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राजधानी के अस्पतालों में डेंगू के 60 मरीज इनमें भिलाई के ज्यादा लेकिन खतरा यहां भी

रायपुर| भिलाई में डेंगू के फैलाव को देखते हुए राजधानी के अस्पताल अलर्ट हो गए हैं, क्योंकि यहां भी सरकारी और निजी...

Dainik Bhaskar

Aug 09, 2018, 03:10 AM IST
राजधानी के अस्पतालों में डेंगू के 60 मरीज इनमें भिलाई के ज्यादा लेकिन खतरा यहां भी
रायपुर| भिलाई में डेंगू के फैलाव को देखते हुए राजधानी के अस्पताल अलर्ट हो गए हैं, क्योंकि यहां भी सरकारी और निजी अस्पतालों में अब तक डेंगू के 60 मरीज भर्ती हो चुके हैं। इनमें से कुछ स्वस्थ हो गए, कुछ का इलाज चल रहा है। अस्पतालों में हालांकि भिलाई-दुर्ग से आए मरीजों की संख्या ज्यादा है, लेकिन प्रदेश के सबसे बड़े सरकारी अंबेडकर अस्पताल में एहतियातन डेंगू का अलग वार्ड बना दिया गया है।

राजधानी की एक महिला की 20 दिन पहले डेंगू से मृत्यु हुई थी। उस वक्त यहां के अस्पतालों में डेंगू के इक्का-दुक्का मरीज थे, इसलिए स्थानीय एजेंसियों ने एलर्ट जारी नहीं किया। लेकिन भिलाई में पांच लोगों की मौत और यहां के अस्पतालों में डेंगू के मरीजों की धीरे-धीरे बढ़ती संख्या को देखते हुए अंबेडकर प्रशासन ने वार्ड अलग किया है। इस वार्ड में डेंगू के लक्षण वाले 10 मरीजों का इलाज चल रहा है, जिनमें आठ रायपुर के हैं। इन मरीजों के ब्लड का सैंपल जांच के लिए भेजा गया है। दो दिनों में रिपोर्ट आ जाएगी। डाक्टरों ने बताया कि पिछले डेढ़ माह में यहां 15 मरीजों को डेंगू होने की पुष्टि हुई थी। सभी इलाज के बाद स्वस्थ हो गए और छुट्टी दे दी गई। अंबेडकर अस्पताल में मेडिसिन विभाग के डॉ. आरएल खरे व डॉ. योगेंद्र मल्होत्रा ने बताया कि कुछ एहतियात बरतने से डेंगू से आसानी से बचाव हो सकता है।

निजी अस्पतालों में बढ़ी संख्या

लालपुर स्थित दो प्रमुख निजी अस्पतालों में अभी 20 से ज्यादा मरीजों का इलाज चल रहा है। इनमें आधे से ज्यादा मरीज दुर्ग-भिलाई के रहने वाले हैं। रामकृष्ण अस्पताल के वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. अब्बास नकवी ने बताया कि अभी भर्ती अधिकांश मरीज स्वस्थ हो रहे हैं। देवेंद्रनगर स्थित निजी अस्पताल के डायरेक्टर डॉ. सुनील खेमका ने बताया कि उनके अस्पताल में पिछले डेढ़ माह में 10 से ज्यादा डेंगू के मरीजों का इलाज किया जा चुका है। मोवा स्थित निजी अस्पताल के डायरेक्टर डॉ. देवेंद्र नायक ने बताया कि आठ मरीज भर्ती थे। सभी स्वस्थ हो गए हैं।

2 हजार घरों में गई जांच टीमों ने डॉक्टर और पार्षद तक

के कूलरों से निकाले डेंगू के लार्वा, बचाव में उतरा शहर

ऑन द स्पॉट

8 हेल्थ टीमें, 6 रिपोर्टर, 6 घंटे जांच

भास्कर टीम | रायपुर

भिलाई में डेंगू से नौ साल की मासूम समेत 5 लोगों की मृत्यु और 300 से ज्यादा के बीमार होने के सूचना से राजधानी बेचैन हो गई है। वजह है सिर्फ 40 किमी की दूरी और यहां के अस्पतालों में भर्ती डेंगू के 60 मरीज। मंगलवार की रात भिलाई में डेंगू से हुई मौत के बाद नगर निगम और स्वास्थ्य विभाग के अफसरों ने इस बीमारी से लड़ने के लिए बुधवार से ही काम्बिंग ऑपरेशन शुरू करने का प्लान बनाया। सुबह 8 बजे डाक्टरों और तकनीशियनों की आठ टीमों के साथ दैनिक भास्कर के 6 रिपोर्टरों की टीम 8 वार्डों में 2 हजार घरों तक पहुंची और डेंगू के कारणों की सफाई की गई। इस दौरान एक हजार से ज्यादा कूलर साफ करवाए गए और ज्यादातर में डेंगू के लार्वा मिले। घरों के सामने पानी स्टोर करने वाली टंकियों में बारिश का अनुपयोगी पानी मिला तो इन्हें खाली करवाया। छतों पर जमा पानी साफ किया गया और आसपास के डबरों में दवाइयां डाली गईं।

ऐसा लगे तो डेंगू






कैसे बचें






डेंगू के खिलाफ पहला लाइव कॉम्बिंग ऑपरेशन : सैकड़ों कूलर साफ किए पानी भरे ड्रम लुढ़काए, छतों में जमा पानी बहाया, डबरों में छिड़कीं दवाइयां

डेंगू से बचाव के उपाय बताए

राम नगर और सुदामा नगर में हेल्थ टीम करीब 250 घरों में पहुंची। वहां लोगों की पर्चियां बांटकर डेंगू से बचने के तरीके बताए। अमला यहां से मारवाड़ी श्मशान घाट के पास पं. मोतीलाल नेहरू वार्ड के वीरभद्र नगर पहुंचा। यहां सुलभ के पास कैंप लगाकार लोगों को डेंगू मच्छर के बारे में बताया गया।

निगम हेल्थ टीम

नगर निगम से : हेल्थ आफिसर डा. बीके मिश्रा के साथ जोन हेल्थ अफसर बरुन बंजारी, तरुण ठाकुर, आईएच अंसारी और आत्मानंद साहू।

स्वास्थ्य विभाग से : मलेरिया अफसर डा. विमल किशोर राय के साथ केएस श्रीवास, महामारी विशेषज्ञ डा. वीरेंद्र गंजीर, सुपरवाइजर रेवानंद साहू।

भास्कर टीम : असगर खान, ठाकुरराम यादव, पीलूराम साहू, अमनेश दुबे और प्रमोद साहू। साथ में फोटो जर्नलिस्ट भूपेश केशरवानी।

गड्ढों में किया दवा का छिड़काव

बैजनाथपारा, गोलबाजार, चूड़ीलाइन, सदर बाजार, रामसागरपारा, केंवट गली तथा मांगड़ापारा के 200 से ज्यादा घरों में पहुंची डाक्टरों की टीम ने पानी भरे गड्ढे में दवा का छिड़काव किया। गुढ़ियारी, मंगलबाजार, एकता नगर, तिलक नगर, कोटा, टीचर्स कालोनी के 250 से अधिक घरों में पहुंची टीम ने पंपलेट भी बांटे।

त्रिमूर्ति नगर

डॉक्टर के कूलर में मच्छर के अंडे

भरत नगर में टीम एक जनरल प्रेक्टिशनर डा. साहू के क्लीनिक पहुंची। भीतर टेबल पर भरा हुआ कूलर रखा था। इसे जैसे ही खोला गया और टार्च मारी गई, पानी में तैरते कण दिखे जिसे डाक्टरों ने मच्छर के अंडे बताया। ये एक-दो दिन में लार्वा बन जाते। यह कूलर साफ करवाया गया। यहां भी 150 से घर जांचे गए।

प्रिंसिपल के कूलर से निकले लार्वा

भास्कर के साथ निगम और स्वास्थ्य विभाग के डाक्टरों की एक टीम सुबह 8 बजे जोन-8 में रामनगर, लक्ष्मण नगर, सुदामा नगर और तरुण नगर बस्ती पहुंची और करीब 300 घरों में गई। अधिकांश घरों के भीतर बाहर रखे कूलरों में पानी भरा मिला। नर्सरी से पांचवी क्लास तक एक निजी स्कूल की डायरेक्टर के चैंबर में लगे कूलर को टीम ने खुलवाया तो एडिस मच्छर के 20 लार्वा तैरते मिले।

काई यानी महीनेभर से पानी जमा

त्रिमूर्ति नगर में ही जिन घरों के सामने टंकियां थीं और पानी भरा था, टीम ने वहां भी जांच की। महिलाओं ने बताया कि पानी हाल में भरा है, लेकिन डाक्टरों ने उन्हें काई (शैवाल) दिखाया और कहा कि यह महीनेभर से इकट्ठा पानी में ही जमती हैं। मच्छरों के अंडे देने की यह सबसे मुफीद जगह है। फिर इन्हें खाली करवाया गया।

ऐसे अलर्ट हुए हम

भास्कर पहल

आईएमए के हेल्थ कैंप

डेंगू के प्रति लोगों को जागरुक करने इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की रायपुर ब्रांच जगह-जगह कैंप लगाएगी। अध्यक्ष डॉ. महेश सिन्हा ने अपना मोबाइल नंबर 98930 98332 दिया है।

जेनेरिक दवाएं मिलेंगी

दवा विक्रेता संघ के जिलाध्यक्ष ठाकुर राजेश्वर सिंह ने कहा कि दवाइयां अस्पताल में नहीं हैं, उन मरीजों को जेनेरिक दवा देंगे। इसके लिए मोबाइल नंबर 93291 06333 पर फोन करें।

निगम में हेल्प डेस्क

नगर निगम मुख्यालय में ठीक सामने डेंगू की जांच के लिए हेल्प डेस्क बुधवार से शुरू होगा। निगम के स्वास्थ्य अधिकारी डा. बीके मिश्रा ने कहा कि यह डेस्क लगातार चलेगी।

सीएमओ का नंबर जारी

सीएमएचओ डॉ. केएस शांडिल्य ने सुझाव के लिए अपना नंबर 94255 04634 जारी किया। उन्होंने बताया कि मेडिकल कॉलेज और जिला अस्पताल में हेल्प डेस्क बनेंगे।

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