पोर्टल में तकनीकी खामियों से स्कूल ढूंढने में दिक्कत, फॉर्म जमा करने में पिछड़े पालक

Rajnandgaon News - शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत एडमिशन की प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने के लिए उद्देश्य से डीपीआई ने पोर्टल...

Bhaskar News Network

Mar 17, 2019, 02:46 AM IST
Rajnandgaon News - chhattisgarh news problems finding school with technical flaws in the portal
शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत एडमिशन की प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने के लिए उद्देश्य से डीपीआई ने पोर्टल बनवाया है पर शिक्षा विभाग के अफसर इसमें गड़बड़ी करते जा रहे हैं। फरवरी में जब पोर्टल खुला था तब अफसरों में इसमें कोई सुधार नहीं कराया। इसका खामियाजा पालकों को भुगतान पड़ रहा है। पालक ऑनलाइन आवेदन करने पोर्टल खोल रहे हैं तो उसमें कई खामियां सामने आ रहीं हैं।

वार्ड क्रमांक नहीं बदले जाने से स्कूल को खोजने में दिक्कत हो रही है। तीन जगह पर स्कूलों का लोकेशन सिर्फ एक किलोमीटर तक दायरे में दिखा रहा है। इसके चलते पालकों के पास स्कूलों का ऑप्शन नहीं है। कई स्कूलों के नाम तक नहीं दिखाएं जा रहे हैं। वहीं फॉर्म सबमिट करने के लिए समय कम होने की वजह से पालकों की चिंता बढ़ती जा रही है।

िशक्षा विभाग के अफसरों की गलती के चक्कर में पालकों का समय बेकार जा रहा है। 1 मार्च से पोर्टल खुला है और 5 हजार 63 सीटों के पीछे सिर्फ 2401 आवेदन आए हैं। तकनीकी दिक्कत के चलते पालक फार्म नहीं भर पा रहे हैं। सुधार के नाम पर पोर्टल को व्यस्त रखा जा रहा है।

करें सुधार: तीन की जगह एक किमी में दिखा रहे स्कूल

राजनांदगांव. नोडल स्कूलों में ऑनलाइन फॉर्म भरने की सुविधा नहीं, निजी कंप्यूटर सेंटर से फॉर्म सबमिट करते पालक।

इस वजह से गड़बड़ी हुई, जिम्मेदारी तय नहीं

शिक्षा विभाग के आरटीई शाखा को संभालने वाले कर्मचारी ने स्कूलों को आरटीई के तहत सीटों की जानकारी पोर्टल में अपलोड करने व पंजीयन कराने नोटिस तक नहीं भेजा। इसी तरह जिन स्कूलों ने नई मान्यता ली, उन्हें भी आरटीई के अंतर्गत नहीं जोड़ा,यहां तक तत्काल यूू-डायस कोड लेने जागरूक भी नहीं किया गया। सबसे बड़ी गलती यह है कि पोर्टल में जब शहर के भीतर 45 वार्ड दिखा रहे थे तो फिर उसे बदलकर 51 वार्ड नहीं किया गया। इस चक्कर में मैपिंग करने पर स्कूलों का लोकेशन नहीं बता रहा है। डीलिंग क्लर्क ने इन सभी तकनीकी खामियों के संबंध में कभी डीईओ को बताया ही नहीं और न ही कोई सुधार किया। सीधे सीटों की जानकारी को पोर्टल में सार्वजनिक कर दी।

इन स्कूलों का पोर्टल में नाम नहीं

श्लोका अ बिरला स्कूल अनुपम नगर, रेडियंस कॉन्वेंट स्कूल, रॉयल किड्स कॉन्वेंट सीजी बोर्ड, रॉयल किड्स कॉन्वेंट अंग्रेजी माध्यम व साईंनाथ एकेडमी उरईडबरी स्कूल पोर्टल में दिखा ही नहीं रहे हैं। इन स्कूलों ने मान्यता ली है पर डीलिंग क्लर्क ने इन स्कूलों को आरटीई की अनिवार्यता के साथ पेार्टल में सीट अपलोड नहीं कराया है।

अफसर अपनी गलती मानने को तैयार नहीं

1 मार्च से पोर्टल पालकों के लिए खुला है। इसके खुलते ही तकनीकी खामियों को लेकर बार-बार शिकायत किए जाने के बाद भी शिक्षा विभाग के अफसर गलती मानने को तैयार नहीं हो रहे थे। पैरेंट्स एसोसिएशन की ओर से जब कलेक्टर तक शिकायत की गई तब अफसर हरकत में आए। कलेक्टर ने पोर्टल चेक करने के बाद सुधार करवाने की जिम्मेदारी अब सहायक कलेक्टर रोहित व्यास को दी है। व्यास ने शिकायतकर्ता पालकों को बुलाकर पोर्टल चेक किया तो खामियां खुलकर सामने आ गईं। पालकों की ओर से की गई शिकायत सही पाई गई। प्रशासन की ओर से अगर अभी से पोर्टल में दी गई जानकारी को क्रॉस चेक नहीं किया जाता तो इस सत्र में भी आरटीई के तहत बड़ी गड़बड़ी सामने आए रहती।

इन खामियों ने बढ़ाई आवेदकों की परेशानी





इस संंबंंध में डीपीआई से भी बात हो गई है


पालकों का समय बर्बाद हो रहा


X
Rajnandgaon News - chhattisgarh news problems finding school with technical flaws in the portal
COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना