पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

तेनुघाट से मिलेगी 40% बिजली, बिहार ने 19 साल बाद छोड़ा दावा

2 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
तेनुघाट पर अब झारखंड का पूर्ण स्वामित्व होगा। पिछले दिनों दोनों राज्यों के बीच हुए समझौते के बाद बिहार ने बिजलीघर से अपना दावा वापस ले लिया है। जून में ही इसपर दोनों राज्यों ने आपसी सहमति बना ली थी, सिर्फ कागजी प्रक्रियाएं पूरी करनी थी। ऊर्जा विभाग के संकल्प जारी करने के बाद कागजी प्रक्रियाएं पूरी कर ली गई हैं। अब बिजलीघर झारखंड का हो गया है। हालांकि दावेदारी वापस लेने के एवज में तेनुघाट से बिहार को बिजलीघर के स्टेज-2 की 40 फीसदी बिजली मिलेगी। वह भी उसी दर पर जिस दर पर झारखंड खुद बिजली लेता है।

बिहार के बंटवारे के समय से ही तेनुघाट के स्वामित्व पर झारखंड के साथ विवाद चल रहा था। 2004 में मामला हाईकोर्ट में पहुंचा और फिर 2008 में सुप्रीम कोर्ट। लंबी सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने 2017 में कोर्ट के बाहर मामला सुलझाने को कहा। हालांकि इसके पहले 2015 में बिहार ने बिजली बंटवारे के 50-50% गणित पर सहमति का प्रस्ताव दिया। बात नहीं बनी। इस बीच बिहार ने 2018 में तेनुघाट में 40% हिस्सेदारी मांगी। लेकिन झारखंड ने यह कहते हुए उसे ठुकरा दिया कि पहले स्टेज को लेकर पावर पर्चेज एग्रीमेंट हो चुका है। लिहाजा वे इससे बिजली नहीं दे सकते। हालांकि झारखंड ने स्टेज-2 से 40% बिजली देने का भरोसा दिलाया।

खबरें और भी हैं...