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मां के बाद बेटी ने संभाली जिला पंचायत अध्यक्ष की कमान, बगावत के बीच उपाध्यक्ष भी भाजपा से बने

Ambikapur News - बलरामपुर जिले के जिला पंचायत चुनाव में राज्य सभा सांसद राम विचार नेताम की पुत्री निशा नेताम अध्यक्ष पद पर...

Feb 15, 2020, 06:25 AM IST

बलरामपुर जिले के जिला पंचायत चुनाव में राज्य सभा सांसद राम विचार नेताम की पुत्री निशा नेताम अध्यक्ष पद पर निविर्रोध चुनी गईं। वहीं बगावत के सुर के बीच भाजपा से ही पूर्व जिला पंचायत सदस्य धीरज सिंहदेव की मां राधा सिंहदेव उपाध्यक्ष निर्वाचित हुईं।

यहां उपाध्यक्ष पद के लिए भाजपा युवा मोर्चा के नेता राजेश यादव ने बगावत करते हुए नामांकन फार्म खरीद लिया था, लेकिन उन्होंने फार्म जमा नहीं किया। बलरामपुर जिला पंचायत के कुल 14 क्षेत्रों में हुए चुनाव के बाद जीते हुए 13 सदस्य भाजपा के साथ चले गए। हालांकि इसमें से कई कांग्रेस के नेताओं के नाम से वोट मांगे थे। शुक्रवार की सुबह बगावत के बारे में पता चलने पर राज्यसभा सांसद रामविचार नेताम ने बलरामपुर सर्किट हाउस में सभी 13 सदस्यों की बैठक ली। इस दौरान उनकी बेटी निशा नेताम को अध्यक्ष पद के लिए तो राधा सिंहदेव को उपाध्यक्ष पद के लिए नामांकन दाखिल कराने का फैसला लिया गया। हालांकि इस दौरान भी राजेश यादव ने उपाध्यक्ष बनने की चाहत रखते हुए अपनी बात रखी थी। इस पर उन्हें मनाने की कोशिश हुई, लेकिन उन्होंने नामांकन खरीद लिया था।

उदेश्वरी पैकरा भी अध्यक्ष बनने
के लिए ठोक रही थीं ताल


पूर्व विधायक सिद्धनाथ पैकरा की प|ी उदेश्वरी पैकरा जिला पंचायत सदस्य हैं। सिद्धनाथ पैकरा अपनी प|ी को जिला पंचायत अध्यक्ष बनना चाहते थे। इस पर उन्होंने कई जिला पंचायत सदस्यों सेे भी संपर्क कर रखा था, लेकिन एन वक्त पर संगठन से आपत्ति आने के बाद उन्होंने नामांकन दाखिल नहीं किया। बता दें कि उदेश्वरी पैकरा शंकरगढ़ ब्लाॅक अध्यक्ष के पद पर रह चुकी हैं।

इसलिए धीरज की मां को बनाया गया जिला पंचायत का उपाध्यक्ष

पांच साल पहले जब जिला पंचायत में चुनाव हुआ था, तब धीरज सिंह देव जिला पंचायत सदस्य थे। उस समय धीरज उपाध्यक्ष बनना चाहते थे लेकिन उन्हें नहीं बनाया गया था। तब कहा गया था कि उन्हें अगली बार माैका मिलेगा। इस बार आरक्षण की वजह से वे खुद चुनाव नहीं लड़ सके, ऐसे में उन्होंने अपनी मां को चुनाव में उतारा आैर वे जीत गईं। इसके बाद वादे के मुताबिक उनकी मां को उपाध्यक्ष बनाया गया।

रायपुर से आए लिफाफे
में मेरा नाम था: राजेश


उपाध्यक्ष के दावेदार राजेश यादव ने बताया कि रायपुर संगठन से लिफाफे में मेरा नाम आया था, लेकिन उसमें यहां गड़बड़ कर दिया गया। इसके बाद भी मैं नामांकन दाखिल कर रहा था, लेकिन पुष्पा नेताम ने रोक दिया। उनका सम्मान करता हूं, इसलिए उनकी बात मैंने मान ली। इसके बाद भी इस गड़बड़ी की शिकायत संगठन स्तर पर करूंगा।

जीत के बाद नव निर्वाचित जिला पंचायत अध्यक्ष निशा नेताम।

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