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उच्च शिक्षा की स्थिति खराब, 3000 में से 700 को ही मिल पाता है प्रवेश

सराईपाली | क्षेत्र में उच्च शिक्षा लेने वाले की स्थिति बेहतर खराब है। नगरीय क्षेत्र के आसपास 30 हायर सेकंडरी स्कूल...

Bhaskar News Network | Last Modified - May 19, 2018, 03:35 AM IST

सराईपाली | क्षेत्र में उच्च शिक्षा लेने वाले की स्थिति बेहतर खराब है। नगरीय क्षेत्र के आसपास 30 हायर सेकंडरी स्कूल हैं। जिसमें 3 हजार से ज्यादा छात्र पढ़ते हैं, लेकिन कॉलेज में महज 700 को ही दाखिला मिल पाता है। शेष छात्रों को या तो पढ़ने दूसरी जगह जाना पड़ता है, या फिर पढ़ाई छोड़नी पड़ती है।

शासकीय कॉलेज में बीए प्रथम वर्ष में 110, बीएससी प्रथम में 110, पीजीडीसीए और डीसीए में 50 छात्र सहित कुल 360 छात्रों को प्रवेश मिलता है। रामचंडी कॉलेज में कला और वाणिज्य के साथ पीजीडीसीए और डीसीए की कक्षाएं लगती है जिसमें 273 छात्रों को प्रवेश मिल पाया है। इस तरह कुल आंकड़ों को देखे तो 3 हजार में करीब 700 विद्यार्थियों को ही कॉलेज की पढ़ाई नसीब हो पा रही है। आदिवासी, हरिजन, पिछड़ा बहुल क्षेत्र होने के कारण कम आय वर्ग वाले परिवार के छात्र-छात्राएं बाहर पढ़ने नहीं जा पाते हैं। ऐसी स्थिति में 12 वीं पास करने के बाद 75 प्रतिशत में लगभग 60 प्रतिशत छात्र उच्च शिक्षा से वंचित रह जाते है।

पैकिन, केदुवा और भंवरपुर में कालेज खोलने की मांग : पैकिन, केदुवां और भंवरपुर ऐसे गांव है जहां कई साल से कॉलेज खोलने की मांग उठ रही है। सराईपाली कॉलेज भी स्थानीय विद्यार्थियों की आवश्यकता को पूर्ण नहीं कर पा रहा है। इसके अलावा विज्ञान निकाय के प्रोफेसरों की समस्या से भी बनी हुई है।

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Web Title: उच्च शिक्षा की स्थिति खराब, 3000 में से 700 को ही मिल पाता है प्रवेश
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