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विधायक बोले- अफसर, ठेकेदार को बचा रहे, पुलिस बोली- अभी हमारी जांच अधूरी

छुईखदान क्षेत्र के ग्राम बेलगांव में बिजली पोल के टूटकर गिरने से एक ठेका कर्मी की मौत के मामले में कंपनी ने अपना...

Danik Bhaskar | Jul 13, 2018, 03:25 AM IST
छुईखदान क्षेत्र के ग्राम बेलगांव में बिजली पोल के टूटकर गिरने से एक ठेका कर्मी की मौत के मामले में कंपनी ने अपना बचाव करते हुए इस हादसे के लिए मृत कर्मी को ही लापरवाह बता दिया है। वहीं इस मामले में खैरागढ़ विधायक गिरवर जंघेल ने कंपनी की फौरी जांच रिपोर्ट पर सवाल उठाते हुए कहा है कि जब मौके पर सुरक्षा के संसाधन नहीं थे तो फिर उक्त कर्मचारी को पोल पर चढ़ने किसने कहा? क्या मौके पर विभाग की तकनीकी टीम मौजूद नहीं थी? अगर ऐसा नहीं था तो फिर ठेका कर्मी की मौत उसकी नहीं बल्कि कंपनी की लापरवाही से हुई है। इधर, पुलिस भी कंपनी की रिपोर्ट देखकर हैरान है। जांच अधिकारी का कहना है कि मर्ग जांच पूरी हुई नहीं है और किसी की लापरवाही तय करना गलत है।

विधायक ने पहले से ही अलर्ट किया था: खैरागढ़ विधायक जंघेल ने इस घटना से 10 दिनों पहले ही विभाग के ईडी से मुलाकात कर उन्हें क्षेत्र में हो रहे विद्युतीकरण के कार्यों से अवगत कराते हुए अफसरों की लापरवाही व मनमानी की जानकारी दी थी। विभाग की ओर से इस शिकायत पर जांच की औपचारिकता निभाते हुए खैरागढ़ के एई को क्षेत्र में भेजा था पर जांच के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। लापरवाह ठेकेदारों को समझाइश देकर बख्श दिया गया।

राजनांदगांव.छुईखदान इलाके में हफ्ते भर से गिरे पोल अभी भी नहीं उठाए गए हैं।

मेंटेनेंस के नाम पर भी खानापूर्ति इसलिए मवेशियों की मौत हुई

अफसरों ने क्षेत्र में बारिश के पूर्व मेंटेनेंस करने का दावा किया था पर छुईखदान क्षेत्र में ही तेज बारिश के बीच बिजली तार के टूटने से चार मवेशियों की करंट लगने से मौत हो गई। इस तरह अफसरों ने उन तारों को व्यवस्थित नहीं किया था जो कि खतरनाक साबित हो सकते हैं। यही वजह है कि आए दिन लटकते हुए बिजली के तार हादसों की वजह बन रहे हैं। इसे लेकर संबंधित विभाग भी सतर्कता नहीं बरत रहा है। इससे ग्रामीणों में नाराजगी है।

बेलगांव में ऐसे हुई थी घटना

गांव में मेसर्स बंछोर इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड रायपुर की ओर से बिजली पोल से पुराने तारों को निकालने का काम किया जा रहा था। इस बीच एक पोल टूटा, वहीं जिस दूसरे पोल पोल में ठेकाकर्मी पुनाराम चढ़ा था, वह भी गिर गया। इस वजह से कर्मी के सिर पर गंभीर चोट लगी और उसकी मौत हो गई।

परिजन के साथ मृतक के साथी कर्मचारियों का बयान नहीं हुआ

ठेका कर्मी की मौत मामले की जांच छुईखदान पुलिस कर रही है। अभी मृतकों के परिजनों के साथ ही मौके पर मौजूद रहे ठेका कर्मियों का बयान नहीं हुआ है। गुरुवार को बयान देने के लिए परिजनों को बुलाया गया था पर बारिश के चलते वे नहीं आ पाए हैं। मामले में ठेकेदार व बिजली कंपनी के अफसरों का भी बयान होना है। इसके बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि इस घटना में कहां पर लापरवाही हुई और किसकी जिम्मेदारी बनती है।

इन बिंदुओं पर हो रही जांच





बयान के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा


सुरक्षा के संबंध में निर्देश दिए हैं