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कलेक्टर की बेटी वेदिका ने स्कूल में की पढ़ाई, खाया मिड डे मिल

सोमवार की सुबह कलेक्टर अवनीश कुमार बिटिया वेदिका के साथ प्रमुख प्राथमिक शाला पहुंचे। यहां प्रधानपाठक प्रभात...

Danik Bhaskar | Jun 19, 2018, 02:55 AM IST
सोमवार की सुबह कलेक्टर अवनीश कुमार बिटिया वेदिका के साथ प्रमुख प्राथमिक शाला पहुंचे। यहां प्रधानपाठक प्रभात गुप्ता मौजूद थे। शिक्षा सत्र के पहले दिन कलेक्टर ने बिटिया का इसी सरकारी स्कूल में दाखिला कराया।

पहले दिन वेदिका ने पढ़ाई भी की और स्कूल के दूसरे बच्चों के साथ मध्याह्न भोजन भी किया। सरकारी स्कूल में बच्ची के दाखिले के इस कदम की लोग तारीफ कर रहे हैं। इससे पहले अवनीश कुमार शरण ने बिटिया को आंगनबाड़ी केन्द्र में भी भेजा था। एक साल पहले रायपुर में पदस्थ स्पेशल इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो के एसपी डी. रविशंकर ने भी बेटी का दिव्यांजलि का दाखिला रायपुर के शांति नगर स्थित एक सरकारी प्राइमरी स्कूल में कराया था। वे कबीरधाम एसपी रह चुके हैं। उन्होंने अपनी बेटी दिव्यांजलि का दाखिला कक्षा दूसरी में कराया था, वे इस साल तीसरी कक्षा में पढ़ेंगी। वहीं कबीरधाम कलेक्टर रहे नीरज कुमार बनसोड़ भी अपनी बेटी को आंगनबाड़ी केन्द्र में भेजा करते थे। इसके अलावा संसदीय सचिव शिवशंकर पैकरा ने अपने बेटे का दाखिला पत्थलगांव के एक सरकारी स्कूल में कराया था।

अनुकरणीय पहल

नए शिक्षा सत्र की शुरुआत, जिले में 8 प्रायमरी और मिडिल स्कूलों में होगी इंग्लिश मिडियम से पढ़ाई, प्रत्येक सरकारी स्कूल में एक स्मार्ट क्लास भी

कवर्धा. कलेक्टर ने प्राथमिक शाला में बिटिया वेदिका को प्रवेश कराया।

इससे गुणवत्ता सुधरेगी

अगस्त 2015 में इलाहबाद हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में कहा था कि नौकरशाहों, नेताओं और सरकारी खजानों से वेतन और मानदेय पाने वाले प्रत्येक मुलाजिम के बच्चों को सरकारी स्कूल में पढ़ाना अनिवार्य किया जाए। इसका उल्लंघन करने वालों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई का प्रावधान किया जाए। इसके बाद दिल्ली हाईकोर्ट ने सरकारी स्कूलों की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए अफसरों से पूछा था कि क्या आईएएस अधिकारी अपने बच्चों को सरकारी स्कूल भेजेंगे? यह टिप्पणी सरकारी स्कूलों की गुणवत्ता सुधारने के लिए ही न्यायालयीन संस्थाओं ने की थी। इसे अनुकरणीय माना गया है।

कबीरधाम जिले के 452 प्राथमिक स्कूलों में लगेंगे स्मार्ट क्लास, नैतिक शिक्षा भी सिखाएंगे

कवर्धा|कबीरधाम जिले में शालेय शिक्षा गुणवत्ता को बढ़ाने के लिए डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम अभियान के तहत प्रत्येक सरकारी प्राथमिक स्कूल में एक क्लास स्मार्ट क्लास बनेगा। बच्चों को नैतिक शिक्षा का पाठ भी पढ़ाया जाएगा। इसके लिए योजना को अंतिम रूप दिया जा चुका है, जल्द ही इस दिशा में काम शुरु हो जाएगा। कलेक्टर ने इसे लेकर टाइम लाइन भी तय कर दी है।

कबीरधाम जिले में शिक्षा गुणवत्ता अभियान को और बेहतर बनाने तथा शिक्षा की गुणवत्ता में गुणात्मक सुधार लाने के लिए जिले के सभी 452 प्राथमिक स्कूलों को फोकस किया जा रहा है। जिले में 452 प्राथमिक स्कूल संचालित हैं। पहले चरण में जिले के सभी ग्राम पंचायतों से एक प्राथमिक स्कूल का चयन किया गया है। इस अभियान के तहत जिले के 452 प्राथमिक स्कूलों में स्मार्ट क्लास लगाई जाएगी। जिले में इसकी तैयारियां पूरी कर ली गई है। कलेक्टर अवनीश कुमार शरण ने जिले में शिक्षा विभाग की अपनी पहली बैठक में जिले के स्कूलों में शिक्षा में गुणात्मक सुधार लाने तथा स्कूलों में स्मार्ट क्लास लगाने के लिए विशेष जोर दिया है। जिले के इन सभी स्कूलों में एक क्लास को स्मार्ट क्लास बनाया जाएगा।