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मैनेजर को फोन कर पूछा भाई घर नहीं आया है, फोन ऑफ है, मैनेजर ने मोबाइल ही स्विच ऑफ कर लिया

Bhaskar News Network | Last Modified - Feb 03, 2018, 02:05 AM IST

नेचुरल डेयरी में बंगाल के तीन टेक्नीशियन की हुई संदिग्ध मौत हो उनके परिजन हादसा नहीं मान रहे हैं। उनका कहना है कि...
मैनेजर को फोन कर पूछा भाई घर नहीं आया है, फोन ऑफ है, मैनेजर ने मोबाइल ही स्विच ऑफ कर लिया
नेचुरल डेयरी में बंगाल के तीन टेक्नीशियन की हुई संदिग्ध मौत हो उनके परिजन हादसा नहीं मान रहे हैं। उनका कहना है कि तीनों टेक्नीशियन की साजिशन हत्या की गई है। इस संबंध में थाने में परिजनों ने हत्या का ही मामला दर्ज कराया है। वर्धमान के उदय दास, हुगली के अभिमन्यु बेरा और इंद्रजीत जाना के परिजनों ने आरोप लगाया कि हत्या 29 जनवरी की रात या फिर 30 जनवरी के अहले सुबह हुई है। आरोप के पीछे परिजनों के कई तर्क हैं। उदय के भाई तोतन दास ने कहा कि तय समय पर जब उसका भाई घर नहीं पहुंचा तो डेयरी के प्रोडक्शन मैनेजर विजय को फोन कर पूछा गया कि वे लोग कहां हैं। किसी का फोन नहीं लग रहा है। प्रोडक्शन मैनेजर ने कहा कि पता करके बताता हूं। इसे बाद उसने अपना फोन ऑफ कर लिया। तोतन ने कहा कि पुलिस बहुत आसानी से इसे हादसा मान रही है लेकिन यह सुनियोजित हत्या है। उसने यह भी खुलासा किया कि डेयरी प्रबंधन और काम करने वाली एजेंसी के बीच किसी बात को लेकर टकराव था।

पीएमसीएच में 3 घंटे भटकते रहे परिजन, बांग्ला बोलने से परेशानी

परिजन शुक्रवार की सुबह की पीएमसीएच पहुंच गए थे। तीनों मृतकों के परिजनों की संख्या दस से बारह थी। पीएमसीएच आने के बाद परिजन लोगों से पूछते हुए टीओपी गए। लेकिन वहां कोई उन्हें कुछ भी बताने को तैयार नहीं था। पाटलीपुत्र थाना, पीएमसीएच, नेचर डेयरी इन तीन जगहों में से कहां जाएं, किसके पास जाएं इन लोगों को तकरीबन तीन घंटे तक कोई कुछ बताने को तैयार नहीं था। बांग्ला बोलने की वजह से लोगों को इनकी बात समझने में भी परेशानी हो रही थी। दिन के 12 बजे के बाद किसी ने डीएसपी विधि व्यवस्था शिवली नोमानी को फोन कर बताया कि परिजन पीएमसीएच में हैं। इसके बाद संबंधित थाने और पीएमसीएच टीओपी की पुलिस एक्टिव हुई।

पहले भी कई बार फैक्ट्री में काम करने आए थे पटना

उमेश सहित अन्य टेक्नीशियनों ने अपने अपने परिजनों से 29 जनवरी की रात को बात की थी। तोतन ने कहा कि उमेश की बात आखिरी बात रात के 9.05 में हुई है। इसके बाद से तीनों का फोन ऑफ है। तीनों का फेसबुक भी 29 जनवरी के बाद से अपडेट नहीं हुआ है। इंद्रजीत जाना ने कहा कि उनका भाई अपने दोस्तों के साथ पहले भी कई बार इस फैक्ट्री में काम करने आ चुका है। सभी 22 जनवरी को ही पटना के लिए कोलकाता से चले थे।

नेचुरल डेयरी में 3 टेक्नीशियन की मौत का मामला

अभिमन्यु

नेचुरल डेयरी में मृतकों के परिजनों के साथ मामले की छानबीन करते डीएसपी।

उदय दास

इंद्रजीत

परिजनों के सवाल

1. तीनों दक्ष टेक्नीशियन थे। उन्हें पता था कि कोल्ड रूम में नहीं सोना है और वे अंगीठी जलाकर नहीं सोते थे।

2. तीनों स्वेटर पहनकर नहीं सोते थे, जबकि उनकी बॉडी पर स्वेटर है।

3. तीनों का फोन एक साथ ही ऑफ क्यों हुआ।

4. जिसने तीनों को पीएमसीएच में एडमिट कराया वो भाग क्यों गया और मोबाइल ऑफ क्यों कर लिया।

5. अगर हादसा है तो परिजनों और पुलिस से क्यों छिपाया गया।

6. अंगीठी का राख भी हार्ड था। पूरा जला नहीं था।

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