अदाणी विल्मर, फिनो ने फाइल किया आवेदन:अगस्त में IPO से 28 हजार करोड़ जुटाएंगी कंपनियां, जुलाई में 14 हजार करोड़ जुटाई थीं

मुंबई4 महीने पहलेलेखक: अजीत सिंह
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  • जुलाई में कुल 6 कंपनियों ने इश्यू लाया था। अकेले जोमैटो ने 9,375 करोड़ जुटाया था
  • ज्यादातर कंपनियों को IPO लाने के लिए सेबी के पास से 2 महीने में मंजूरी मिल जाती है

जुलाई की तुलना में अगस्त में IPO के जरिए कंपनियां दोगुना रकम जुटा सकती हैं। बाजार के जानकारों के मुताबिक, अगस्त में कुल 18 कंपनियां IPO लेकर आ सकती हैं। यह सभी मिलाकर 28 हजार करोड़ रुपए जुटा सकती हैं। जुलाई में कुल 6 कंपनियों ने 14,629 करोड़ रुपए जुटाया है। इसमें अकेले जोमैटो ने ही 9,375 करोड़ रुपए की रकम जुटाई है।

नुवोको विस्टा का भी इश्यू 9 से 11 अगस्त के बीच खुलेगा। बुधवार को इसने इसका प्राइस बैंड घोषित कर दिया। यह 560 से 570 रुपए पर शेयर बेचेगी।

अदाणी विल्मर भी लाएगी इश्यू

2 अगस्त को सेबी के पास चार कंपनियों ने आवेदन जमा कराया है। इसमें अदाणी ग्रुप की एफएमसीजी कंपनी अदाणी विल्मर 4,500 करोड़ रुपए जुटा सकती है, जबकि पॉलिसी बाजार 6 हजार करोड़ रुपए जुटाएगी। नायका 4,000 करोड़ रुपए जुटाएगी। फिनो पेमेंट्स ने भी कल ही सेबी के पास मसौदा जमा कराया है।

नुवोको का इश्यू सबसे बड़ा हो सकता है

अगस्त में सबसे बड़ा इश्यू निरमा की सीमेंट कंपनी नुवोको का हो सकता है। यह 5 हजार करोड़ रुपए जुटाने की योजना पर काम कर रही है। बुधवार को एक साथ 4 कंपनियों के इश्यू खुलेंगे। जबकि 9 अगस्त को कारट्रेड और नुवोको का इश्यू खुलेगा। यह सभी कंपनियां मिलकर 11,611 करोड़ रुपए जुटाएंगी। इसमें क्रष्णा डायग्नोस्टिक्स 1,213 करोड़ रुपए जुटाएगी। यह 954 रुपए पर शेयर बेचेगी। देवयानी इंटरनेशनल 90 रुपए पर शेयर बेचेगी और यह 1,838 करोड़ रुपए जुटाएगी। कारट्रेड 2,998 करोड़ रुपए जुटाएगी।

मेडि असिस्ट, केमप्लास्ट भी आएंगे अगस्त में

इनके अलावा जो और IPO अगस्त महीने में आने वाले हैं, उसमें मेडि असिस्ट हेल्थकेयर सर्विसेस, केमप्लास्ट, अमि ऑर्गेनिक्स, विजया डायग्नोस्टिक्स, पेन्ना सीमेंट, आदित्य बिरला सन लाइफ म्यूचुअल फंड, उत्कर्ष स्माल फाइनेंस बैंक हैं। इसी तरह फिनकेयर स्माल फाइनेंस बैंक, पारस डिफेंस और स्पेस टेक्नोलॉजी के साथ सेवेन आइसलैंड, अप्टस वैल्यू हाउसिंग और सुप्रिया लाइफ साइंस भी इश्यू लाने की तैयारी में हैं। इसमें ज्यादातर फाइनेंशियल और फार्मा की कंपनियां हैं।

दिवाली तक जारी रह सकती है IPO की रफ्तार

वैसे IPO की यह रफ्तार दिवाली तक जारी रह सकती है। ऐसा इसलिए क्योंकि जब भी कंपनियां सेबी के पास आवेदन करती हैं तो ज्यादातर को 2 महीने में IPO लाने की मंजूरी मिल जाती है। जुलाई में 12 आवेदन, जबकि अगस्त में पहले दिन 4 कंपनियों ने आवेदन फाइल किया है। अभी अगस्त में आगे और भी कंपनियां आवेदन फाइल करेंगी। ऐसे में जुलाई और अगस्त में जो आवेदन फाइल होंगे, वे सितंबर से नवंबर के बीच अपने IPO ला सकती हैं। इसी दौरान सबसे बड़ा पेटीएम का इश्यू भी आ सकता है जो 16,600 करोड़ रुपए का होगा।

अगले साल एलआईसी का IPO मचाएगा धूम

अगले साल जनवरी में देश की सबसे बड़ी बीमा कंपनी एलआईसी भी सेबी के पास आवेदन जमा करा सकती है। वह मार्च से पहले अपने इश्यू लेकर आ सकती है। यह बाजार से 80 हजार करोड़ रुपए जुटा सकती है। इस साल जनवरी से जुलाई के बीच कंपनियों ने IPO के जरिए 53 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा की रकम जुटाई है। प्राइमरी बाजार में यह उत्साह दिवाली तक जारी रह सकता है। दरअसल प्राइमरी बाजार में इस तेजी का एक कारण यह भी है कि सेकेंडरी बाजार कुछ समय से एक स्थिर दायरे में ही कारोबार कर रहा है।

निवेशकों को लग रहा है कि नए लिस्ट होने वाले शेयरों में उन्हें सेकेंडरी बाजार की तुलना में ज्यादा फायदा हो सकता है।

हाल में लिस्ट शेयरों ने अच्छा मुनाफा दिया है

हालांकि यह उम्मीद निवेशकों की सही भी है। जो भी शेयर हाल में लिस्ट हुए हैं, उन्होंने निवेशकों की रकम कुछ ही समय में दोगुनी कर दिया है या फिर इसमें 20-50% तक की बढ़त दिखी है। इन निवेशकों के साथ विदेशी निवेशक भी भारतीय बाजार को लेकर उत्साहित हैं। IPO के एंकर निवेशकों के हिस्से में उनकी अच्छी भूमिका रहती है। करीबन 95% IPO इस साल प्रीमियम यानी इश्यू प्राइस की तुलना में ज्यादा भाव पर लिस्ट हुए हैं। जोमैटो, बर्गर किंग, तत्व चिंतन जैसे इश्यू तो दोगुना के करीब लिस्ट हुए हैं। 2021 में फायदा देने वाले इश्यू में G.R. इंफ्रा, न्यूरेका, तत्व चिंतन, इजी ट्रिप और MTAR प्रमुख इश्यू रहे हैं।

क्लीन साइंस, डोडला डेयरी ने भी दिया मुनाफा

इनके अलावा क्लीन साइंस, डोडला डेयरी, किम्स हॉस्पिटल, मैक्रोटेक, सोना कामस्टार, नजारा टेक, लक्ष्मी आर्गेनिक, रेलटेल कॉर्प, स्टोव क्रॉफ्ट जैसे इश्यू ने 40-96% तक का मुनाफा निवेशकों को दिया है। इससे 2021 में कुल 53 हजार करोड़ रुपए इस माध्यम से जुटाए गए हैं। जानकारों का मानना है कि देवयानी इंटरनेशनल जोमैटो, बर्गर किंग इंडिया और बार्बीक्यू नेशन की तरह सफल हो सकती है। ऐसा इसलिए क्योंकि देवनायी KFC, पिज्जा हट जैसे फ्रेंचाइजी को चलाती है जो जोमैटो और बर्गर किंग की ही तरह है।