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कोरोना दुनिया में:थाइलैंड और नेपाल में भी मिले ओमिक्रॉन के मरीज; पाकिस्तान ने 15 देशों पर लगाया ट्रैवल बैन

6 महीने पहले

कोरोना वायरस के ओमिक्रॉन वैरिएंट ने थाइलैंड, लातविया और नेपाल में भी दस्तक दे दी है। इधर, ओमिक्रॉन के बढ़ते मामलों के देखते हुए पाकिस्तान ने 15 देशों पर ट्रैवाल बैन लगा दिया है। इनमें क्रोएशिया, हंगरी, नीदरलैंड, यूक्रेन, आयरलैंड, स्लोवेनिया, वियतनाम, पोलैंड, दक्षिण अफ्रीका, मोजाम्बिक, लेसोथो, इस्वातिनी, बोत्सवाना, जिम्बाब्वे और नामीबिया शामिल हैं।

नेपाल में 2 लोगों में ओमिक्रॉन का संक्रमण मिला है, जिनमें एक 71 साल का स्थानीय नागरिक और दूसरा 66 साल का विदेशी है। दोनों को आइसोलेशन में रखा गया है और इनकी तबीयत फिलहाल गंभीर नहीं है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि विदेशी नागरिक 19 नवंबर को नेपाल आया था, जिसके संपर्क में आने से नेपाली व्यक्ति संक्रमित हुआ। नेपाल पहुंचते वक्त विदेशी नागरिक के पास RT-PCR निगेटिव रिपोर्ट थी। साथ ही वह फुली वैक्सीनेटेड था।

अपडेट्स...

'आने वाली महामारी कोरोना से भी ज्यादा घातक हो सकती है'

ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका वैक्सीन की क्रिएटर्स मेंबर- सारा गिल्बर्ट
ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका वैक्सीन की क्रिएटर्स मेंबर- सारा गिल्बर्ट

भविष्य की महामारियां कोरोना से भी ज्यादा घातक हो सकती हैं, इसलिए कोरोना काल में सीखे गए सबक को भूलना नहीं चाहिए। ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका वैक्सीन बनाने वाले ग्रुप की एक मेंबर सारा गिल्बर्ट ने यह बात कही है। उन्होंने कहा कि यह आखिरी बार नहीं है जब कोई वायरस हमारे जीवन के लिए खतरा बना है। सच्चाई यह है कि आने वाला समय और भी बदतर हो सकता है। अगली महामारी के अधिक संक्रामक और घातक होने की आशंका है।

ब्राजील में 2 और 4 महीने के दो बच्चों को गलती से कोरोना वैक्सीन लगाई गई
ब्राजील में 2 नवजात बच्चों को गलती से कोरोना वैक्सीन लगाने का मामला सामने आया है। तबीयत बिगड़ने पर इन दोनों को हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। 2 महीने की एक लड़की और 4 महीने के लड़के को फाइजर का टीका लगा दिया गया, जबकि इन्हें डिप्थीरिया, टिटनस, काली खांसी और हेपेटाइटिस बी की वैक्सीन लगनी थी। इन बच्चों को जिस नर्स ने कोरोना वैक्सीन लगाई, उसे सस्पेंड कर दिया गया है। साथ ही इस मामले में जांच के आदेश दिए गए हैं।

दक्षिण अफ्रीका में ओमिक्रॉन के चलते कोरोना की चौथी लहर

दक्षिण अफ्रीका ओमिक्रॉन के चलते कोरोना की चौथी लहर का सामना कर रहा है। यहां ओमिक्रॉन के मामले काफी तेजी से बढ़ रहे हैं। इसे देखते हुए अस्पतालों को ओमिक्रॉन के मरीजों के इलाज के हिसाब से तैयार किया जा रहा है। ओमिक्रॉन का पहला मामला दक्षिण अफ्रीका में ही पिछले महीने रिपोर्ट हुआ था। यहां मिलने वाले नए कोरोना संक्रमितों में ओमिक्रॉन से पीड़ितों की संख्या बढ़ रही है। राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा ने लोगों से बड़ी संख्या में कोरोना वैक्सीन लगाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि इंफेक्शन रेट और अस्पताल में भर्ती होने वालों की संख्या पर नजर रखी जा रही है।

ब्रिटेन में एक दिन में 50% से ज्यादा बढ़ी नए पीड़ितों की संख्या

ब्रिटेन में रविवार को ओमिक्रॉन के 86 नए केस मिले। UK में अब कुल पीड़ितों की संख्या 246 हो गई है। शनिवार तक यहां 160 केस थे, यानी एक दिन में ओमिक्रॉन के मामलों में 50% से ज्यादा की बढ़ोतरी हुई है। बीते दिन UK में कोविड-19 के 43,992 नए केस मिले। यहां अब तक 1.04 करोड़ लोग संक्रमित हो चुके हैं।

डेल्टा और बीटा की तुलना में ओमिक्रॉन से रीइंफेक्शन होने का खतरा ज्यादा
सिंगापुर के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया है कि कोरोना वायरस का ओमिक्रॉन वैरिएंट डेल्टा और बीटा की तुलना में और भी ज्यादा संक्रामक हो सकता है। साथ ही ओमिक्रॉन से रीइंफेक्शन होने का खतरा भी अधिक है। दुनिया भर में ओमिक्रॉन को लेकर अब तक हुई स्टडी से यह बात पता चली है। मंत्रालय ने बताया है कि जो लोग कोविड-19 से रिकवर हो चुके हैं, वो फिर से संक्रमित हो सकते हैं। मालूम हो कि ओमिक्रॉन सिंगापुर में भी दस्तक दे चुका है। रविवार को यहां एक और ओमिक्रॉन संक्रमित मिला।

ओमिक्रॉन ने US में टीके की मांग बढ़ाई, वेटिंग टाइम बढ़ा

अमेरिका के 16 राज्यों में कोरोना का नया वैरिएंट ओमिक्रॉन पांव पसार चुका है। संक्रमण के बढ़ते खतरे के मद्देनजर अमेरिका में वैक्सीन की पहली डोज और बूस्टर डोज लगवाने वालों की संख्या में लगभग 66% की वृद्धि दर्ज की गई है। अमेरिका के CDC (सेंटर्स फॉर डिजीस कंट्रोल) के अनुसार बीते एक महीने में प्रति दिन करीब 9 लाख वैक्सीन की डिमांड की तुलना में वर्तमान में रोज लगभग 15 लाख वैक्सीन की डिमांड आ रही है। पूरी खबर यहां पढ़ें...

अमेरिका के 15 राज्यों में ओमिक्रॉन की दस्तक
अमेरिका के 15 राज्यों में अब तक ओमिक्रॉन के मामले सामने आए हैं। इनमें कैलिफोर्निया, कोलोराडो, कनेक्टिकट, हवाई, मैरीलैंड, मैसाचुसेट्स, मिनेसोटा, मिसोरी, नेब्रास्का, न्यू जर्सी, न्यूयॉर्क, पेंसिल्वेनिया, यूटा, वॉशिंगटन और विस्कॉन्सिन शामिल हैं। US सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन के चीफ ने बताया कि अभी भी US में डेल्टा वैरिएंट से संक्रमितों की संख्या ही ज्यादा है। उन्होंने कहा कि ओमिक्रॉन के मामले बढ़ रहे हैं, जिन पर नजर रखी जा रही है। हर दिन यह सुनने में आ रहा है कि संदिग्ध ओमिक्रॉन केस मिले हैं।

सेनेगल में मिला ओमिक्रॉन का पहला केस

वेस्ट अफ्रीका के देश सेनेगल में ओमिक्रॉन का पहला केस मिला है। देश के इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ रिसर्च ने रविवार को इसकी जानकारी दी। बताया गया है कि जीनोमिक लैब की मदद से 3 दिसंबर को इस मामले की पहचान की गई। संस्थान के मुताबिक एक यात्री के देश छोड़कर जाने के दौरान इस मामले का पता चला था। उसे ओमिक्रॉन का संक्रमण कैसे हुआ, इसका पता नहीं चल पाया है। देश के स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, सेनेगल में कोरोना के कुल 74,024 मामले मिल चुके हैं। इनमें 1,886 की मौत हो गई। दक्षिण अफ्रीका में मिले ओमिक्रॉन वैरिएंट का यह पहला मामला है।

सबसे ज्यादा ओमिक्रॉन केस साउथ अफ्रीका में
कोरोना के ओमिक्रॉन वैरिएंट से सबसे ज्यादा प्रभावित साउथ अफ्रीका में हैं, लेकिन वहां संक्रमितों को अस्पताल जाने की जरूरत नहीं पड़ रही है। राष्ट्रपति सिरिल रामाफोसा ने बताया है कि अफ्रीका के अस्पतालों में भर्ती होने वाले मरीजों की संख्या में बढ़ोतरी नहीं हो रही है। रामाफोसा इन दिनों घाना की यात्रा पर हैं। उन्होंने ही ओमिक्रॉन वैरिएंट का पता लगाने के बाद दक्षिण अफ्रीका और कई अन्य अफ्रीकी राज्यों में ट्रैवल बैन लगाए थे।

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