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40 साल से जिस पति को मरा मान विधवा की जिंदगी जी रही थी पत्नी, एक दिन वो अचानक साधु के वेश में आया सामने, भरोसे में लेकर एक बार फिर किया विश्वासघात

रिश्तों में विश्वासघात की अजब कहानी: जाने लगा तो पत्नी ने कहा मत जाइए; लेकिन भंडारे के नाम पर ये सब कर गया पति

Danik Bhaskar | Sep 12, 2018, 11:56 AM IST

बेगूसराय (बिहार)। 25 साल पहले पत्नी को छोड़कर साधु बने पति ने वापस आकर पत्नी के ही 5 लाख ठग लिए। 40 साल की श्यामपरी देवी जिस पति को दिवंगत मान रही थी, वह अचानक 7 सितंबर को साधु के वेश में घर पहुंच गया। रामाशीष के आने की सूचना मिलते ही पूरा गांव उमड़ पड़ा। सब ने साधु के वेश में रामाशीष को पहचाना और उसने भी दोस्तों और परिचितों के साथ पुरानी बातों याद भी किया। खुद को विधवा मान रही श्यामपरी पति को पाकर खुशी से फूले नहीं समा रही थी। रिश्तेदार भी पहुंच गए। सभी ने कहा- अब हमें छोड़ कर मत जाना। रामाशीष ने कहा- मैं गृहस्थ बन सकता हूं, लेकिन इसके लिए मुझे गोरखपुर में एक भंडारा करना होगा, जिसमें ढाई लाख का खर्चा आएगा।

कर्ज लेकर दिए ढाई लाख रुपए

परिजनों ने कर्जा लेकर ढाई लाख रुपए रामाशीष को दिए। उसने यह पैसे अपने चेले को देकर भेज दिया। इसके बाद अगली सुबह उसने पत्नी को कहा- भंडारा के बाद जेवरात अपने गुरु को दिखाना होगा। इसके बाद हमलोग एक साथ रहेंगे। तब श्यामपरी अपने सभी जेवरात लेकर पति के साथ घर से चल पड़ी। कुछ दूर जाने पर उसने पत्नी से जेवरात लेकर कहा- घर जाओं, मैं कल आऊंगा, लेकिन वो लौटकर नहीं आया।

एसपी ऑफिस पहुंची श्यामपरी

श्यामपरी मंगलवार को एसपी कार्यालय पहुंची थी। उसने बताया- पहले तो पति छोड़ कर भाग गया। फिर 25 साल बाद वापस आया, तो दोबारा विश्वासघात किया है। उसके पति को सजा मिलनी चाहिए।

क्या है मामला

मटिहानी थाना क्षेत्र के चकबल्ली दियारा निवासी रामाशीष पासवान 1993 में लापता हो गया था। उस वक्त उनकी पत्नी महज 15 साल की थी और गोद में एक माह का बेटा था। 5 साल इंतजार के बाद उसने खुद को विधवा मान लिया था।