इस साल अब तक 51 IPO से आए 38,155 करोड़:इनका औसत रिटर्न 50%, बीते साल अगस्त तक 55 कंपनियों ने जुटाए थे 64,768 करोड़ रुपए

नई दिल्ली2 महीने पहले
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कैंलेडर वर्ष 2022 प्राइमरी मार्केट के लिए निराशाजनक रह सकता है। इस साल अब तक आए IPO की संख्या में सालाना आधार पर कमी आई है, लेकिन रिटर्न के मामले में इन IPO से निवेशकों ने बेहतर कमाई की है। 2022 में अब तक IPO ने औसतन 50% रिटर्न दिया है, जबकि सेंसेक्स महज 1.6% चढ़ा है। इस साल अब तक आए 51 IPO से कंपनियों ने कुल 38,155 करोड़ रुपए जुटाए हैं, हालांकि पिछले साल इसी अवधि में 55 IPO से कंपनियां 64,768 करोड़ जुटा चुकी थीं।

इस साल सबसे बड़ा IPO LIC का
पिछले साल की तुलना में 2022 में अब तक सिर्फ आठ IPO ऐसे आए हैं जिन्हें आकार में बड़ा कहा जा सकता है। इनमें से LIC का IPO सबसे बड़ा 15,381 करोड़ रुपए का रहा, लेकिन यह रिटर्न देने के मामले में खराब प्रदर्शन करने वालों में शुमार है। 33 अन्य कंपनियों के IPO 1,000 करोड़ से ज्यादा के रहे। बैंक ऑफ बड़ौदा की इकोनॉमिस्ट दीपान्विता मजूमदार के विश्लेषण से यह जानकारी सामने आई है।

2022 में 1,000 करोड़ से बड़े प्रमुख IPO का रिटर्न

कंपनी का नामइश्यू साइज (करोड़ रु में)इश्यू प्राइस पर रिटर्न
अदाणी विल्मर ​​​​​​15,381+205.6%
पतंजलि फूड्स4,544+106%
वेदांत फैशन3,139+57.3%
डेल्हीवेरी3,045+17.5%
एलआईसी ​​​​​​​2,818-31.1%

2021 में सेंसेक्स में 20% तेजी के मुकाबले IPO ने 74% रिटर्न दिया
विश्लेषण रिपोर्ट के मुताबिक, 2021 के दौरान सेंसेक्स में 20% तेजी के मुकाबले IPO ने 74% रिटर्न दिया, लेकिन 1,000 करोड़ रुपए से अधिक राशि वाले 16 बड़े IPO के शेयर फिलहाल डिस्काउंट पर ट्रेड कर रहे हैं। पूरे कैलेंडर वर्ष 2021 में कुल 99 IPO आए थे। इनके जरिए कंपनियों ने 1,21,680 करोड़ रुपए की पूंजी बाजार से जुटाई थी।

आज से हर्ष इंजीनियर्स इंटरनेशनल के IPO में निवेश का मौका
हर्ष इंजीनियर्स इंटरनेशनल का IPO आज यानी 14 सितंबर को खुलने के बाद सब्सक्राइब करने के लिए 16 सितंबर तक उपलब्ध रहेगा। हर्ष इंजीनियर्स इंटरनेशनल ने IPO के लिए 314 से 330 रुपये का प्राइस बैंड तय किया है। इस IPO का साइज 755 करोड़ रुपए है।

IPO होता क्या है?
जब कोई कंपनी पहली बार अपनी कंपनी के शेयर्स को लोगों को ऑफर करती है तो इसे IPO कहते हैं। कंपनियों द्वारा ये IPO इसलिए जारी किया जाता है जिससे वह शेयर बाजार में आ सके। शेयर बाजार में उतरने के बाद कंपनी के शेयरों की खरीदारी और बिकवाली शेयर बाजार में हो सकेगी। यदि एक बार कंपनी के शेयरों की ट्रेडिंग की इजाजत मिल जाए तो फिर इन्हें खरीदा और बेचा जा सकता है। इसके बाद शेयर को खरीदने और बेचने से होने वाले फायदे और नुकसान में भागीदारी निवेशकों की होती है।

कंपनी IPO क्यों जारी करती है?
जब किसी कंपनी को अपना काम बढ़ाने के लिए पैसों की जरूरत होती है तो वह IPO जारी करती है। ये IPO कंपनी उस वक्त भी जारी कर सकती है जब उसके पास धन की कमी हो वह बाजार से कर्ज लेने के बजाय IPO से पैसा जुटाना चाहती हैं। शेयर बाजार में लिस्टेड होने के बाद कंपनी अपने शेयरों को बेचकर पैसा जुटाती है। बदले में IPO खरीदने वाले लोगों को कंपनी में हिस्सेदारी मिल जाती है। मतलब जब आप किसी कंपनी के शेयर खरीदते हैं तो आप उस कंपनी के खरीदे गए हिस्से के मालिक होते हैं।