नौ दिनों बाद महापौर की एमआईसी बनी 7 अनुभवी, 3 नए पार्षद, विभाग नहीं बांटे

Raigarh News - भास्कर संवाददाता | रायगढ़. शपथ लेने के नौ दिन बाद बुधवार को महापौर जानकी काटजू ने एमआईसी बना ली। जिन 10 पार्षदों को...

Jan 16, 2020, 07:31 AM IST
भास्कर संवाददाता | रायगढ़. शपथ लेने के नौ दिन बाद बुधवार को महापौर जानकी काटजू ने एमआईसी बना ली। जिन 10 पार्षदों को मेंबर बनाया गया है उनमें 7 अनुभवी और 3 नए पार्षद हैं। कई दिनों से चल रही खींचतान के बाद नामों की घोषणा की गई, लेकिन अभी तक इनके विभागों का बंटवारा नहीं किया है। जो पार्षद नाराज चल रहे हैं उन्हें महत्वपूर्ण विभाग देकर नाराजगी दूर की जा सकती है। शपथ और पदभार ग्रहण के बाद से एमआईसी गठन को लेकर अटकलें लगाई जा रही थीं। महापौर ने इस पर भले ही विराम लगा दिया हो, लेकिन कांग्रेस के कुछ पुराने चेहरों को तवज्जो न दिए जाने से विरोध के स्वर उठने लगे हैं। महापौर की एमआईसी में पहली बार पार्षद बनने वाले सदस्य भी हैं। सबसे ज्यादा चौंकाने वाला फैसला राकेश तालुकदार को एमआईसी में लिया जाना है। एमआईसी में सबसे ज्यादा पार्षद सभापति जयंत की पसंद से बनाए गए हैं।

हमारी शहर सरकार तैयार
यह होगी महापौर की कैबिनेट

एमआईसी सदस्य बनाए जाने का कारण

शेख सलीम नियारिया


लक्ष्मीन मिरी


रत्थू प्रसाद जायसवाल


राकेश तालुकदार


कमल पटेल


संजय देवांगन


शौकी बुटान


विकास ठेठवार


लक्ष्मी नारायण साहू


प्रभात साहू


विधायक प्रकाश और जयंत की चली एमआईसी गठन में

पार्टी जानकारों की मानें तो निगम चुनाव में जीत के बाद ही अंदर खाने विधायक प्रकाश नायक और सभापति बने जयंत ठेठवार के बीच जुगलबंदी शुरू हो गई थी। दोनों ने कई बार मंत्रणा करने के बाद अपने खास लोगों को एमआईसी में शामिल किया। एमआईसी मेंबर बनाए गए 10 के 10 नामों पर इन्हीं दोनों की अंतिम मुहर लगी है। हालांकि सिर्फ एक महिला को एमआईसी में जगह दी गई है।

समान्य वर्ग से किसी महिला को नहीं मिली जिम्मेदारी- महापौर ने मंत्रीमंडल में दो एससी और 8 ओबीसी पार्षदों को जगह दी है, इसमें सामान्य वर्ग का एक भी मेंबर नहीं है। जबकि 33 फीसद आरक्षण के हिसाब से सामान्य वर्ग की महिला को शामिल किया जा सकता था। इस वर्ग से प्रभाती महापात्रे और संजना शर्मा के नाम भी चर्चा में थे, लेकिन ऐन वक्त पर सामान्य वर्ग से किसी को शामिल नहीं किया गया।


महापौर, सभापति की दौड़ से लेकर एमआईसी मेंबर बनाए जाने तक लगातार कांग्रेस पार्टी में विरोध के स्वर गूंज रहे है। महापौर के लिए लक्ष्मीन मिरी और जानकी काटजू के बीच जंग चली तो सभापति के लिए जयंत ठेठवार, सलीम नियारिया, संजय देवांगन के बीच जंग हुई। अंत में महापौर जानकी काटजू और सभपाति जयंत ठेठवार बनाए गए। इससे सलीम खेमें के लोग नाराज हुए। कमोबेश यही हाल एमआईसी मेंबर बनाए जाने में रहा। पुराने और जानकार कई पार्षदों की उपेक्षा किए जाने से कई वरिष्ठ पदाधिकारी व पार्षद नाराज है। इसको लेकर अभी तक एमआईसी मेंबरों के विभागों का बंटवारा नहीं किया जा सका है।

नाराज पार्षद नंदेली हाउस पहुंच मंत्री उमेश पटेल से करेंगे बात- एमआईसी में जगह नहीं पाने वाले और सामान्य वर्ग की महिला को शामिल नहीं किए जाने की नाराजगी नंदेली हाउस (मंत्री उमेश पटेल) तक जाएगी। पार्टी के कुछ पदाधिकारियों ने बताया कि कैबिनेट मंत्री उमेश पटेल के करीबी और एमआईसी गठन से नाराज लोग गुरुवार से शुक्रवार के बीच नंदेली हाउस पहुंचकर अपना दर्द बताएंगे। अभी कुछ दिनों तक शिकायतों का दौर भी चलेगा।


एमआईसी मेंबर के चयन में कांग्रेस नेता शाखा यादव की अनदेखी की है। उनकी प|ी अनुपमा शाखा यादव इस बार जीती हैं। शाखा पार्टी में नगर अध्यक्ष से लेकर कई महत्वपूर्ण पदों पर रहे। चार बार पार्षद बने और इस बार प|ी अनुपमा जीत कर सदन पहुंचीं। पार्टी के कई नेता और पार्षद चाहते थे कि अनुपमा को एमआईसी में जगह मिले, लेकिन उनकी उपेक्षा की गई।


नगर निगम में एमआईसी गठन के बाद एल्डरमैन को लेकर बुधवार को माहौल गर्म रहा। पार्टी के नई नेताओं ने अपनी अपनी पकड़ का एहसास कराते हुए मंत्री से लेकर विधायक तक संपर्क साधा। पार्टी और महापौर की ओर से जल्द ही एल्डरमैन की प्रस्तावित सूची शासन को भेजी जा सकती है। जिले के जिन लोगों के नाम सामने आ रहे, उसमें दयाराम ढुरवे , निर्मल घई, सतपाल बग्गा, दीपक एक्का, नारायण घोरे, पंकज पटेल, राजेंद्र पांडेय, गोलू जायसवाल प्रमुख है। इसके साथ ही पार्टी के महामंत्रियों को भी एल्डरमैन में जगह दी जा सकती है, जबकि ग्रामीण क्षेत्र से दो लोगों को एल्डरमैन बनाया जाना तय माना जा रहा है।


आदिवासी समाज के रमेश भगत कांग्रेस की टिकट पर चुनाव जीते। महापौर और सभापति बनने के बाद भगत समर्थकों ने उन्हें एमआईसी मेंबर बनाए जाने का प्रस्ताव पार्टी के समक्ष रखा पर उन्हें मौका नहीं मिल सका। जिससे समाज के लोग रुष्ट है। बुधवार शाम कांग्रेस कार्यालय पहुंच कर लोगों ने समाज की उपेक्षा की बात पदाधिकारियों के सामने रखी।

X

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना