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  • फिल्म संजू, रणबीर कपूर, रणवीर सिंह, Ranveer Singh First Choice For Sanjay Dutt In Sanju Not Ranbir Kapoor
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रणबीर कपूर को नहीं बल्कि रणवीर सिंह को 'संजू' में लेना चाहते थे फिल्म मेकर्स

संजय दत्त की कहानी सुनकर विधु विनोद चोपड़ा को लगा था कि वो झूठ बोल रहे हैं

Danik Bhaskar | Jun 20, 2018, 11:12 PM IST

मुंबई. संजय दत्त की बायोपिक पर बनी फिल्म 'संजू' 29 जून को रिलीज हो रही है। फिल्म रिलीज से पहले ही इससे जुड़ी कई खबरें सामने आ रही है। फिल्म के प्रोड्यूसर विधु विनोद चोपड़ा ने एक इंटरव्यू में बताया कि वे रणबीर कपूर को नहीं बल्कि रणवीर सिंह को संजय दत्त के रोल में देखना चाहते थे। उन्हें लगता था कि रणवीर सिंह इस रोल को पूरी गहराई के साथ निभाएंगे। लेकिन डायरेक्टर राजकुमार हिरानी, रणबीर कपूर को सामने लेकर आए। रणबीर ने भी फिल्म के लिए खुद को संजय दत्त की तरह ढाला।

विधु विनोद ने इंटरव्यू में बताया- जब डायरेक्टर राजकुमार और राइटर अभिजात जोशी मेरे पास संजय दत्त की लाइफ जर्नी पर फिल्म बनाने का आइडिया लेकर आए तब मुझे लगा दोनों का दिमाग खराब हो गया है। मैंने कहा, ऐसा क्‍या है संजय की लाइफ में कि फिल्‍म बनाई जाए? इससे अच्‍छा है मेरी लाइफ पर बना लो। मैंने जवानी में कश्‍मीर छोड़ा और मुंबई आकर संघर्ष किया। लेकिन जब मैंने संजय की कहानी सुनी तो मैं दंग रह गया। पहले मैंने सोचा कि ये सब बेतुका है, संजू, राजू को सच नहीं बता रहा है। हमने उनकी 308 गर्लफ्रेंड्स और अमेरिका की सड़कों पर बस का टिकट खरीदने के लिए भीख मांगने वाली बात का सच जानने के लिए रिसर्च की। इसके बाद हमें महसूस हुआ कि जो कुछ संजय ने बताया वो सच है।

रणबीर नहीं रणवीर
चोपड़ा को लगा कि संजू का रोल रणबीर कपूर की बजाए रणवीर सिंह बेहतर निभा सकते हैं। बाद में हिरानी ने उन्‍हें रणबीर के नाम पर राजी किया। उन्‍हें लगा कि रणबीर, संजय के इमोशन्‍स को परदे पर बेहतर तरीके से उतार सकते हैं। एक इंटरव्यू में राजकुमार हिरानी और अभिजात जोशी ने बताया था कि दोनों ने संजय दत्त से लगातार 25 दिनों तक उनकी आपबीती सुनी। वे रोज शाम 5 बजे से रात के 3 बजे तक संजय के घर जाकर उनकी कहानी सुनते, उसे रिकॉर्ड करते और इस तरह फाइनल स्क्रिप्ट तैयार हुई।

विधु के साथ संजय ने की 6 फिल्में
चोपड़ा ने संजय दत्त के साथ 6 फिल्में की है। 2000 में ऋतिक रोशन के साथ 'मिशन कशमीर', 2003 में 'मुन्ना भाई एमबीबीएस', 2005 में 'परिणीता', 2006 में 'लगे रहो मुन्ना भाई', 2007 में 'एकलव्य', 2014 में 'पीके' बनाई थी।