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Movie Review: 'रंग दे बसंती' वाली बात नहीं है 'मिर्जिया' में

एक जमाने में लोकगाथा के रूप में मिर्जा साहिबां की दास्ताँ काफी सुनाई जाती थी और उससे प्रेरित होकर राकेश ओमप्रकाश मेहरा ने मिर्जिया का निर्माण किया है।

Dainik Bhaskar

Oct 07, 2016, 05:55 AM IST
Movie Review mirzya
क्रिटिक रेटिंग 1.5 /5
स्टार कास्ट हर्षवर्द्धन कपूर, सैयामी खेर,के के रैना , ओमपुरी
डायरेक्टर राकेश ओमप्रकाश मेहरा
प्रोड्यूसर राकेश ओमप्रकाश मेहरा, सिनेस्तान
संगीत शंकर एहसान लॉय
जॉनर एपिक रोमांटिक थ्रिलर
राकेश ओमप्रकाश मेहरा ने 'अक्स' से शुरुआत करके 'रंग दे बसंती', 'दिल्ली 6',और 'भाग मिल्खा भाग' जैसी फिल्मों का निर्माण किया है। अब मिर्ज्या के साथ वे ऑडियंस के सामने हैं। आइए जानते हैं कि आखिर कैसी है यह फिल्म -
कहानी...
राजस्थान की पृष्ठभूमि पर बेस्ड यह कहानी मिर्जा (हर्षवर्द्धन कपूर) और साहिबा (सैयामी खेर) की है। दोनों एक-दूसरे से बेइंतहा प्यार करते हैं। मिर्जा जैसा तीरंदाज कोई नहीं होता था। मिर्जा और साहिबा का प्यार, साहिबा के घरवालों को मंजूर नहीं था। जिसकी वजह से उसका रिश्ता कहीं और तय कर दिया था। इस कारण मिर्जा अपनी साहिबा को लेकर भागता है, लेकिन एक वक्त के बाद साहिबा उसके तरकश के तीरों को तोड़ देती है और कहानी सिमट के रह जाती है। इसी कहानी को राकेश ओमप्रकाश मेहरा ने आज के युग में भी फिट करने की कोशिश की है, जहां मुनीष (हर्षवर्द्धन कपूर) और सुचित्रा (सैयामी खेर) स्कूल के जमाने से एक- दूसरे से प्यार करते हैं। लेकिन किन्हीं कारणों से वो बचपन में जुदा हो जाते हैं। जब दोबारा उनका मिलन होता है, तब तक सुचित्रा की शादी करन से तय हो जाती है, अब क्या आज के युग में यह प्यार मुकम्मल हो पाएगा, इसका पता आपको सिनेमाघर तक जाकर ही चलेगा।

डायरेक्शन...

फिल्म का डायरेक्शन लाजवाब है। साथ ही, बैकग्राउंड में आंखों को लुभाने वाले लोकेशंस भी मौजूद हैं। कुछ उम्दा शॉट्स भी देखने को मिलते हैं। वहीं, युद्ध के सीन भी कमाल के हैं। राकेश ओमप्रकाश मेहरा की दो कहानियों को एक साथ दिखाने की कोशिश 'रंग दे बसंती' में बखूबी नजर आई थी, लेकिन इस बार शायद थोड़ी चूक हो गयी है। वो रोमांच नजर नहीं आता है, जो 'रंग दे बसंती' में दिखाई दिया था। कहानी के मामले में शायद आज के युवाओं को यह फिल्म उतनी ना लुभा पाए, जितनी सोचकर इसे गुलजार साहब ने लिखा है। फिल्म वैसे तो लगभग 129 मिनट की है, लेकिन काफी लंबी लगने लगती है। वैसे फिल्म को साल के टेक्नीकल अवॉर्ड्स जरूर मिलेंगे।
स्टारकास्ट की परफॉर्मेंस...

अपनी डेब्यू फिल्म में हर्षवर्द्धन कपूर और सैयामी खेर ने बेहतरीन प्रदर्शन किया है। दोनों ही काफी नेचुरल और किरदार के हिसाब से सहज दिखाई देते हैं। फिल्म के बाकी कलाकारों का काम भी अच्छा है।

फिल्म का म्यूजिक...

फिल्म का संगीत पूरी कहानी के हिसाब से उम्दा है। गुलजार की लिखावट, शंकर एहसान लॉय का संगीत और एक से बढ़कर एक सिंगर्स की आवाज फिल्म को गाने के हिसाब से एक सम्पूर्ण एल्बम बनाती है। वैसे फिल्म के गाने जल्दी-जल्दी आते हैं , जिसकी वजह से कहानी की रफ्तार पर इफेक्ट होता है। ऐसा लगता है कि गानों का ओवरडोज है।
देखें या नहीं...
अगर राकेश ओमप्रकाश मेहरा की 'दिल्ली 6' जैसी फिल्में पसंद हैं, तो एक बार इस 'मिर्ज्या' को जरूर देख सकते हैं।
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Movie Review mirzya

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