ही उससे उसके मूल प्रमाण पत्र जमा कराए गए थे। जो अबतक वापस नहीं किया गया। यह कानूनी रूप से भी बड़ा अपराध है। इस वजह से आवेदक किसी अन्य परीक्षा या नौकरी के अप्लाई भी नहीं कर पाया। फिलहाल किसी भी सरकारी नौकरी के लिए उसकी उम्र सीमा समाप्त हो चुकी है। 14 साल से मदन इस मामले की लड़ाई लड़ रहा है। इस लड़ाई में उसका 13.5 कठ्ठा जमीन बिक चुका है जिसका बाजार भाव अभी के हिसाब से पौने दो करोड़ है।

    पहला लिस्ट 1993 में जारी हुआ जिसमें 5 लोगों का हुआ वह भी नीचे से

    क्रम संख्या-69-राम प्रकाश, 68-बच्चू रजक, 67-सीपाही पासवान, 64-विजय कुमार राय, 62-सत्येंद्र कुमार सिंह-ये सभी फिलहाल परिचालन विभाग में कार्यरत हैं। जिनमें से एक 62 नंबर पर सत्येंद्र कुमार सिंह प्रमोशन पाकर मालगाड़ी में गार्ड बन गए हैं और मुजफ्फरपुर में पोस्टेड हैं।

    हाईकोर्ट में दर्ज कराया मामला

    14 साल से लड़ रहे मदन ने हार नहीं मानी। उसने हाईकोर्ट में जीएम, डीआरएम, सीनियर डीपीओ, डीपीओ, विधि सहायक सहित 12 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कराया। ईसी रेलवे हाजीपुर के सीपीआरओ राजेश कुमार ने बताया कि ऐसा एक मामला आया है। इसकी जांच कराई जाएगी। जांच के बाद रेलवे उचित फैसला लेगी।

  • बिहार में रेलवे भर्ती घोटाला: 70 लोगों की फाइनल लिस्ट में 23 को नौकरी, 51 की भर्ती फर्जी
    +5और स्लाइड देखें
  • बिहार में रेलवे भर्ती घोटाला: 70 लोगों की फाइनल लिस्ट में 23 को नौकरी, 51 की भर्ती फर्जी
    +5और स्लाइड देखें
  • बिहार में रेलवे भर्ती घोटाला: 70 लोगों की फाइनल लिस्ट में 23 को नौकरी, 51 की भर्ती फर्जी
    +5और स्लाइड देखें
  • बिहार में रेलवे भर्ती घोटाला: 70 लोगों की फाइनल लिस्ट में 23 को नौकरी, 51 की भर्ती फर्जी
    +5और स्लाइड देखें
  • बिहार में रेलवे भर्ती घोटाला: 70 लोगों की फाइनल लिस्ट में 23 को नौकरी, 51 की भर्ती फर्जी
    +5और स्लाइड देखें
आगे की स्लाइड्स देखने के लिए क्लिक करें
दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए Patna News in Hindi सबसे पहले दैनिक भास्कर पर | Hindi Samachar अपने मोबाइल पर पढ़ने के लिए डाउनलोड करें Hindi News App, या फिर 2G नेटवर्क के लिए हमारा Dainik Bhaskar Lite App.
Web Title: Railway Recruitment Scam In Bihar
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

More From Patna

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×