छत्तीसगढ़ / पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी और उनके बेटे पर नौकर को आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज

पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी और उनके पुत्र अमित जाेगी पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी और उनके पुत्र अमित जाेगी
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पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी और उनके पुत्र अमित जाेगीपूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी और उनके पुत्र अमित जाेगी

  • बिलासपुर में आईजी ऑफिस के पास स्थित मरवाही सदन में 15 जनवरी को फंदे से लटका मिला था नौकर संतोष कौशिक का शव
  • नौकर के परिजनों ने जोगी परिवार पर चोरी के लिए डराने और धमकाने का लगाया आरोप, चांदी का जग चोरी करने का था आरोप 

दैनिक भास्कर

Jan 17, 2020, 01:45 PM IST

बिलासपुर. छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी और उनके बेटे अमित जोगी के खिलाफ बिलासपुर पुलिस ने गुरुवार देर रात नौकर को आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज किया है। पूर्व मुख्यमंत्री जोगी के बंगले मरवाही सदन में नियुक्त केयरटेकर संतोष कौशिक उर्फ मनवा ने 15 जनवरी को फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली थी। भाई कृष्ण कुमार और परिजनों ने जोगी परिवार पर आरोप लगाया है कि संतोष कौशिक को चोरी के नाम पर डराया धमकाया जा रहा था। इस बात की सूचना संतोष ने अपनी पत्नी को भी दी थी। वहीं अमित जोगी ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण और राजनीतिक प्रतिशोध की भावना बताया है। 

अमित जोगी ने कहा- सत्ताधारी दल के इशारे पर एफआईआर, सीबीआई जांच की मांग

मरवाही सदन में केयर टेकर की आत्महत्या मामले में अमित जोगी ने ट्वीट कर इसे राजनीतिक प्रतिशोध की भावना से प्रेरित बताया है। उन्होंने सीबीआई जांच की मांग की है। मुंबई में उपचार करा रहे अमित जोगी ने ट्वीट में लिखा है कि जोगी परिवार का इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना से कोई लेनादेना नहीं था। राजनीतिक प्रतिशोध से सत्ताधारी दल के इशारे पर कल देर रात FIR दर्ज की गई। इससे एक दिन पहले भी अमित जोगी ने नौकर की मौत पर अफसाेस जताते हुए उचित कार्रवाई की मांग की थी। 

दरअसल, कोनी थाना क्षेत्र के ग्राम रमतला का रहने वाला संतोष मरवाही सदन में ही रहकर काम करता था। संतोष ने बुधवार शाम करीब 4 बजे पत्नी कविता को फोन किया। वह रो रहा था। पति को परेशान देख कविता ने अपने भाई सरोज कश्यप को जोगी बंगले पर भेजा। हालांकि सरोज को गार्ड ने अंदर जाने से रोक दिया था। इसके बाद शाम करीब 5.30 बजे सरोज को सिविल लाइन थाना पुलिस से संतोष के आत्महत्या करने की सूचना मिली थी। सूचना मिलने के बाद परिजन बंगले में पहुंचे तो पुलिस ने शव को नीचे उतारवाया। 

संतोष कौशिक के ऊपर बंगले से चांदी का जग चोरी किए जाने का आरोप था। इस मामले में पुलिस जांच भी कर रही थी। वहीं परिजनों का कहना है कि चोरी के आरोप के चलते वह काफी परेशान था और उसने प्रताड़ित किए जाने की भी बात कही थी। मरने से पहले जब उसने फोन किया तो भी इसी बात के लिए रो रहा था। एएसपी ओपी शर्मा ने बताया कि परिजनों के शिकायत के बाद गुरुवार देर रात धारा 306 व 34 के तहत अपराध दर्ज किया गया है। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है। 

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