• Home
  • Chhattisgarh News
  • Kawardha
  • प्रबंधक और 7 फड़ मुंशियों ने सरकार को लगाई 28.20 लाख रु. की चपत
--Advertisement--

प्रबंधक और 7 फड़ मुंशियों ने सरकार को लगाई 28.20 लाख रु. की चपत

प्राथमिक लघु वनोपज समिति कुकदूर के प्रबंधक और 7 फड़ मुंशियों ने मिलकर सरकार को 28,20280 रुपए की चपत लगाई है। लंबे समय से...

Danik Bhaskar | Jul 13, 2018, 02:50 AM IST
प्राथमिक लघु वनोपज समिति कुकदूर के प्रबंधक और 7 फड़ मुंशियों ने मिलकर सरकार को 28,20280 रुपए की चपत लगाई है। लंबे समय से इसकी जांच चल रही थी। जांच पूरी होने पर कुकदूर पुलिस को गबन की राशि वसूली और दोषियों के खिलाफ एफआईआर कराने के निर्देश दिए गए हैं।

कुकदूर समिति में वर्ष 2016 सीजन में चिरौंजी गुठली और कुसमी लाख की अवैध खरीदी करने की शिकायत हुई थी। जिला लघु वनोपज सहकारी यूनियन कवर्धा के उप-प्रबंध संचालक की 3 सदस्यीय टीम ने पूरे मामले की जांच की। जांच के दौरान कुकदूर समिति में 24.12 क्विंटल कुसमी लाख और 204.86 क्विंटल चिरौंजी गुठली का अवैध संग्रहण होना पाया गया। इनमें क्रमश: 7,71680 रुपए और 20,48600 रुपए यानि कुल 28,20280 रुपए की अनियमितता पाई गई है।

ऐसे लगाया सरकार को चूना: कुकदूर समिति अंतर्गत 63 गांव आते हैं। वर्ष 2016 में सरकार ने चिरौंजी गुठली का समर्थन मूल्य 120 रुपए किलो तय किया था। तब कोचियों ने 40 रुपए किलो की दर पर बैगाओं से चिरौंजी गुठली खरीदा। फिर फड़ मुंशियों ने इसे कोचि यों से 70 रुपए किलो में खरीद लिया। और ग्रामीणों के नाम फर्जी बिक्री दर्शाकर सरकार को 120 रुपए में बेच दिया।

लघु वनोपज समिति कुकदूर के प्रबंधक सियाराम मरावी, अमनिया के फड़ मुंशी समारूराम मरकाम, अधचरा के केजूराम, ढोंढर के शोभाराम, छिंदीडीह के सतन सिंह, राहीदाढ़ के विश्राम सिंह, नेऊर के सिद्धराम और भांकुर के लामूराम पर शिकंजा कसा जा रहा है।

मामले में होगी कार्रवाई