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सरकारी फाइलों में तीसरी आंख लगाने का प्रस्ताव

Saharsa News - प्रमंडलीय मुख्यालय सहरसा में अपराधियों पर कड़ी नजर रखने के लिए तीसरी आंख लगवाने का प्रस्ताव फाइलों में धूल फांक...

Dainik Bhaskar

Dec 09, 2018, 05:00 AM IST
Saharsa News - proposal to install a third eye in government files
प्रमंडलीय मुख्यालय सहरसा में अपराधियों पर कड़ी नजर रखने के लिए तीसरी आंख लगवाने का प्रस्ताव फाइलों में धूल फांक रही है। हालांकि शहर के दुकानों पर सीसीटीवी कैमरा लगा है। लेकिन वह उसके पार्किंग एरिया तक को ही कवर करता है। सड़क पर या चौक-चौराहों पर यदि लूट, छिनतई व चोरी आदि की घटना घट जाए तो उसे उन दुकानों में लगे हुए सीसीटीवी कैमरे से कोई फायदा नहीं होता। हालांकि सड़क पर होने वाले हर वारदात के बाद पुलिस पदाधिकारी उन दुकानों में जाते हैं। लेकिन ज्यादातर जगहों उनके हाथ कुछ नहीं लगता है। जबकि शहर में हर बड़ी वारदात के बाद आमजन शहर के चौक- चौराहों पर सीसीटीवी लगवाने की मांग करते हैं। लेकिन इसका कोई फायदा होता नहीं है।

कैमरे में सड़क का कुछ ही हिस्सा आता है नजर

हालांकि पुलिस प्रशासन को घटना के उद‌्भेदन में न सिर्फ मदद मिलती बल्कि पूछताछ के नाम पर किसी निर्दोष को पुलिसिया खातिरदारी का मौका भी नहीं मिलता। साथ ही आपराधिक गतिविधियों पर भी लगाम लगाने में मदद मिलती।

इस मुद्दे को लेकर शनिवार को भास्कर टीम ने शहर के विभिन्न चौक-चौराहों का मुआयना किया। जिसमें रिफ्यूजी कॉलोनी की दुकानों में देखने पर सामने आया कि दुकानों में सीसीटीवी कैमरा इस प्रकार लगवाया है कि उनके दुकान के सामने रखी हुई सामान और सड़क का कुछ हिस्सा ही नजर आए। चांदनी चौक की चंद दुकानों में सीसीटीवी कैमरा लगा था। लेकिन वह अपने दुकान के सामने की सड़क को भी कवर नहीं कर पा रहा था। जबकि शहर की हृदयस्थली शंकर चौक मंदिर में लगा कैमरा मंदिर परिसर को ही कवर कर पा रहा था। वहीं बगल में संजय हार्डवेयर पर लगा हुआ सीसीटीवी कैमरा शंकर चौक के कुछ हिस्सों को कवर कर रहा था। प्रशांत टॉकीज रोड में कहीं सीसीटीवी कैमरा नहीं लगा था। मात्र एक जेंट्स सैलून में लगा था।तत्कालीन डीजीपी अभ्यानंद के निर्देश पर सदर थाना सहरसा में राज्य के अन्य थानों की तरह सदर थाना में भी सीसीटीवी कैमरा लगाया गया था। सदर थाना में सीसीटीवी लगवाने के फलस्वरुप दलाल किस्म के लोगों को बार-बार थाने आने में परेशानी होने लगी थी। इसलिए सीसीटीवी कैमरे को ही तोड़फोड़ तक बंद कर दिया गया।

सीसीटीवी को शुरू करने का एसपी ने दिया था निर्देश

वर्तमान एसपी राकेश कुमार ने अपनी प्रथम औचक निरीक्षण में 24 घंटे के अंदर सीसीटीवी कैमरे को शुरू करने का निर्देश दिया था। लेकिन हालत जस की तस है। वहीं सदर एसडीओ ने नप के कार्यपालक पदाधिकारी को सीसीटीवी लगवाने का निर्देश दिया था। लेकिन कोई फर्क नहीं पड़ा। इस मामले में सदर एसडीओ शंभूनाथ झा ने बताया कि पूर्व में भी से सीसीटीवी लगवाने का निर्देश दिया गया था।

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