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  • Bihar Deputy Chief Minister Sushil Modi launches National e-bill system, Taxes will be deposited 20 to 30 percent more than national e-bill
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राष्ट्रीय ई वे बिल से 20 से 30 प्रतिशत अधिक जमा होगा टैक्स : सुशील मोदी

उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी ने कहा ई वे बिल प्रणाली से किसी भी राज्य के लिए अलग ट्रांजिट पास की जरूरत नहीं पड़ेगी।

Danik Bhaskar | Apr 01, 2018, 04:54 PM IST

पटना. राष्ट्रीय ई वे बिल सिस्टम शुरू होने के साथ ही बिहार ई वे बिल प्रणाली समाप्त हो गई। बिहार में रविवार को पुराना सचिवालय सभागार में इस सिस्टम की शुरूआत करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि इससे व्यापारियों को आसानी होगी। अनुमान है कि इस प्रणाली से 20 से 30 प्रतिशत तक टैक्स अधिक जमा होंगे। इससे माल परिवहन और आसान होगा साथ ही किसी भी राज्य के लिए अलग ट्रांजिट पास की जरूरत नहीं होगी। 50 हजार से अधकि मूल्य के माल परिवहन के लिए ई वे बिल की आवश्यकता होगी। 50 किलोमीटर दूरी तक माल परिवहन के लिए ई वे बिल की आवश्यकता नहीं है।

जीएसटी लागू होने से व्यापार और टैक्स भुगतान में आई पारदर्शिता: सुशील मोदी
सुशील मोदी ने कहा कि देश में जीएसटी लागू होने से व्यापार और कर भुगतान में पारदर्शिता आई है। बिहार में रजिस्टर्ड कर दाताओं की संख्या 3.25 लाख है। वैट के समय यह 1.68 लाख थे। यानी 1.56 लाख नए कर दाताओं ने रजिस्ट्रेशन कराया है। उन्होंने चेतावनी दी कि कर चोरी करने वाले पकड़े जाएंगे और कड़ी कार्रवाई होगी। वर्तमान में 90 हजार कंपोजिट डीलर्स हैं, जबकि वैट के समय इसकी संख्या 8 हजार थी। कंपोजिट डीलर स्क्रीम के तहत अपेक्षा से काफी कम टैक्स का भुगतान हो रहा है, जो गंभीर बात है। बड़ी संख्या में ऐसे लोग हैं, जो कारोबार नहीं दिखा रहे हैं। उन्होंने ऐसे व्यापारियों से कहा कि विभागीय स्तर पर उनके विरुद्ध कार्रवाई हो, इसके पहले ईमानदारी से कर भुगतान करें।

ई वे बिल के तहत जांच के लिए गठित होगा उड़दस्ता
वाणिज्य कर विभाग की प्रधान सुजाता चतुर्वेदी ने कहा कि ई वे बिल के तहत जांच के लिए उड़नदस्ता गठित होगा। अधिकारी भी गड़बड़ी नहीं कर सकेंगे। डिवाइस के माध्यम से सभी जानकारी मुख्यालय तक होगी। वाहन अधिकतम 30 मिनट तक रोका जा सकता है। इस दौरान पार्टल पर जानकारी दर्ज करानी है। कोई अधिकारी गलत तरीके से वाहन को रोकता है, तो पोर्टल पर तुरंत शिकायत दर्ज कराएं, जांच के बाद दोषी अधिकारी दंडित होंगे। वाणिज्य कर विभाग के एमआईएस पर सूचना दर्ज होगी। गाड़ी में जीपीएस होगा। जल्द ही कंट्रोल रूप स्थापित किया जाएगा। हेल्प डेस्क 24 घंटे काम करेगा।

हेल्प डेस्क

- ई वे बिल से संबंधित किसी भी तरह की समस्या समाधान के लिए 24 घंटे कंट्रोल रूप सह हेल्प डेस्क काम करेगा।

- वाणिज्य कर विभाग के प्रत्येक अंचल कार्यालय में हेल्पडेस्क की व्यवस्था की गई है

- राज्य स्तरीय हेल्पडेस्क फोन नंबर 0612-2233512, 13,14,15,16

- मोबाइल नंबर 9199273130, 9472457846,

- टॉल फ्री नंबर – 18003456102


- ई मेल – vattcs.helpdesk@gmail.com