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ECLGS 2.0:3 लाख करोड़ रुपए की गारंटीड लोन स्कीम पर सरकार ने जारी की गाइडलाइन, संकटग्रस्त सेक्टर्स को मिलेगी राहत

नई दिल्ली2 वर्ष पहले
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​​​​​​​गारंटीड लोन स्कीम की घोषणा वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने तीसरे आत्मनिर्भर भारत वित्तीय राहत पैकेज के तहत की थी - Dainik Bhaskar
​​​​​​​गारंटीड लोन स्कीम की घोषणा वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने तीसरे आत्मनिर्भर भारत वित्तीय राहत पैकेज के तहत की थी
  • कामत कमेटी द्वारा पहचाने गए 26 संकटग्रस्त सेक्टर्स को मिलेगा गारंटीड कर्ज
  • योजना के तहत NCGTC लोन के लिए 100% गारंटी देगा

वित्त मंत्रालय ने गुरुवार को विस्तारित इमर्जेंसी क्रेडिट लाइन गारंटी स्कीम (ECLGS) 2.0 के बारे में बैंकों और नॉन-बैंकिंग फाइनेंस कंपनियों को औपचारिक तौर पर सूचना दे दी। गारंटीड लोन स्कीम की घोषणा वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने तीसरे आत्मनिर्भर भारत वित्तीय राहत पैकेज के तहत की थी। योजना के तहत कामत कमेटी द्वारा पहचाने गए 26 संकटग्रस्त सेक्टर्स गारंटीड कर्ज सहायता दी जाएगी।

ECLGS 2.0 के तहत अतिरिक्त कर्ज की अवधि 5 साल होगी, जिसमें 1 साल का मोरेटोरियम होगा। योजना में वे कंपनियां शामिल होंगी, जिनपर 29 फवरी को 50-500 करोड़ रुपए का बकाया था। योजना का मकसद कोरोनावायरस लॉकडाउन से पैदा हुए संकट से कंपनियों को राहत देना है।

क्रेडिट लाइन का कुल साइज 3 लाख करोड़ रुपए का बना रहेगा

क्रेडिट लाइन का कुल साइज 3 लाख करोड़ रुपए का बना रहेगा। योजना के तहत नेशनल क्रेडिट गारंटी ट्रस्टी कंपनी लिमिटेड लोन की 100 फीसदी गारंटी देगी। यह लोन शिड्यूल्ड कमर्शियल बैंक और फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशन के मामले में एडीशनल वर्किंग कैपिटल टर्म लोन फैसिलिटी और नॉन-फंड बेस्ड फैसिलिटी के रूप में और NBFC के मामले में एडीशन टर्म लोन फैसिलिटी के रूप में होगा। गारंटीड लोन स्कीम MSME/बिजनेस एंटरप्राइजेज, व्यक्तिगत कर्जधारकों (यदि ओरीजिनल लोन अपने कारोबार के लिए लिया गया था) और प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY) कर्जधारकों के लिए भी उपलब्ध रहेगी।

ECLGS 2.0 संकटग्रस्त कंपनियों को रोजगार बनाए रखने व देनदारी पूरी करने में मदद करेगी

मंत्रालय ने कहा कि ECLGS 2.0 संकटग्रस्त सेक्टर्स को बड़ी राहत देगी और कंपनियों को रोजगार बनाए रखने व देनदारी पूरी करने में मदद करेगी। यह MSME सेक्टर को भी फायदा पहुंचाएगी, जो योग्य कंपनियों को वस्तु एवं सेवा प्रदान करता है। संशोधित योजना आर्थिक रिकवरी, रोजगार की सुरक्षा और रोजगार सृजन के लिए अनुकूल माहौल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान करेगी।