• Home
  • Chhattisgarh
  • Raigad
  • उपयोग के बाद भी हादसे में जाती है जान अब नकली हेलमेट बेचे तो होगी कार्रवाई
--Advertisement--

उपयोग के बाद भी हादसे में जाती है जान अब नकली हेलमेट बेचे तो होगी कार्रवाई

नामचीन कंपनियों के डुप्लीकेट व नॉन आईएसआई सर्टिफाइड हेलमेट बेचने वालों के खिलाफ अब कानूनी कार्रवाई होगी। नए...

Danik Bhaskar | Apr 02, 2018, 02:55 AM IST
नामचीन कंपनियों के डुप्लीकेट व नॉन आईएसआई सर्टिफाइड हेलमेट बेचने वालों के खिलाफ अब कानूनी कार्रवाई होगी। नए नियमों के तहत ऐसे विक्रेताओं के पकड़े जाने पर उन पर धोखाधड़ी व कॉपी राइट एक्ट के तहत प्रकरण बनाए जाएंगे। विक्रेता के जरिए हेलमेट बनाने वाली व थोक कारोबारियों को भी धरा जाएगा। इसके पीछे मुख्य उद्देश्य हेलमेट पहनने के बावजूद सड़क हादसों में होने वाली मौतों को रोकना है।

हेलमेट नहीं पहनने वालों पर ट्रैफिक पुलिस एक फिर बड़ी कार्रवाई की तैयारी में है, लेकिन इससे पहले पुलिस नकली हेलमेट बेचने वालों की जांच और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करेगी। इसे लेकर ट्रैफिक पुलिस ने सभी विक्रेताओं की बैठक भी बुलाई थी। यहां सभी को सख्त निर्देश दिए गए हैं, उन्हें यह भी बताया है कि पुलिस कभी भी उनके संस्थानों में जांच कर सकती है। जांच उनके पास डुप्लीकेट हेलमेट पाए गए तो उनके खिलाफ नियम अनुरूप कार्रवाई की जाएगी। दरअसल बीते सालों में हेलमेट पहनने के बावजूद सड़क हादसों में कई मौतें हो चुकी है। इसे लेकर केंद्र सरकार ने भी स्पष्ट कर दिया है कि बिना आईएसआई मार्क वाले हेलमेट बेचना अपराध है। इसलिए कुछ माह पहले ही सभी निर्माता कंपनियों के लिए बीआईएस यानी ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड्स से भारतीय सुरक्षा मानकों के अनुरूप सर्टिफिकेशन हासिल करना अनिवार्य कर दिया है। यह कदम रोड ऐक्सिडेंट की घटनाओं को कम किए जाने की कोशिश के मद्देनज़र उठाया है।

बैठक में व्यापारियों को नॉन आईएसआई मार्के का हेलमेट नहीं बेचने की समझाइश देते यातायात डीएसपी

बाहर इलाकों में कार्रवाई शुरू

जिले के आउटर पाइंट में ट्रैफिक पुलिस, पीसीआर वैन व पेट्रोलिंग टीम हेलमेट नहीं पहनने वालों पर कार्रवाई कर रही है। बीते दो दिनों से छातामुड़ा चौक, उर्दना पुलिस लाइन, कोतरा रोड समेत अन्य आउटर पाइंट पर लोगों को हेलमेट पहनने की समझाइश दी गई है। इसके बाद भी यदि लोग नहीं सुधरे तो उन पर नियम अनुरूप चालान किया जाएगा।

थाना प्रभारियों को भी जांच के निर्देश

एसपी ने ट्रैफिक पुलिस के अलावा सभी थाना प्रभारियों को भी अपने-अपने क्षेत्रों में कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। ताकि सड़क दुर्घटनाओं पर होने वाली मौत के आंकड़ों को कम किया जा सके। दो साल पहले पूरे प्रदेश में हेलमेट की अनिवार्यता लागू की गई थी। इसके बाद संघन जांच अभियान चलाया, लेकिन कुछ समय बात पुलिस सुस्त हो गई और लोग हेलमेट पहनना भूल गए।

सुरक्षा मुख्य उद्देश्य है