डिफेन्स / जानिए 12 वीं तथा ग्रेजुएट्स के लिए डिफेन्स क्यों है एक बेहतर करियर ऑप्शन

देश की सेवा के साथ डिफेन्स क्षेत्र एक सम्मानित करियर भी प्रदान करता है।

Know why defense is a better career option for 12th and graduates
Know why defense is a better career option for 12th and graduates
Know why defense is a better career option for 12th and graduates
X
Know why defense is a better career option for 12th and graduates
Know why defense is a better career option for 12th and graduates
Know why defense is a better career option for 12th and graduates

Dainik Bhaskar

Aug 20, 2019, 06:11 PM IST

सरकारी आकड़ों के मुताबिक, सबसे अधिक भर्तियां करने में भारतीय सेना का एक बड़ा नाम है, जहां हर साल लगभग 60,000 युवाओं को भर्ती किया जाता है। हाल ही के आकड़ों के मुताबिक, डिफेंस क्षेत्र में कुल 5,85,476 जॉब पोस्ट हैं जिसमें से 3,98,422 पद अधिकृत है और 1,87,054 पदों पर अभी भी जॉब वैकेंसी है। ऐसे में डिफेंस में करियर उन युवाओं के लिए एक बड़ा अवसर है जो एक साहसिक जीवन जीना चाहते हैं।

आमतौर पर युवाओं का रुझान डॉक्टर और इंजीनियरिंग की ओर देखा जाता था लेकिन डिफेंस में होते विकास के चलते युवाओं का रुझान डिफेंस में करियर की ओर बढ़ गया है। डिफेंस में जॉब न केवल एक प्रतिष्ठित और सम्मानित जॉब है, बल्कि इसमें युवाओं को अपने देश की सेवा करने का भी सौभाग्य मिलता है। यही कारण है कि बदलते समय के साथ युवाओं की अपने करियर को लेकर पसंद भी बदलती जा रही है।

बीते कुछ सालों से डिफेंस क्षेत्र एक बेहतर जॉब विकल्प के रूप में उभर कर सामने आ रहा है। इसके साथ ही इस क्षेत्र में करियर बनाने की तरफ युवाओं का रुझान भी बढ़ता जा रहा है। जिसके मुख्य कारण हैं-

    • जॉब में ग्रोथ के बेहतर विकल्प

    • बेहतर सैलरी पैकेज के साथ कई सरकारी सुविधाओं का लाभ

    • बेहतर व व्यवस्थित जीवन शैली

    • देश के लिए कुछ करने का मौका

    • प्रतिष्ठित जॉब

तो अगर आप भी इस तरह की जॉब की दावेदारी करना चाहते हैं तो जानिए किस तरह के कोर्स व परीक्षा आपको डिफेंस में एक बेहतर नौकरी दिला सकते हैं।

परीक्षाएं -

परीक्षा

उम्र सीमा

अधिक जानकारी के लिए लिंक

एनडीए

16.5-19.5वर्ष

क्लिक करें

सीडीएस

20 -24वर्ष

क्लिक करें

इंडियन एयर फोर्स– Xग्रुप

21वर्ष

क्लिक करें

इंडियन एयर फोर्स-Yग्रुप

21वर्ष

क्लिक करें

इंडियन नेवी AA

17- 20वर्ष

क्लिक करें

इंडियन नेवी SSR

16- 20वर्ष

क्लिक करें

AFCAT

20 – 26वर्ष

क्लिक करें

*साल 2019 के हिसाब से

 

    • NDA: एग्जाम UPSC द्वारा साल में दो बार आयोजित किया जाता है। इसे क्लियर करने के बाद भारतीय सेना यानी थल सेना, वायु सेना और नौसेना में जाने का मौका मिलता है। इंडियन आर्मी के लिए छात्र का 12वीं पास होना व वायु सेना और नौ सेना के लिए छात्र को 12वीं में भौतिकी विज्ञान अथवा गणित विषय का होना जरूरी है। 

 • CDS: इसके लिए सभी स्नातक  छात्र अप्लाई कर सकते हैं, यह एग्जाम साल में दो बार UPSC द्वारा आयोजित करवाया जाता है। इसके द्वारा लेफ्टिनेंट की पोस्ट के लिए चयन किया जाता है।  CDS उम्मीदवारों को भारतीय सैन्य अकादमी (IMA), भारतीय नौसेना अकादमी (INA) और वायु सेना अकादमी (AFA) में प्रवेश देता है।

    • Air force X व Y ग्रुप के एग्जाम से एयरमैन का चयन किया जाता है, X ग्रुप में अप्लाई करने के लिए उम्मीदवार का 12वीं में गणित, फिजिक्स सब्जेक्ट होना जरूरी हैं, वहीं Y ग्रुप के लिए अन्य विषय वाले छात्र भी आवेदन कर सकते हैं ।

    • Navy AA पद के लिए अप्लाई करने वाले उम्मीदवार के 12वीं में न्यूनतम 60% अंक होने अनिवार्य हैं। उसके पास 12वीं में मैथ, फिजिक्स के अलावा केमिस्ट्री/ बॉयोलॉजी/ कंप्यूटर साइंस में से एक सब्जेक्ट होना चाहिए। वहीं Navy SSR के लिए उम्मीदवार के पास 12वीं में मैथ, फिजिक्स के अलावा केमिस्ट्री/ बॉयोलॉजी/ कंप्यूटर साइंस में से एक विषय होना अनिवार्य है। 

    • AFCAT : ये परीक्षा 3 विभिन्न पदों के लिए आयोजित की जाती है - 1. फ्लाइंग विभाग 2. तकनीकी विभाग 3. ग्राउंड ड्यूटी विभाग। फ्लाइंग विभाग के पद के लिए उम्मीदवार का न्यूनतम 60% अंको के साथ BE या B. TECH चार साल का पाठ्यक्रम होना चाहिए। वहीं तकनीकी विभाग के लिए चार साल की इंजीनियरिंग व प्रौद्योगिकी में स्नातक या स्नातकोत्तर की डिग्री होनी आवश्यक है।  अगर उम्मीदवार ग्राउंड ड्यूटी विभाग के लिए अप्लाई करना चाहता है तो ऐसे में उसका किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से 3 वर्ष के पाठ्यक्रम होना जरूरी है वहीं स्नातक में न्यूनतम 60% अंक के साथ उत्तीर्ण होना भी आवश्यक है। 

अगर आप भी इस डिफेंस सेक्टर में जॉब करना चाहते हैं तो आइए जानते हैं इससे जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण जानकारी-

डिफेंस क्षेत्र में नौकरी पाने के लिए योग्यता और उसकी चयन प्रक्रिया 

इस क्षेत्र में नौकरी के लिए उम्मीदवार का 12वीं पास होना जरूरी है, इसके साथ ही स्नातक छात्र भी डिफेंस क्षेत्र की परीक्षाओं में बैठने के योग्य होते हैं। पढ़ाई के साथ ही उम्मीदवार का शारीरिक और मनोवैज्ञानिक तरीके से भी फिट होना बहुत जरूरी है। क्यूंकी इन परीक्षाओं को पास करने के लिए लिखित परीक्षा के साथ, कई मनोवैज्ञानिक, शारीरिक और मेडिकल टेस्ट से गुजरना पड़ता है।

चयन प्रक्रिया 

12वीं पास और स्नातक छात्र (स्नातक के आखिर साल में पढ़ रहे छात्र) यूपीएससी द्वारा आयोजित  क्रमश: NDA व CDS   की  लिखित परीक्षा में भाग ले सकते हैं। जिसमें चुने गए उम्मीदवारों को सर्विसेज सलेक्शन बोर्ड (एसएसबी) द्वारा पांच दिन तक चलने वाले इंटरव्यू में शामिल होना पड़ता है। जिसमें होने वाले शारीरिक और मेडिकल टेस्ट में उम्मीदवार का पास होना भी अनिवार्य होता है। इस सभी परीक्षाओं के बाद, पास होने वाले उम्मीदवार का आर्मी, नेवी व एयरफोर्स में से किसी एक क्षेत्र में चयन किया जाता है ये चयन प्रक्रिया उम्मीदवार द्वारा चयनित डिफेंस क्षेत्र के हिसाब से की जाती है।  

वहीं एयर फोर्स X और Y ग्रुप की परीक्षा IAF द्वारा तीन फेज में आयोजित करवाई जाती है जिसमें एयरमैन के पद के लिए उम्मीदवार का चयन किया जाता है। जहां फेज-1 में ऑनलाइन टेस्ट, फेज-2 अनुकूलता परीक्षण और फेज-3 मेडिकल और शारीरिक फिटनेस टेस्ट किए जाते हैं तत्पश्चात पास होने वाले छात्रों का एयरमैन पद के लिए चयन किया जाता है।  

इंडियन नेवी की परीक्षा, इंडियन नेवी के द्वारा आयोजित की जाती है, इसकी चयन प्रक्रिया में उम्मीदवारों को तीन स्टेज से गुजरना पड़ता है। इस प्रक्रिया में सबसे पहले कंप्यूटर आधारित परीक्षा होती है। उसमें पास होने के बाद शारीरिक फिटनेस टेस्ट किया जाता है और अंत में मेडिकल एग्जामिनेशन की प्रक्रिया होती है। 

आइए अब जानते हैं कि डिफेंस क्षेत्र में नौकरी पाने के लिए किस तरह से तैयारी करनी चाहिए, जो नौकरी दिलाने में आपकी सहायता करेगी।

कैसे करें तैयारी -

पाठ्यक्रम की हो पूरी जानकारी- डिफेंस क्षेत्र में नौकरी के लिए विभिन्न एग्जाम आयोजित होते हैं, जिसमें उम्मीदवारों का विभिन्न विषयों की जानकारी होना बहुत जरूरी है। इसलिए आवेदन करने से पहले सभी निर्देशों और पाठ्यक्रम तथा अन्य मानकों को सही से पढ़ना बहुत जरूरी होता है। इससे एग्जाम में आने वाले सभी विषयों के सभी टॉपिक्स के बारे में पता चलता है जिससे उम्मीदवार को सिलेबस के मुताबिक एग्जाम की तैयारी करने में आसानी हो जाती है।  

हमेशा अपडेट रहना है जरूरी-  एग्जाम चाहे कोई भी हो, जरनल नॉलेज की जानकारी होना बहुत जरूरी होता है। इस तरह के विषय की तैयारी रातों-रात नहीं की जा सकती है। तो अगर आपने भी डिफेंस एग्जाम देने का मन बना लिया है, तो इसकी बेहतर तैयारी के लिए न्यूजपेपर, टीवी पर समाचार, डिबेट्स शो को अपनी दिनचर्या का हिस्सा ज़रुर बनाएँ। इस तरह से आसपास और दुनिया में घटित होने वाली अहम घटनाओं से आप परिचित रहेंगे।

टाइम मैनेजमेंट- समय का सही प्रबंधन जीवन के हर पड़ाव को पार करने में बहुत बड़ी भूमिका निभाता है। ख़ासकर इस तरह के कॉम्पीटीशन एग्जाम को पास करने के लिए टाइम मैनेजमेंट की बहुत बड़ी भूमिका होती है। टाइम मैनेजमेंट की मदद से उम्मीदवार कम समय में अधिक और सटीक जवाब दे पाते हैं। वहीं टाइम मैनेजमेंट की मदद से स्टडी करते समय सभी टॉपिक्स के लिए समय का प्रबंधन आसानी से हो जाता है।

आत्मविश्वास होना है जरूरी- आत्मविश्वास एक ऐसी चीज़ है जो किसी के भी व्यक्तित्व को निखारने में अहम भूमिका निभाती है। इसलिए परीक्षा का समय हो या परीक्षा की तैयारी अपनी मेहनत पर हमेशा भरोसा रखना चाहिए। आत्मविश्वास आपकी मेहनत को निखरती है और सफलता हासिल करने में भी बहुत बड़ी भूमिका निभाती है। परीक्षा देने से पहले घबराना नहीं चाहिए, क्योंकि निराश होने से सकारात्मक ऊर्जा नहीं मिल पाती है। 

रक्षा क्षेत्र में सेवा के लिए केवल नॉलेज ही पर्याप्त नहीं होती है, इसके लिए उम्मीदवार को शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूत होना चाहिए वहीं उम्मीदवार का अनुशासित और व्यवस्थित होना भी अतिआवश्यक है। 

इन सभी बातों को ध्यान में रखते हुए छात्र को मुश्किल से मुश्किल डिफेंस परीक्षाओं में सफलता पाने में मदद मिलती है। लेकिन क्या सिर्फ घर पर की गयी तैयारी इस तरह के एग्जाम्स के लिए काफी है? जवाब है नहीं। क्योंकि सिर्फ विषयों का किताबी ज्ञान ही डिफेंस की परीक्षाओं के लिए काफी नहीं होता है,  इसके लिए बेहतर शिक्षण संस्थान से ट्रेनिंग लेना अतिआवश्यक होता है। आइए जानते हैं कि बेहतर प्रशिक्षण के लिए किस तरह के शिक्षण संस्थान से ट्रेनिंग लेना जरूरी है।

शिक्षा संस्थानों का तैयारी में महत्व :

किसी भी जॉब या बेहतर करियर के लिए जितना ज्ञान व परिश्रम जरूरी है उतना है जरूरी एक अच्छा शिक्षण संस्थान भी जरूरी है, जो सही प्रशिक्षण के साथ अच्छी ट्रेनिंग भी दे। ऐसे में अगर डिफेंस के लिए एक बेहतर शिक्षण संस्थान की बात की जाए तो जयपुर की टर्निंग प्वाइंट डिफेंस एकेडमी का नाम पहले आता है। जो पिछले 10 सालों से सफलतापूर्वक छात्रों को डिफेंस के लिए तैयार कर रहा है। यहाँ पिछले 10 वर्षों से लगातार हर वर्ष लगभग 500 से 1000 छात्रों का एनडीए, सीडीएस, एयरफोर्स, नेवी तथा आर्मी के लिए चयन होता आ रहा है, यही वजह है कि ये राजस्थान की सबसे अग्रणी डिफेंस एकेडमी बन चुकी है।

टर्निंग प्वाइंट डिफेंस एकेडमी का प्रशिक्षण कैसे है बेहतर?

शुरुआती स्तर से प्रशिक्षण की नींव- डिफेंस जैसी अहम प्रतियोगिता परीक्षाओं को ध्यान में रखते हुए टर्निंग पॉइंट डिफेंस एकेडमी, छात्रों को शुरुआती स्तर ट्रेनिंग प्रदान करती है। ताकि जब छात्र एग्जाम देने के लिए योग्य हो तो उस समय छात्र पहले से ही दिमागी और शारीरिक रूप से परीक्षा के लिए सक्षम रहे। इसलिए यहाँ 11 वीं, 12वीं कक्षा तथा बीएससी के साथ भी फाउंडेशन कोर्सेज की सुविधा भी उपलब्ध करवाई जाती है जिससे छात्र पढ़ाई के साथ - साथ खुद को बढ़ते कॉम्पीटीशन के लिए तैयार रख पाएँ।

अपडेटेड प्रशिक्षण पैटर्न- टर्निंग प्वाइंट डिफेंस एकेडमी राजस्थान की एक अग्रणी डिफेंस एकेडमी है, जो हमेशा समय और प्रतियोगिता के हिसाब से अपने छात्रों को ट्रेनिंग देती है। यहाँ पर पढ़ने वाले सभी छात्र और छात्राओं को नए तकनीकों के हिसाब से कॉम्पीटीशन के लिए तैयार किया जाता है। यहाँ छात्रों को बेहतर प्रशिक्षण देने के लिए अनुभवी प्रशिक्षकों, सेवानिवृत डिफेन्स अधिकारियों द्वारा फिजिकल ट्रेनिंग, लिखित परीक्षा व इंटरव्यूज की तैयारी करवाई जाती है। इसके साथ ही यहाँ छात्रों के लिए ऑनलाइन टेस्ट की सुविधा हर समय उपलब्ध रहती है।

शारीरिक एवं मनोवैज्ञानिक प्रशिक्षण- इस संस्थान में पढ़ाई के साथ- साथ छात्रों की शारीरिक और मनोवैज्ञानिक प्रशिक्षण पर भी ध्यान दिया जाता है। अनुभवी प्रशिक्षकों द्वारा शारीरिक व मनोवैज्ञानिक प्रशिक्षण की ट्रेनिंग दी जाती है, ताकि उम्मीदवार टेस्ट को दौरान शारीरिक और मानसिक रूप से चुस्त- दुरुस्त रहे। इसके साथ ही छात्रों में शारीरिक अनुशासन को बनाए रखने के लिए इस एकेडमी में योगा और प्राणायाम क्लासेज भी आयोजित करवाई जाती हैं।  

क्रैश कोर्स की सुविधा-  यहाँ छात्रों को एग्जाम से एक महीने पहले क्रैश कोर्स जैसी बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाती हैं, ताकि एग्जाम से पहले सभी छात्र अपने सारे विषयों का सही ढंग से  रिवीजन कर पाएँ। इन क्रैश कोर्स की सहायता से छात्रों को परीक्षा पास करने के लिए सही मार्गदर्शन मिलता है, जिसकी मदद से छात्र परीक्षा के लिए पूर्ण रूप से तैयार हो पाते हैं ।

SSB साक्षात्कार के लिए बेहतर तैयारी- डिफेंस के अधिकतर एग्जाम्स में SSB साक्षात्कार होता है, जो चयन प्रक्रिया का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसी जरूरत को समझते हुए इस एकेडमी में समय - समय पर रिटायर्ड डिफेंस ऑफिसर्स की टीम द्वारा SSB साक्षात्कार के लिए वर्क-शॉप का आयोजन किया जाता है। जिसके माध्यम से छात्रों की हर एक्टिविटी पर ध्यान दिया जाता है ताकि उनमें पर्सनेलिटी के साथ विभिन्न क्वालिटीज विकसित हो सकें इसके साथ ही उनका ओवर ऑल व्यक्तित्व विकास हो सकें।

स्पेशल इंग्लिश स्पोकेन क्लासेज - डिफेन्स क्षेत्र की परीक्षाओं के इंटरव्यू व पर्सनालिटी टेस्ट में अंग्रेजी के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए यहाँ स्पोकन इंग्लिश की कक्षाएं आयोजित की जाती हैं। इस तरह की कक्षाएं इसलिए भी अधिक जरूरी हो जाती हैं क्योंकि डिफेन्स क्षेत्र में नौकरी पाने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों के छात्रों का सर्वाधिक रुझान देखने को मिलता है। ऐसे में सभी छात्रों को विशेष स्पोकन इंग्लिश कक्षाओं की सुविधा हर कोर्स के साथ उपलब्ध करवाई जाती है,  जिससे किसी भी छात्र को अंग्रेजी बोलने में हिचकिचाहट व संकोच न हों।  

उत्कृष्ट बैच की सुविधा-  टर्निंग पॉइंट डिफेंस एकेडमी में सभी तरह के कोर्स के लिए दो प्रकार के बैच हर समय उपलब्ध रहते हैं। जिसमें टारगेट बैच व एलटीएम बैच शामिल हैं। 

    1. टारगेट बैच: इस बैच में स्टूडेंट्स को पूरा सिलेबस एग्जाम होने तक अच्छे तरीके से करवाया जाता है। इसके साथ स्टूडेंट्स को SSB इंटरव्यू या फेस २ के लिए तैयार किया जाता है।

    2. एलटीएम बैच: इस बैच में स्टूडेंट सलेक्शन न होने तक पढ़ सकता है व तैयारी कर सकता है।  इसके साथ स्टूडेंट्स को SSB इंटरव्यू या फेस २ के लिए भी तैयार किया जाता है।

ओवर ऑल डवलपमेंट: छात्रों के ओवर ऑल डवलपमेंट को ध्यान में रखते हुए यहाँ बेहतर प्रशिक्षण प्रणाली के साथ निशुल्क परामर्श व मार्गदर्शन प्रणाली विकसित की गई है, जिसमें शामिल हैं:

·             एप्टीट्यूड टेस्ट

·             मनोवैज्ञानिक परीक्षण

·             विशेषज्ञों द्वारा परामर्श

·             व्यक्तित्व परीक्षण

·             शारीरिक प्रशिक्षण और योगा अभ्यास

·             जीवन भर के लिए मेम्बर-शिप कार्ड

·             स्पेशल इंग्लिश स्पोकेन क्लासेज हिन्दी मीडियम वाले छात्रों के लिए 

·             स्कॉलरशिप मेधावी, शहीदों के आश्रितों और गरीब छात्रों के लिए।

इन विभिन्न परीक्षणों / काउंसलिंग का उद्देश्य छात्रों का मानसिक स्तर बढ़ाना हैं ताकि रक्षा बलों में अपने करियर के प्रति छात्रों का मनोबल बना रहे। इसके साथ ही यहाँ छात्रों के लिए लाइब्रेरी की सुविधा भी है जिससे छात्र कोर्स से जुड़ी किताबों का अध्ययन आसानी से कर पाते हैं। इस सुविधा के चलते छात्रों की तैयारी बेहतर ढंग से हो पाती है और किताबों के अभाव में किसी भी छात्र को परेशानी का सामना नहीं करना पड़ता है। इन सभी प्रणालियों के चलते ही ये  एकेडमी अनुशासित छात्रों,  विशेषज्ञ फैकल्टीज और उत्कृष्ट शारीरिक प्रशिक्षकों के लिए जानी जाती है।

स्कॉलरशिप- 

·         शहीदों की कुर्बानी का सम्मान करते हुए टर्निंग पॉइंट एकेडमी, भारतीय सेना में शहीद हुए जवानों के आश्रितों को 40% तक की स्कॉलरशिप प्रदान की जाती है।

·         12वीं कक्षा में 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले छात्रों को 20 प्रतिशत तक की स्कॉलरशिप प्रदान की जाती है।

·         वहीं गरीबी रेखा से नीचे (बीपीएल) आने वाले व आर्थिक रूप से असक्षम छात्रों को भी 20 प्रतिशत तक की स्कॉलरशिप प्रदान की जाती है।

तो अगर आप भी डिफेंस के क्षेत्र में अपना करियर तलाश रहे हैं या एक बेहतर व प्रतिष्ठित जॉब की इच्छा रखते हैं, तो टर्निंग प्वाइंट डिफेंस एकेडमी आपके सपनों को साकार करने सहायक हो सकती है। शिक्षित छात्रों के अनुशासन तथा समर्पण की वजह से इस एकेडमी ने कई युवाओं के सपनों को साकार किया है, और भावी अभ्यर्थियों के लिए कई प्रेरणात्मक उदाहरण भी पेश किये हैं।

 

 

COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना