• Hindi News
  • Business
  • Income Tax Benefits For Senior Citizens; What Is Income Tax Exemption Limit For Senior Citizens? | All You Need To Know

काम की बात:सीनियर सिटीजंस को इनकम टैक्स में मिलती हैं कई तरह की खास रियायतें, जानिए क्या हैं इससे जुड़े नियम

नई दिल्ली2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक

60 साल से अधिक उम्र के लोगों यानी सीनियर सिटीजंस को न सिर्फ टैक्स छूट का लाभ मिलता है बल्कि उन्हें निवेश और रिटर्न पर भी इनकम टैक्स से खास राहत मिलती है। सीनियर सिटीजंस (वरिष्ठ नागरिकों) को 3 लाख रुपए तक की आय पर कोई टैक्स नहीं देना होता है।

सीए अभय शर्मा सीनियर सिटीजंस को मिलने वाले उन टैक्स बेनिफिट्स के बारे में बता रहे हैं जो आम लोगों को नहीं मिलते हैं...

टैक्स लिमिट में छूट
वरिष्ठ नागरिकों के लिए एक वित्तीय वर्ष में टैक्स छूट की सीमा 3 लाख रुपए है, वहीं एक आम आदमी को केवल 2.5 लाख रुपए तक ही टैक्स छूट मिलती है। अति वरिष्ठ नागरिकों के लिए यह 5 लाख रुपए (80 साल से अधिक उम्र) है। यानी अगर किसी सीनियर सिटीजन की सालाना आय 3 लाख रुपए तक है और TDS की कटौती नहीं की गई है, तो उसे इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने की जरूरत नहीं है। इसी तरह अति वरिष्ठ नागरिकों को 5 लाख रुपए तक सालाना इनकम न होने पर इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने की जरूरत नहीं है।

75 साल से ज्यादा उम्र है तो रिटर्न की जरूरत नहीं
75 साल से ज्यादा उम्र वालों को टैक्स रिटर्न फाइल करने की जरूरत नहीं होती। 75 साल से अधिक की उम्र के ऐसे लोगों को आईटीआर भरने की जरूरत नहीं होती है, जो सिर्फ पेंशन या बैंक के ब्याज से होने वाली आय पर निर्भर हैं। हालांकि अगर उनकी दूसरे सोर्सेज से भी कमाई हो रही है, चाहे वह रेंट हो या फिर कुछ और तो उन पर हमेशा की तरह आईटीआर भरने की बाध्यता होगी।

इंश्योरेंस प्रीमियम के भुगतान पर डिडक्शन
इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 80D के तहत सीनियर सिटीजन द्वारा भुगतान किए गए 50 हजार रुपए तक के मेडिकल इंश्योरेंस प्रीमियम को डिडक्शन के तौर पर मंजूरी है। दूसरे नागरिकों के लिए यह सीमा 25 हजार रुपए तय की गई है।

चिकित्सा उपचार पर होने वाले खर्च के लिए कटौती
सेक्शन 80DDB के तहत सीनियर सिटीजन टैक्सपेयर कुछ स्पेसिफिक बीमारियों के इलाज पर हुए खर्च के लिए 1 लाख रुपए तक का डिडक्शन क्लेम कर सकते हैं। 60 साल तक की उम्र का व्यक्ति इस पर 40 हजार रुपए तक का डिडक्शन ही ले सकता है।

ब्याज से होने वाली कमाई पर डिडक्शन
वरिष्ठ नागरिक सेविंग्स बैंक अकाउंट और फिक्स्ड डिपॉजिट से मिले ब्याज पर 50 हजार रुपए (सालाना) तक का डिडक्शन क्लेम कर सकते हैं। आम लोगों के लिए यह सीमा 10 हजार रुपए तय की गई है।

ई-फाइलिंग अनिवार्य नहीं
अति वरिष्ठ नागरिक ITR 1 या ITR 4 में अपना रिटर्न फाइल कर रहे हैं, तो वे इसे पेपर मोड में कर सकते हैं। इसकी ई-फाइलिंग जरूरी नहीं है।

एडवांस टैक्स भुगतान करने पर छूट
इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 208 के अनुसार वो हर व्यक्ति जिसकी टैक्स लायबिलिटी साल के 10 हजार रुपए या इससे अधिक है, उसे एडवांस में टैक्स का भुगतान करना होता है, लेकिन सेक्शन 207 के तहत वो वरिष्ठ नागरिक जिसकी कारोबार या पेशे ये कोई इनकम नहीं है, उसे एडवांस टैक्स का भुगतान नहीं करना होता है।

खबरें और भी हैं...