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लकड़ी तस्करी रोकने सर्चिंग के लिए निकले थे वन अफसर, ग्रामीणों ने वर्दी फाड़ी, दौड़ा-दौड़ाकर पीटा
वनमंत्री मो. अकबर के जिले में वन विभाग के अफसरों की पिटाई हो गई। मुड़घुसरी जंगल के पास ग्राम बीजापानी में लकड़ी तस्करी की सूचना पर सर्चिंग के लिए निकले वन अफसरों की ग्रामीणों ने जमकर धुनाई कर दी। पिटाई से वन विकास निगम के प्रभारी एसडीओ, डिप्टी रेंजर समेत 5 वनरक्षक घायल हो गए हैं।
रविवार देर शाम 7 बजे पीड़ित वन अफसर बोड़ला थाने में रिपोर्ट दर्ज कराने पहुंचे। बताया कि राज्य सरकार के आदेश पर होली त्योहार के मद्देनजर आगजनी व लकड़ी तस्करी रोकने के लिए 15 सदस्यीय उड़नदस्ता टीम बनाई गई है। रविवार को 3 गाड़ियों में उड़नदस्ता टीम के सभी सदस्य जंगल में सर्चिंग के लिए रवाना हुए। तभी सूचना मिलने पर वन विकास निगम के प्रभारी एसडीओ व पंडरिया रेंजर वीरेंद्र पटेल, डिप्टी रेंजर रंजीत पटेल समेत 5 वनरक्षक की टीम मुड़घुसरी जंगल के पास ग्राम बीजापानी पहुंची। जहां 3- 4 संदिग्ध लोग खड़े थे। संदेह के आधार पर पूछताछ की, तो बोला कि हम डंडा नाचने वाले हैं। हमारे आैर साथी आ रहे हैं उनका इंतजार कर रहे थे। वन अफसरों ने कुछ कहा, तो संदेही लोग भड़क गए। कॉल करके अन्य ग्रामीणों को बुला लिया। ग्रामीणों ने वन अफसरों की वर्दी फाड़ दी, दौड़ाकर पिटाई की।
उड़नदस्ता टीम के बाकी सदस्य दूसरी गाड़ियों में थे: रविवार को सर्चिंग के लिए 3 गाड़ियों में 15 सदस्यीय उड़नदस्ता टीम रवाना हुई थी। एक गाड़ी में वन निगम के प्रभारी एसडीओ, डिप्टी रेंजर समेत 5 वनरक्षक थे, जिनकी साथ मारपीट हुई। उड़नदस्ता टीम के बाकी 10 सदस्य दो अन्य गाड़ियों में दूसरी दिशा में सर्चिंग कर रहे थे। मारपीट की सूचना मिलने पर थाने से मदद मांगी और पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। हंगामे के बीच पुलिस ने वन अफसरों को वहां से निकाला, थाने लेकर पहुंचे।
राजनीतिक धौंस दिखाकर सरपंच पति ने ग्रामीणों को उकसाया
घटना की रिपोर्ट लिखाने देर शाम 7 बजे वन अफसर बोड़ला थाने पहुंचे। उन्होंने बताया कि विवाद शांत हो चुका था। तभी ग्राम पंचायत सिंघारी के सरपंच पति वहां पहुंच गए। राजनीतिक धौंस दिखाते हुए उन्होंने वन अफसरों से मारपीट करने के लिए ग्रामीणों को उकसाया, जिसके कारण ग्रामीण और आक्राेशित और हो गए। इसके बाद ग्रामीणों ने पिटाई की।