• Hindi News
  • Business
  • 3 Point 75 Cr ITR Filed For FY20 So Far Deadline Is 31 December 2020 For Individual Taxpayers

इनकम टैक्स:FY20 के लिए अब तक 3.75 cr ITR फाइल हुए, व्यक्तिगत करदाताओं के लिए 31 दिसंबर 2020 है डेडलाइन

नई दिल्ली10 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
2.17 करोड़ करदाताओं ने ITR-1, 79.82 लाख ने ITR-4, 43.18 लाख ने ITR-3 और 26.56 लाख ने ITR-2 फाइल किए - Dainik Bhaskar
2.17 करोड़ करदाताओं ने ITR-1, 79.82 लाख ने ITR-4, 43.18 लाख ने ITR-3 और 26.56 लाख ने ITR-2 फाइल किए
  • अकाउंट ऑडिट कराने की जरूरत वाले करदाताओं के लिए यह डेडलाइन 31 जनवरी 2021 है
  • यह डेडलाइन क्रमश: 31 जुलाई और 31 अक्टूबर 2020 था, लेकिन कोरोनावायरस महामारी को देखते हुए अंतिम तिथि को आगे बढ़ा दिया गया है

असेसमेंट वर्ष 2020-21 या वित्त वर्ष 2019-20 के लिए 21 दिसंबर तक 3.75 करोड़ करदाताओं ने इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) फाइल किए हैं। यह बात आयकर विभाग ने मंगलवार को एक सोशल मीडिया पोस्ट में कही। इनमें से 2.17 करोड़ करदाताओं ने ITR-1, 79.82 लाख ने ITR-4, 43.18 लाख ने ITR-3 और 26.56 लाख ने ITR-2 फाइल किए।

असेसमेंट वर्ष 2020-21 या वित्त वर्ष 2019-20 के लिए इंडिविजुअल टैक्सपेयर्स के लिए I-T रिटर्न फाइल करने का डेडलाइन 31 दिसंबर 2020 है। अकाउंट ऑडिट कराने की जरूरत वाले करदाताओं के लिए यह डेडलाइन 31 जनवरी 2021 है। यह डेडलाइन क्रमश: 31 जुलाई और 31 अक्टूबर 2020 था, लेकिन कोरोनावायरस महामारी को देखते हुए अंतिम तिथि को आगे बढ़ाया गया है।

असेसमेंट वर्ष 2019-20 के लिए अंतिम तिथि तक 5.65 करोड़ से ज्यादा रिटर्न फाइल हुए थे

वित्त वर्ष 2018-19 या असेसमेंट वर्ष 2019-20 के लिए लेट फी के भुगतान के बिना ITR फाइल करने की अंतिम तिथि तक करदाताओं ने 5.65 करोड़ से ज्यादा रिटर्न फाइल किए थे। पिछले साल भी डेडलाइन को बढ़ाकर 31 अगस्त तक किया गया था। विभाग ने कहा कि 21 अगस्त 2019 तक 3.63 करोड़ ITR फाइल हुए थे, जबकि 21 दिसंबर 2020 तक 3.75 करोड़ ITR फाइल हुए हैं।

50 लाख रुपए तक की आय वाले साधारण भारतीय निवासियों को ITR-1 सहज दाखिल करना होता है

जिन साधारण भारतीय निवासियों की कुल आय 50 लाख रुपए से ज्यादा नहीं है, वे ITR-1 सहज दाखिल कर सकते हैं। जिन निवासियों व्यक्तियों, HUF और कंपनियों (LLP को छोड़कर) की कुल आय अधिकतम 50 लाख रुपए है और किसी बिजनेस या पेशे से अनुमानित आय है, उन्हें ITR-4 सुगम दाखिल करना होता है। ITR-3 और 6 व्यवसायों को फाइल करना होता है। जिन लोगों की रेजीडेंशियल प्रॉपर्टी से आय होती है, उन्हें ITR-2 दाखिल करना होता है। LLP और एसोसिएशन ऑफ पर्संस (AoP) को ITR-5 दाखिल करना होता है। ITR-7 वे लोग फाइल करते हैं, जिन्हें ट्रस्ट या अन्य लीगल ऑब्लिगेशन के तहत पूरी तरह से या आंशिक रूप से चैरिटेबल या धार्मिक उद्देश्य से रखी संपत्ति से आय होती है।