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यूरीन में फ्लोरोसिस की जांच के लिए 12 जिलों में लैब

रायपुर। स्वास्थ्य विभाग प्रदेश के फ्लोरोसिस की अधिकता वाले 12 जिलों में यूरीन की जांच के लिए प्रयोगशाला लगाएगा। इन...

Danik Bhaskar | Mar 01, 2018, 03:25 AM IST
रायपुर। स्वास्थ्य विभाग प्रदेश के फ्लोरोसिस की अधिकता वाले 12 जिलों में यूरीन की जांच के लिए प्रयोगशाला लगाएगा। इन जिलों में बालोद, कांकेर, कोरबा, कोंडागांव, महासमुंद, बलौदाबाजार, बलरामपुर,सूरजपुर, सरगुजा, रायपुर, बस्तर एवं गरियाबंद आदि शामिल हैं। इनके अलावा कांकेर, कोरबा, कोंडागांव, बालोद, बलौदाबाजार, बस्तर में जांच के उपकरण लगाए जा चुके हैं। बाकी जिलों में जांच उपकरण भेजे जा रहे हैं। राज्य में फ्लोरोसिस से ग्रस्त 16 जिलों में विभिन्न स्थानों पर शिविर लगाकर दांतों से संबंधित बीमारियों का जांच व उपचार किया जा रहा है।





शिविर में फ्लोरोसिस से पीड़ित लगभग छह हजार 377 मरीजों को चिन्हांकित कर इलाज किया जा रहा है। फ्लोरोसिस अधिक होने के कारण दांतों में खराबी, रंग पीला होना तथा पीलीधारियां बनना, हड्डियों का तिरछा होना, मांस पेशियां में कमजोर होना आदि समस्या आती है। प्रदेश में फ्लोरोसिस की अधिकता के कारण लोगों के स्वास्थ्य पर पड़ने वाले दुष्प्रभाव के नियंत्रण लिए लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग और पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग से समन्वय बनाकर काम करने को कहा गया है। शिविर में मरीजों का जांच कर उचित उपचार किया गया। गंभीर दंत रोगी को उच्च स्तर के शासकीय दंत चिकित्सा संस्थानों में रेफर कर बेहतर इलाज किया जा रहा है। चिरायु दल स्कूली बच्चों के स्वास्थ्य की जांच कर रहे हैं। लोगों में फ्लोरोसिस की निगरानी, जिला तथा सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में डायग्नोस्टिक सुविधाओं की स्थापना, उपचार, शल्य चिकित्सा, फ्लोरोसिस से संबंधित समस्याओं का जल्द पता कर इलाज करने के प्रयास किए जा रहे हैं।