बचेली

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40 नए छात्रावासों का प्रस्ताव, कोई मंजूर नहीं

दक्षिण बस्तर जिले दंतेवाड़ा में इस बार नए वित्तीय वर्ष में एक भी नए आश्रम-छात्रावास की मंजूरी नहीं मिल पाई है।...

Dainik Bhaskar

Feb 25, 2018, 02:00 AM IST
दक्षिण बस्तर जिले दंतेवाड़ा में इस बार नए वित्तीय वर्ष में एक भी नए आश्रम-छात्रावास की मंजूरी नहीं मिल पाई है। आदिम जाति कल्याण विभाग की ओर से 40 नए छात्रावास खोलने का प्रस्ताव शासन को भेजा गया था, लेकिन बजट में शामिल नहीं किए जाने से इन इलाकों के निवासियों को मायूसी हुई है।

दरअसल हाई स्कूल स्तर वाले स्कूलों में छात्रावास की सुविधा होने पर दर्ज संख्या में इजाफा होता है। इसका असर दसवीं बोर्ड से पास होने वालों की संख्या पर भी पड़ता है, जिससे स्कूलों के हायर सेकेंडरी स्कूल में उन्नयन की संभावना बढ़ती है।

एेसे स्कूलों में पंडेवार, गदापाल, तुड़पारास, बालपेट के स्कूल शामिल हैं। इस बार सरकार के वार्षिक बजट में एक भी हाई स्कूल का हायर सेकंड्री में उन्नयन की मंजूरी नहीं मिली।

जिला शिक्षा अधिकारी डी समैया के मुताबिक समलूर और पंडेवार हाईस्कूल को हायर सेकेंडरी में अौर बड़े बचेली के माध्यमिक शाला को हाईस्कूल में उन्नयन का प्रस्ताव भेजा गया था। इसकी मंजूरी नहीं मिली है। आश्रम-छात्रावास का संचालन ट्राइबल विभाग करता है। इसकी जानकारी वही बता सकते हैं।

जिले के एक भी हाई स्कूल का हायर सेकंडरी में नहीं हुआ उन्नयन

125 आश्रम और छात्रावास चल रहे

जिले में छात्र-छात्राओं को आवासीय सुविधा दिलाने फिलहाल 125 आश्रम-छात्रावास संचालित हैंं, जिनमें 55 प्री व पाेस्ट मैट्रिक छात्रावास और 70 आश्रम शाला शामिल हैं। दसवीं तक की पढ़ाई वाले स्कूलों में प्री मैट्रिक और दसवीं से आगे की पढ़ाई की सुविधा के लिए पोस्ट मैट्रिक छात्रावास संचालन की व्यवस्था ट्राइबल विभाग करता है।

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