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  • Tech Layoffs: Google Parent Alphabet To Lay Off 12,000 Employees Or 6% Workforce Worldwide, CEO Sundar Pichai

माइक्रोसॉफ्ट के बाद अब Google में होगी छंटनी:पैरेंट कंपनी अल्फाबेट अपनी वर्ल्डवाइड वर्कफोर्स में से 12,000 एम्प्लॉइज को निकालेगी

15 दिन पहले
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गूगल की पैरेंट कंपनी अल्फाबेट Inc ने शुक्रवार (20 जनवरी) को अनाउंसमेंट की है कि वो अपनी वर्ल्डवाइड टोटल वर्कफोर्स में से 6% यानी 12,000 एम्प्लॉइज की छंटनी का प्लान बना रही है। अल्फाबेट के चीफ एग्जीक्यूटिव ने स्टाफ मेमो में इस बात की जानकारी दी है।

हाल ही में अल्फाबेट के राइवल माइक्रोसॉफ्ट कॉर्प ने कहा था कि इस हफ्ते कंपनी अपनी 5% वर्कफोर्स (11,000 के करीब) को निकाल सकती है। माइक्रोसॉफ्ट और अल्फाबेट में बड़े स्तर पर छंटनी की खबरों से टेक्नोलॉजी सेक्टर में हलचल मच गई है।

अल्फाबेट के CEO सुंदर पिचाई ने क्या कहा?
अल्फाबेट के CEO सुंदर पिचाई ने नोट में कहा, 'गूगलर्स, मेरे पास शेयर करने के लिए कुछ डिफिकल्ट न्यूज है। हमने अपने वर्ल्डवाइड वर्कफोर्स में से लगभग 12,000 रोल्स को कम करने का फैसला किया है। हमने पहले ही अमेरिका में छंटनी से प्रभावित एम्प्लॉइज को एक अलग ईमेल भेज दिया है। इसका मतलब है कि हमें अपने कुछ अविश्वसनीय रूप से प्रतिभाशाली लोगों को अलविदा कहना होगा।'

सुंदर पिचाई ने कहा, 'जिन लोगों को नियुक्त करने के लिए हमने कड़ी मेहनत की और जिनके साथ काम करना पसंद किया। मुझे इस छंटनी के लिए बहुत खेद है। मैं उन फैसलों की पूरी जिम्मेदारी लेता हूं, जो हमें यहां तक लेकर आए। पिछले दो सालों में हमने ड्रामेटिक ग्रोथ देखी है।' उन्होंने आगे कहा, 'मैं अपने मिशन की ताकत, हमारे प्रोडक्ट्स एंड सर्विसेज की वैल्यू और AI में हमारे शुरुआती इन्वेस्टमेंट की बदौलत हमारे सामने बड़े अवसर को लेकर आश्वस्त हूं।"

सबसे ज्यादा अमेरिका के एम्प्लॉइज प्रभावित होंगे
अल्फाबेट में इस छंटनी का प्रभाव रिक्रूटमेंट, कॉरपोरेट फंक्शंस के साथ-साथ कुछ इंजीनियरिंग और प्रोडक्ट्स टीमों के एम्प्लॉइज पर पड़ेगा। गूगल ने कहा, 'यह छंटनी ग्लोबल है और इसमें सबसे ज्यादा अमेरिका के एम्प्लॉइज प्रभावित होंगे।

अल्फाबेट में छंटनी की यह खबर आर्थिक अनिश्चितता के साथ-साथ टेक्नोलॉजिकल प्रॉमिस की अवधि के दौरान आई है। जिसमें गूगल और माइक्रोसॉफ्ट सॉफ्टवेयर के नए एरिया में इन्वेस्ट कर रहे हैं, जिसे जनरेटिव आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के रूप में जाना जाता है।

मार्केट कंडीशन और कॉस्ट कटिंग के कारण छंटनी की जा रही
इससे पहले रिपोर्ट में बताया गया था कि एक्टिविस्ट हेज फंड का दबाव, मार्केट कंडीशन और कॉस्ट कटिंग के कारण छंटनी की जा रही है। गूगल मैनेजर्स को 'खराब प्रदर्शन' करने वाले कर्मचारियों का विश्लेषण करने और उन्हें रैंक देने के लिए कहा गया है। कंपनी का प्लान 6% स्टाफ कम करने का है। सबसे कम रैंक वाले एमप्लॉइज को कंपनी से निकाल दिया जाएगा।

गूगल के एम्प्लॉइज की संख्या ज्यादा
ब्रिटेन के हेज फंड बिलियनेयर क्रिस्टोफर हॉन ने अल्फाबेट को एक लेटर लिखा था। इसमें कहा गया था कि अल्फाफेट के एम्प्लॉइज को अन्य टेक दिग्गजों की तुलना में बहुत अधिक पेमेंट किया जाता है और एम्प्लॉइज की संख्या में भी कटौती करने की आवश्यकता है।

गूगल में 1,87,000 एम्प्लॉइज
अल्फाबेट के पास लगभग 1,87,000 कर्मचारी हैं। हॉन के अनुसार, कर्मचारियों की संख्या कंपनी में मौजूदा माहौल की जरूरतों से मेल नहीं खाती है। हॉन का दावा है कि सर्च इंजन को काफी कम वेतन वाले प्रोफेशनल्स के साथ कुशलता से चलाया जा सकता है।

एम्प्लॉई की ऐवरेज सैलरी 2,95,884 डॉलर
सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज कमीशन फाइलिंग के अनुसार, पिछले साल अल्फाबेट के एमप्लॉइज की ऐवरेज सैलरी करीब 2,95,884 डॉलर थी। हॉन ने अपने लेटर में कहा कि यह सैलरी माइक्रोसॉफ्ट के अपने कर्मचारियों को दिए जाने वाले वेतन से लगभग 70% अधिक है।

अमेरिका की 20 सबसे बड़ी टेक कंपनियों की तुलना में, अल्फाबेट ने अपने एमप्लॉइज को कॉम्पिटिटर्स की तुलना में 153% ज्यादा पेमेंट किया।

ट्विटर, मेटा, अमेजन ने भी छंटनी की
गूगल से पहले ट्विटर, मेटा, अमेजन जैसी कंपनियां भी बड़ी छंटनी कर चुकी हैं। ट्विटर ने करीब 50% एम्प्लॉइज को निकाला है, जबकि मेटा ने अपने इतिहास की सबसे बड़ी छंटनी करते हुए अपने 11,000 लोगों को निकाला है।

वहीं न्यूयॉर्क टाइम्स में दावा किया गया है कि अमेजन में भी 10,000 से ज्यादा कर्मचारियों की छंटनी की जा चुकी है। अमेजन ने खुद भी अगले साल तक छंटनी जारी रहने की जानकारी दी थी।

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