--Advertisement--

पासिंग आउट परेड में दिखा कुछ ऐसा नजारा, देश को मिले 166 सैन्य अफसर,

इन सभी नए कमीशंड सैन्य अधिकारियों के कंधों पर बैज लगाकर उनके अभिभावकों ने उन्हें देशसेवा के लिए सौंपा।

Dainik Bhaskar

Dec 10, 2017, 04:24 AM IST
young army officers in passing out parade

गया. ऑफिसर्स ट्रेनिंग अकादमी गया में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे 166 कैडेट्स शनिवार को भव्य पासिंग आउट परेड के बाद भारतीय सेना का अंग बने। इस दौरान कार्यक्रम के मुख्य अतिथि अफगानिस्तान सेना के चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ लेफ्टिनेंट जनरल मोहम्मद शरीफ याफ्टील ने प्रशिक्षण के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कैडेटों को पुरस्कृत किया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए लेफ्टिनेंट जनरल मो. याफ्टील ने कहा कि भारत-अफगानिस्तान के बीच मैत्रीपूर्ण संबंधों का एक लंबा इतिहास रहा है, जिसकी बदौलत दोनों देशों ने वर्ष 1947 में भारत की स्वतंत्रता के बाद एक-दूसरे के साथ हर क्षेत्र में कदम से कदम मिलाकर कार्य किया है। उन्होंने कहा कि हाल के दिनों में अफगानिस्तान से जुड़े मुद्दों पर भारत की भूमिका क्षेत्रीय राजनीति में एक प्रभावशाली खिलाड़ी के रूप में सामने आई है।


9/11 की घटना तथा तालिबान शासन के पतन के बाद भारत की सरकार ने अफगानिस्तान के पुनर्निमाण में काफी अहम योगदान दिया है। उन्होंने कहा कि भारत अफगानिस्तान के प्रमुख सहयोगियों में एक है, जो वहां पुनर्निमाण व नई संरचनाओं के विकास के लिए अरबों डॉलर की सहायता करता है। उन्होंने कहा कि अफगानिस्तान के जर्जज-देलाराम रोड, सल्मा बांध, अफगानिस्तान की नई संसद भवन, छात्रों को शिक्षा, छात्रवृत्ति, प्रशिक्षण और चहबहार बंदरगाह की सुविधा भारत की मदद से ही सफल हो सकी है।

भारत और अफगानिस्तान दोनों आतंकवाद से प्रभावित

उन्होंने कहा कि पिछले कई वर्षों से भारत-अफगानिस्तान के अलावा पूरा विश्व अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद की समस्या झेल रहा है, जो एक बड़ी चुनौती है। इस आतंकवाद ने हमारी सेनाओं के कई बहादुर और वीर सैनिकों को हमसे छिन लिया। उन्होंने सेना के उन अधिकारियों व जवानों के साहस और बलिदान की सराहना करते हुए कहा कि आतंकवाद जैसे अंतरराष्ट्रीय खतरे से लड़ने के लिए दीर्घकालिक वैश्विक और क्षेत्रीय सहयोग की आवश्यकता होती है क्योंकि आतंकवादियों को किसी भी तरह के सभ्यतावादी कानूनों जैसे कानून, स्वतंत्रता और लोकतंत्र की कामना नहीं की जा सकती।

लेफ्टिनेंट बेटे को सूबेदार पिता ने सैल्यूट कर देश की सेवा को सौंपा


ओटीए, गया में अपने पुत्र के सेना में कमीशंड प्राप्त करने पर बिहार के सीवान जिलांतर्गत महागर निवासी सीबी चतुर्वेदी की प्रसन्नता का कोई अंत नहीं था। भारतीय सेना में सूबेदार के पद पर कार्यरत श्री चतुर्वेदी के पुत्र रोहण को सेना में लेफ्टिनेंट के पद पर कमीशन जो प्राप्त हुआ था। इससे बढ़कर एक पिता के लिए गौरव की क्या बात हो सकती थी? श्री चतुर्वेदी ने बेटे के कंधों पर बैज लगाते ही सबसे पहले उसे सैल्यूट कर अपनी प्रसन्नता जाहिर की।
शनिवार का दिन ऑफिसर्स ट्रेनिंग अकादमी, गया के लिए काफी महत्वपूर्ण था। शनिवार को ही 12वें पासिंग आउट परेड के बाद भारतीय सेना को 162 नए युवा सैन्य अधिकारी मिलें। इन सभी नए कमीशंड सैन्य अधिकारियों के कंधों पर बैज लगाकर उनके अभिभावकों ने उन्हें देशसेवा के लिए सौंपा।

वजीरगंज के रौशन ने प्राप्त किया सेना में कमीशंड

गया जिला के वजीरगंज के रहने वाले रौशन कुमार कश्यप के परिजनों के लिए शनिवार का दिन यादगार था। पूरा परिवार रौशन की इस उपलब्धि पर खुश दिख रहा था। रौशन के पिता विजय कुमार सेना से सूबेदार मेजर के पद से सेवानिवृत हुए थे। पिता को सेना में नौकरी करते देख रौशन ने भी इसे ही अपना कार्यक्षेत्र बनाने का सपना देखा था, जो आखिरकार शनिवार को पूरा हुआ।

ये हैं बिहार से सेना में कमीशन प्राप्त करने वाले युवा

1. संदीप कुमार, बोकाने पट्टी, मोतिहारी।
2. रौशन कुमार कश्यप, केनारचट्टी, गया।
3. अभिनव कुमार, पटेल नगर, पटना।
4. शेखर कुमार, अनीसाबाद, पटना।
5. कुणाल कुमार सिंह, गौरीचक, पटना।
6. साकेत सौरभ, एकमा, सारण।
7. अभिषेक कुमार तिवारी, पकड़ी चंदवा, आरा।
8. सौरभ कुमार, मधुबनी।
9. रोहण उपमन्यू, महागर, सीवान।
10. गोपाल कुमार, रोहतास।
11. सुमित कुमार, हाजीपुर, वैशाली।

हवलदार संजय कुमार शर्मा का शानदार प्रर्शन


12वें पासिंग आउट परेड के दौरान बिहार के मोतिहारी जिलांतर्गत बोकानेपट्टी निवासी सेना के सेवानिवृत्त हवलदार संजय कुमार शर्मा ने पूरे प्रशिक्षण अवधि के दौरान सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए ‘गोल्ड मैडल’ प्राप्त किया। बेटे के सेना में कमीशंड अधिकारी बनने पर उनके माता-पिता की खुशी का ठिकाना नहीं था।

जर्नलिस्ट का बेटा भी सेना में हुआ कमीशंड : बिहार के छपरा जिलांतर्गत एकमा निवासी साकेत सौरभ के पिता मनोज सिंह एक हिन्दी दैनिक के संवाददाता हैं। देशसेवा के जज्बे ने उसे सेना में कैरियर बनाने के प्रति आकर्षित किया।

young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
X
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
young army officers in passing out parade
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..