--Advertisement--

इस राजपूर लीडर ने लगाया आरोप, बोले- CBFC हर कीमत पर करना चाहते 'पद्मावती' रिलीज

सेंसर बोर्ड ने संजय लीला भंसाली की फिल्म 'पद्मावती' को 26 कट और नाम बदलकर रिलीज करने का सुझाव दिया है।

Danik Bhaskar | Dec 30, 2017, 07:35 PM IST

मुंबई। सेंसर बोर्ड ने संजय लीला भंसाली की फिल्म 'पद्मावती' को 26 कट और नाम बदलकर रिलीज करने का सुझाव दिया है। सेंसर बोर्ड ने यू/ए सर्टिफिकेट देने का फैसला कर लिया है। लेकिन इसके लिए फिल्म का नाम 'पद्मावती' से बदलकर 'पद्मावत' करना होगा, क्योंकि ऐसा करने से फिल्म काल्पनिक कहलाएगी। इसके अलावा फिल्म के 'घूमर...' सॉन्ग में भी बदलाव किए जाने को कहा गया है। लेकिन राजपूत लीडर इससे भी सहमत नहीं...

- आर पी सिंह (राष्ट्रीय अध्यक्ष) का कहना है कि राजपूत समाज के संगठनों को दिखाए बिना फिल्म रिलीज नहीं होने दी जाएगी। वहीं, राजपूत समाज के संगठन अखंड राजपुताना सेवासंघ ने इस निर्णय पर आपत्ति जताते हुए कहा है कि फिल्म का 'पद्मावत' नाम भी मंजूर नहीं है।

- इनका कहना है, ऐसा लग रहा है जैसे सेंसर बोर्ड अपनी तरफ से पहल करके संजय लीला भंसाली को मदद करना चाहता है। और फिल्म रिलीज करने में मदद करने का मन बना चुके हैं। तभी फिल्म का नाम बदलकर और कुछ सीन एडिट करके फिल्म को सर्टिफिकेट देने की कोशिश कर रहे हैं।


- आर पी सिंह आगे कहते हैं, "हमें समझ नहीं आ रहा कि राजपूत समाज के संगठनों के प्रतिनिधि को फिल्म दिखाने से फिल्ममेकर बचना क्यों चाहती है? इनकी सहमति के बिना फिल्म की रिलीज तो बिल्कुल भी नहीं हो सकती। और अखंड राजपूताना सेवासंघ इस फैसले का कड़ा विरोध करेगा ताकि फिल्म रिलीज न हो पाए।

- इनके अलावा सेंसर बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष पहलाज निहलानी ने भी सेंसर बोर्ड पर आरोप लगाया है। इनका कहना है, ''सेंसर बोर्ड ने फिल्म को साइडलाइन किया है जो वोट बैंक की राजनीति है।''

- गौरतलब है कि सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) ने 'पद्मावती' की समीक्षा के लिए 6 सदस्यीय पैनल बनाया है। ये पैनल ही तय करेगा कि फिल्म रिलीज होगी या नहीं।

अगली स्लाइड्स में पढ़ें 'पद्मावती' विवाद के बारे में....