बिना अहंकार के निस्वार्थ सेवा करना सबसे बड़ा धर्म : पं. शास्त्री

Champa News - ग्राम रिस्दा के ठाकुरदेव चौक पर 13 से 23 फरवरी तक ग्रामीणों द्वारा अखंड नवधा रामायण का आयोजन किया जाएगा, जिसका...

Feb 15, 2020, 06:36 AM IST
Baradwar News - chhattisgarh news the biggest religion to serve selflessly without ego pt shastri

ग्राम रिस्दा के ठाकुरदेव चौक पर 13 से 23 फरवरी तक ग्रामीणों द्वारा अखंड नवधा रामायण का आयोजन किया जाएगा, जिसका गुरुवार को कलश यात्रा के साथ शुभारंभ होगा।

कलश यात्रा नवधा स्थल ठाकुर देव चौक से प्रारंभ होकर गांव के प्रमुख मार्गो से होते हुए वापस नवधा स्थल पहुंची, जिसके बाद पंडित विमल किशोर पांडेय द्वारा सभी कलशों की मंत्रोच्चर के साथ पूजा अर्चना कराते हुए स्थापना कराई गई।

आयोजन समिति के लता सरोज यादव एवं रामअवतार यादव ने बताया कि अखंड नवधा का समापन 23 फरवरी को पूर्णाहूति, सहस्त्रधारा तथा ब्राह्मण भोजन के बाद होगा। समिति द्वारा अखंड नवधा रामायण में मानस गायन प्रतियोगिता कराई गई, जिसमें भजन संगीत, फिल्मी संगीत एवं लोक संगीत सहित तीन अलग अलग वर्गों में होगा। इसमें प्रथम पुरस्कार 3001, द्वितीय 2001, तृतीय 1001, चतुर्थ 701 एवं पंचम 201 रुपए का नगद पुरस्कार रखा गया हैं। कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए आयोजन समिति के सदस्य एवं ग्रामवासी जुटे हुए हैं।

डीजे की धुन पर कलश यात्रा के साथ अखंड नवधा रामायण शुरू

भास्कर संवाददाता | बिर्रा

स्थानीयजय दाऊ बाबा समिति के तत्वावधान में पहले वर्ष जय दाऊ बाबा चौरा घनवा में अखंड नवधा रामायण की शुरुआत कलशयात्रा से हुई। कलशयात्रा घनवासागर से जलभर डीजे की धुन पर निकली। बग्घी पर पं. यञाचार्य त्रियुगी कुमार दुबे, पं. नरोत्तम लाल पांडेय सवार थे। ब्यासपीठ को कामनी रंजीत केशरवानी सिर पर रखकर और करीबन 700 के पीछे चली। यह कथा स्थल से प्रारंभ होकर ठाकुर देव मुहल्ला बस स्टैंड, श्री बमभोले रामलीला मंडली कहरापारा शांति चौक, होते हुए कथा
स्थल पहुंची ।

अखंड नवधा रामायण पं. यञाचार्य त्रियुगी कुमार दुबे, सहयोगी पं नरोत्तम लाल पांडेय पूजा अर्चना कर अखंड नवान्हिक रामायण प्रारंभ हुआ। नौ दिनों तक चलने वाली अखंड नवधा भक्ति में सभी राममय हो गया। 22 फरवरी को रामायण प्रतियोगिता होगी। प्रथम पुरस्कार 11000हजार रु., रामायण गुटका व शील्ड व्दितीय ईनाम 9000हजार रु.शील्ड, तृतीय 7000 हजार रखा गया है।

रिस्दा में कलश यात्रा के साथ अखंड नवधा रामायण शुरू


भास्कर संवाददाता | जांजगीर-चाम्पा

बिना किसी अहंकार के दूसरों की निस्वार्थ सेवा करना ही सबसे बड़ा धर्म है। अहंकार के उत्पन्न होने से विवेक नष्ट होता है एवं विवेकहीन इन्सान सम्मान पाने लायक नहीं होता। सम्मान पाने के लिए विवेकपूर्ण कार्यों की आवश्यकता होती है। अहंकार वह दलदल है जिसमें फंसकर मित्रों व शुभचिंतकों का साथ छूट जाता है। यह बातें बीडी महंत उपनगर जांजगीर में दुबे परिवार द्वारा आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन पं. राधेश्याम शास्त्री ने कही।

उन्होंने कथा के चौथे दिन प्रहलाद चरित्र की कथा सुनाते हुए कहा कि अहंकार प्रभु की उपस्थिति की अनुभूति कराने में बाधक होता है। जीवन में जब भी भय आएगा, उसके मूल में अहंकार अवश्य होगा। मनुष्य के अंदर अहंकार रहेगा तो उसके सोचने व समझने की शक्ति क्षीण हो जाएगी। इसलिए मनुष्य को अहंकार नहीं करना चाहिए। हम सभी का जीवन बड़ा अनमोल है, इसलिए उसे उद्देश्यपूर्ण बनाएं। अपने उद्देश्य की प्राप्ति से ही जीवन सार्थक बनता है। कर्तव्यहीन व्यक्ति केवल कामना करता हुआ निरुद्देश्य जीवन जीकर चला जाता है। निरभिमान व्यक्ति का एक उत्कृष्ट गुण है। यह अहंकार प्रेम और दया को चोट पहुंचाता है। परस्पर विरोध की भावना पैदा करने वाला यह अहंकार ही मनुष्य का सबसे बड़ा शत्रु है। अत: ईश्वर की प्रसन्नता के लिए निराभिमान होना परम आवश्यक है, जहां अभिमान ठहरता है वहां से प्रेम और भक्ति पलायन कर जाती हैं। सहज और सरल जीवन ही सुखदायी है। सहजता से ही आएगी विचारों में पवित्रता और उसी से दिव्य जीवन का निर्माण होगा।

ग्राम रिस्दा में निकाली गई कलश यात्रा।

पांच दिवसीय मेला पचोरी में 18 से होगा शुरू

बिर्रा| पांच दिवसीय महाशिवरात्रि मेला महोत्सव पचोरी में 18फरवरी से शुरू होगा। स्वयं भूमि सेवा महादेव समिति के तत्वावधान में 5 दिवसीय महाशिवरात्रि मेला महोत्सव पचोरी में होगा। कथा की शुरुआत रामजन्म महोत्सव से होगी। 19 फरवरी को सीता विवाह कथा 20 को राम केवट संवाद भरत मिलाप, 21 को सीता हरण, लंका दहन, 22 को लक्ष्मण शक्ति रामराज्य तिलक, कथा विश्राम,चढ़ोत्री एवं 23 को हवन सहस्त्र धारा ब्राह्मण भोज होगा। कथा सुबह 8 से 9 बजे होगी।

कथा सुनते भक्त।

उन्होंने कथा के चौथे दिन प्रहलाद चरित्र की कथा सुनाते हुए कहा कि अहंकार प्रभु की उपस्थिति की अनुभूति कराने में बाधक होता है। जीवन में जब भी भय आएगा, उसके मूल में अहंकार अवश्य होगा। मनुष्य के अंदर अहंकार रहेगा तो उसके सोचने व समझने की शक्ति क्षीण हो जाएगी। इसलिए मनुष्य को अहंकार नहीं करना चाहिए। हम सभी का जीवन बड़ा अनमोल है, इसलिए उसे उद्देश्यपूर्ण बनाएं। अपने उद्देश्य की प्राप्ति से ही जीवन सार्थक बनता है। कर्तव्यहीन व्यक्ति केवल कामना करता हुआ निरुद्देश्य जीवन जीकर चला जाता है। निरभिमान व्यक्ति का एक उत्कृष्ट गुण है। यह अहंकार प्रेम और दया को चोट पहुंचाता है। परस्पर विरोध की भावना पैदा करने वाला यह अहंकार ही मनुष्य का सबसे बड़ा शत्रु है। अत: ईश्वर की प्रसन्नता के लिए निराभिमान होना परम आवश्यक है, जहां अभिमान ठहरता है वहां से प्रेम और भक्ति पलायन कर जाती हैं। सहज और सरल जीवन ही सुखदायी है। सहजता से ही आएगी विचारों में पवित्रता और उसी से दिव्य जीवन का निर्माण होगा।

श्रीरामभक्त हनुमान जी के चरित्र का सबसे बड़ा गुण यह है कि उनमें निरभिमान है। वे अभिमान से एकदम परे हैं। श्री हनुमान जी ज्ञान, वैराग्य और भक्ति के कुशल समन्वयक हैं। हनुमान जी की तरह हमें भी बल और बुद्धि का समन्वित प्रयोग करना आना चाहिए। निराभिमान होकर हनुमान जी प्रभु की सेवा करते रहे और सेवा के बल पर ही उन्होंने भगवान श्रीराम को अपने वश में कर लिया। उन्होंने बताया कि ईश्वर शरणागति मानव जाति के लिए संजीवनी है।

जीवन में भय से मुक्ति के लिए सबसे सरलतम साधन भगवान के श्रीचरण कमलों की उपासना है। इन्हीं श्रीचरणों की उपासना करके देवर्षि नारद, भक्त प्रहलाद आदि ने भगवान के अनन्य स्वरूप को प्राप्त किया। अत: मनुष्य को निराभिमानी होकर समस्त प्राणियों को अपने ही समान समझकर सभी के प्रति दया और क्षमा का भाव रखना चाहिए। इस प्रकार दीन-दुखियों के प्रति सेवा का भाव रखें और सेवा भी करें क्योंकि इसी में जीवन की सार्थकता है। कथा का आयोजन दोपहर 2 से शाम 6 बजे तक किया जा रहा है। कथा सुनने के लिए रोजाना बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है।

Baradwar News - chhattisgarh news the biggest religion to serve selflessly without ego pt shastri
Baradwar News - chhattisgarh news the biggest religion to serve selflessly without ego pt shastri
X
Baradwar News - chhattisgarh news the biggest religion to serve selflessly without ego pt shastri
Baradwar News - chhattisgarh news the biggest religion to serve selflessly without ego pt shastri
Baradwar News - chhattisgarh news the biggest religion to serve selflessly without ego pt shastri
COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना