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2008 है सेंसेक्स का सबसे बुरा दौर, 20325 अंकों से शुरू तो 9647 पर खत्म हुआ था साल; 52% की गिरावट हुई थी

एक वर्ष पहले
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  • 2007 में सेंसेक्स में 31% की बढ़ोतरी हुई थी, लेकिन अमेरिका का सब-प्राइम संकट शेयर मार्केट को ले डूबी
  • पिछले 20 सालों में 6 बार सेंसेक्स का रिटर्न निगेटिव रहा, वहीं 15 बार इसें बढ़त देखने को मिली

बिजनेस डेस्क. कोरोनावायरस के बढ़ते संक्रमण और दुनियाभर में इसके बढ़ते मरीजों की संख्या का असर मार्केट पर लगातार हो रहा है। सेंसेक्स 1941.67 अंकों की गिरावट के साथ 35634.95 अंकों पर बंद हुआ। वहीं, निफ्टी 538 अंक नीचे गिरकर 10451.45 अंकों पर बंद हुआ। पिछले 20 सालों में ऐसे कई मौके आए जब सेंसेक्स में उतार-चढ़ाव देखा गया। 2008 में सेंसेक्स की ओपनिंग 20325 अंकों के साथ और क्लोजिंग 9647 अंकों के साथ हुई। यानी 2008 में सबसे ज्यादा 52% की गिरावट हुई थी। हालांकि, 2009 में सेंसेक्स में 44% की बढ़ोतरी हुई थी।

2008 में आई 52% गिरावट का कारण
जनवरी 2008 में सेंसेक्स अपने रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया था। इसके बाद भी सेंसेक्स के लिए 2008 अब तक का सबसे बुरा दौर रहा है। उसी साल 27 अक्टूबर को यह 63 फीसदी गिरकर 7697 तक चला गया था। दरअसल, उस वक्त अमेरिका के सब-प्राइम संकट से पैदा हुई मंदी ने शेयर बाजार को जमीन पर ला दिया था। लोन चुकाने में असमर्थ कर्जदारों को दिए गए कर्ज ने अमेरिका के कई बैंकों को बर्बाद कर दिया। उसी साल सितंबर में अमेरिका की वित्तीय फर्म 'लेमन ब्रदर्स' के दिवालिया होने की खबर आई। इसके बाद दुनियाभर की तमाम अर्थव्यवस्था में निराशा और बैचैनी आ गई।

सेंसेक्स क्या है?
सेंसेक्स मुंबई स्थित शेयर बाजार एसएंडपी बीएसई का सूचकांक है। बीएसई (BSE) का मतलब बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज है। वहीं, SensEx सेंसटिव इंडेक्स से मिलकर बना है। जिसका मतलब संवेदी सूचकांक से होता है। सेंसेक्स, मुंबई शेयर बाजार में रजिस्टर्ड और मार्केट कैप के हिसाब सबसे बड़ी 30 कंपनियों को ही इंडेक्स करता है। सेंसेक्स के घटने या बढ़ने से इस बात का भी बता चलता है कि देश की बड़ी कंपनियों को फायदा या नुकसान क्या हो रहा है।


सेंसेक्स की शुरुआत 1 जनवरी, 1986 में हुई थी। इसके अंदर जिन 30 कंपनियों को शामिल किया गया है, उनमें बदलाव होते रहते हैं। इन कंपनियों को चुनने के लिए एक कमेटी बनाई गई है। 30 कंपनियों को इंडेक्स करने के लिए ही इसे BSE 30 के नाम से भी जाना जाता है।

20 सालों में सेंसेक्स का उतार-चढ़ाव की कहानी