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बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष बोलीं-अब अफसर तैयारी से बैठक में आएं

प्रदेश सरकार बच्चों के अधिकारों के संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने महिला एवं बाल विकास विभाग, शिक्षा विभाग,...

Danik Bhaskar | Mar 02, 2018, 02:55 AM IST
प्रदेश सरकार बच्चों के अधिकारों के संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने महिला एवं बाल विकास विभाग, शिक्षा विभाग, श्रम विभाग, आदिवासी विकास विभाग, पुलिस विभाग, समाज कल्याण विभाग तथा नगर पालिक निगम द्वारा किए जा रहे कार्यों की जानकारी ली। पुलिस विभाग द्वारा संतोषजनक जानकारी नहीं दिए जाने पर आयोग की अध्यक्ष ने नाराजगी जाहिर कीं। उन्होंने भविष्य में पूरी तैयारी के साथ बैठक में उपस्थित रहने कहा।

छत्तीसगढ़ राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष प्रभा दुबे बुधवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जिले के अधिकारियों की बैठक ले रही थीं। उन्होंने शिक्षा विभाग सहित आदिवासी विकास विभाग व अन्य जिम्मेदार अधिकारियों के बैठक में उपस्थित नहीं होने पर नाराजगी व्यक्त कीं। महिला एवं बाल विकास विभाग तथा जिले में बच्चों के हित व संरक्षण के लिए अब तक किए गए कार्यों की जानकारी लीं। दुबे ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में बच्चों के हित में कार्य करने जनजागरूकता की आवश्यकता है। आज के बच्चे कल के भविष्य हंै।

एक बेहतर समाज के निर्माण के लिए बच्चों को सही ज्ञान व दिशा देने उनके हित में कार्य करना आवश्यक है। बैठक में किशोर न्याय बोर्ड के सदस्य डाॅ.लक्ष्मी नारायण जायसवाल, अपर कलेक्टर प्रियंका ऋषि महोबिया, जिला कार्यक्रम अधिकारी आनंद प्रकाश किस्पोट्‌टा, उप संचालक समाज कल्याण श्रद्धा मैथ्यू, सहायक संचालक आदित्य शर्मा, उप पुलिस अधीक्षक साधना सिंह उपस्थित थीं। बाल अधिकार संरक्षण आयोग अध्यक्ष प्रभा दुबे समीक्षा बैठक के बाद चर्चा में बताया कि आयोग पूरे प्रदेश में बाल विवाह, ‌भिक्षावृत्ति रोकने सख्त कदम उठाने तैयार है। संबंधित विभागों को इस दिशा में पूरी इमानदारी से काम करने कहा। उन्होंने कहा कि बच्चों को नशे से दूर रखने, बाल श्रमिक एवं प्रताड़ना रोकने, गुमशुदा बच्चों को तलाशने, स्कूलों व छात्रावासों में आवश्यक सुविधाएं देने के साथ स्कूलों एवं अन्य सर्वाजनिक स्थलों में एक सुझाव व शिकायत पेटी ‘बच्चों के मन की बात, आयोेग के साथ के नाम से लगाने की बात कही। आवारा कुत्तों से बच्चों को काटने से बचाने के संबंध में कार्रवाई करने कहा।

विभागों द्वारा किए जा रहे कार्यों की कलेक्टोरेट सभाकक्ष में की गई समीक्षा

कलेक्टोरेट में बैठक लेतीं प्रभा दुबे।

नई पीढ़ी को बनाएं संस्कारवान

बाल संरक्षण आयोग की अध्यक्ष प्रभा दुबे ने कहा कि देश व प्रदेश के लिए संस्कारवान पीढ़ी तैयार करने में हम सभी को सहभागिता निभानी होगी। प्रदेश के कोने-कोने में हर उम्र के बच्चे को भयमुक्त वातावरण देना हमारा कर्तव्य है। इसके लिए छत्तीसगढ़ राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग के साथ सभी को संकल्पित भाव से काम करना होगा। दुबे ने कहा कि शहर हो या गांव हर क्षेत्र के बच्चों को शिक्षा दीक्षा के बेहतर प्रबंध, स्वास्थ्यगत देखभाल, संरक्षण, शोषण से बचाव की जिम्मेदारी हम सभी की है। बच्चों की समस्याएं हम सभी की समस्या है।