किस्सा / डेविड धवन डबल शिफ्ट में 20 घंटे काम करते थे काम बेटे वरुण को सुनाई संघर्ष की कहानी

Director david dhawan told the story of his struggling days to son varun dhawan
Director david dhawan told the story of his struggling days to son varun dhawan
Director david dhawan told the story of his struggling days to son varun dhawan
X
Director david dhawan told the story of his struggling days to son varun dhawan
Director david dhawan told the story of his struggling days to son varun dhawan
Director david dhawan told the story of his struggling days to son varun dhawan

दैनिक भास्कर

Jul 26, 2019, 10:16 AM IST

बॉलीवुड डेस्क. हाल ही में वरुण धवन ने भारी बारिश और बुखार के बावजूद फिल्म स्ट्रीट डांसर 3 डी की शूटिंग बधित नहीं होने दी थी। मुश्किल परिस्थितियों में शूटिंग करने के उनके इस जज्बे की कईयों ने खूब तारीफ की। अब वरुण ने एक वीडियो के जरिए बताया है कि उन्होंने काम के प्रति इनता समपर्ण और संघर्ष करना कहां से सीखा है। इस वीडियो में वरुण के पिता डायरेक्टर डेविड धवन अपने दौर की फिल्मों के शेड्यूल का किस्सा वरुण से साझा कर रहे हैं।

इंस्टाग्राम पर वरुण ने शेयर किया वीडियो

वरुण ने इसे शेयर करते हुए लिखा-‘अपनी फिल्मों के लिए डैड के शेड्यूल वर्सेस मेरे शेड्यूल। मैं हार्ड वर्क सिर्फ इसलिए कर पाता हूं क्योंकि डैड ने बताया है कि कैसे वे डबल शिफ्ट में कई बार दिन के 20 घंटे काम करते थे। उन दिनों में टेक्नीशियंस के लिए काफी स्ट्रॉन्ग यूनियन नहीं हुआ करता था इसलिए फिल्में कुछ इस तरह बनती थीं। मैं हमेशा से अपने घर में सबसे हार्डेस्ट वर्कर बनना चाहता हूं पर मुझे इसके लिए अभी काफी कुछ सीखना होगा।

 

वरुण की इंस्टा पोस्ट

 

 

वीडियो में डेविड, वरुण से बात करते हुए उन्हें बता रहे हैं, "ऊटी की सर्दियों में हम शोला और शबनम की शूटिंग कर रहे थे। हम वहां एक स्कूल लोकेशन पर शाम के 5 बजे तक शूटिंग करते थे। उसके बाद पूरी यूनिट एक बंगले पर शूटिंग के लिए जाती थी और रात के 8 से सुबह 4 बजे तक फिर शूटिंग होती थी। इसके बाद हम होटल जाकर 5 घंटे आराम करते थे और अगले दिन सुबह 9 बजे से फिर शाम पांच बजे तक ऐसे ही शूटिंग होती थी। ये सब हमने पूरे एक महीने तक किया। ऊटी में उन दिनों बहुत सर्दी हुआ करती थी और सुबह 4 बजे तक तो आधी यूनिट बंगले में ही सो जाया करती थी। मैं सबको उठाकर बोलता था कि होटल चलो पैकअप हो गया है। आखिरी दिन तो हमें उसी बंगले में सुबह का छह बज गया। मैं लाइटिंग होने के दौरान सो गया था। मुझे उठाया गया और बोला गया कि दिव्या का शॉट लेना है। छह बजे हमने वो शॉट पूरा किया और गाड़ी में बैठकर सीधे एयरपोर्ट पहुंचकर मुंबई वापस आ गए। वरुण, तुम्हारा शेड्यूल ऐसा नहीं हैं पर इसके आधा है।’

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना