पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

विदेश से लौटे 12 लोग होम आइसोलेशन में, जरूरी हुआ तो 56 घंटे बाद लेेंगे सैंपल

एक वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
कोरोना अलर्ट

चार दिनों के भीतर चीन, मैक्सिको, इंडोनेशिया, मलेशिया और कोरिया से आए 12 लोगों को स्वास्थ्य विभाग ने होम आइसोलेशन (कमरो या खुद के आवास में अलग से) में रखा है। इनमें पांच लोग स्थानीय और तीन विदेशी बताए गए हैं लेकिन इसकी पुष्टि स्वास्थ्य विभाग के अफसरों ने नहीं की है। विभाग इन लोगों पर नजर रखे हुए है। इसमें मलेशिया से आए एक व्यक्ति को सामान्य फ्लू और सर्दी-खांसी है। अफसरों का कहना है कि, 56 घंटे तक निगरानी में रखने के बाद सैम्पल एम्स
भेजा जाएगा।

स्वास्थ्य विभाग बाहर से आए 12 लोगों की जानकारी सार्वजनिक नहीं कर रहा है। अफसर कह रहे सभी की नियमित जांच की जा रही है। 9 मार्च को चाइना से तीन, इंडोनेशिया, मलेसिया, मैक्सिको, कोरिया से आए एक-एक लोग जिले के लोइंग, सारंगढ़, बरमकेला व रायगढ़ पहुंचे हैं। ये लोग या तो घूमकर लौटे हैं या फिर उद्योगों में काम से आए हैं। विभाग इस संक्रमण से निपटने के लिए 31 मार्च तक सभी जिले के सीएमएचओ और सिविल सर्जन को विशेष अधिकार दिए गए हैं ताकि जिले में कहीं भी भीड़ एकत्रित न हो। स्वास्थ्य अधिकारी शहर की सफाई व्यवस्था और रखरखाव पर भी ध्यान देने को कहा गया है। सभी निकायों को भी राज्य शासन ने सफाई व्यवस्था का विशेष ख्याल रखने का कहा है। ताकि वायरस की रोकथाम की जा सके। मेकाहारा में छह बिस्तर का स्पेशल आइसोलेशन वार्ड बनाया गया है।

बाहर से आए लोगों की पूरी निगरानी कर रहे हैं

डॉ एसएन केसरी, सीएमएचओ

टोल फ्री नंबर पर संपर्क कर सकते हैं

डॉ टीके टोंडर, रैपिड रिस्पांस टीम

संक्रमण से निपटने रेपिड रिस्पांस टीम


कॉलेज बंद लेकिन केआईटी में परीक्षा

स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी एडवाइजरी में सभी जगहों पर भीड़ रोकने के निर्देश जारी किए गए हैैं, शनिवार को केआईटी में शिक्षा विभाग द्वारा कौशल परीक्षा आयोजित की गई थी। विभाग के कर्मचारी एक ही कमरे में घंटों तक बैठकर परीक्षा लिख रहे थे। डीईओ अब अपना बचाव करते हुए परीक्षार्थियों की संख्या कम बता रहे हैं।

जागरूक हुए लोग } जागरूकता के कारण जुकाम को गंभीरता से ले रहे हैं । डायलर टोन से लेकर मीडिया, सोशल मीडिया में भी चल रहे हैं मैसेज। बाजार में मास्क और सेनिटाइजर की मांग बढ़ी।

सर्दी-खांसी से दशहत, अस्पतालों में भीड़

इधर खराब मौसम के चलते ज्यादातर लोग सामान्य सर्दी, खांसी और वायरल से ग्रसित हैं। नोवेल कोरोना की दहशत इतनी ज्यादा है, कि मामूली दिक्कत होने पर भी गंभीरता से लेकर डॉक्टरों सलाह ले रहे हैं। हॉस्पिटलों में भीड़ देखा जा रहा है।

सावधानी ही कोरोना से बचाव

यशवंत कुमार, कलेक्टर
खबरें और भी हैं...